बलौदा बाजार
छुट्टियां मनाने रेस्ट हाउस की बंपर बुकिंग
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बलौदाबाजार, 24 दिसंबर। वन्य पशुओं और पक्षियों के बीच शीतकालीन क्रिसमस और नए साल की खुशियां मनाने लोगों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। 294 वर्ग किलोमीटर में फैले बार नयापारा अभ्यारण में सांभर, चीतल, गौर, तेंदुए समेत वन्य पशु पक्षियों की भरमार है। असनींद, नवागांव, देवपुर जैसे वनग्रामों में ब्रिटिशकालीन रेस्ट हाउस, पर्यटक ग्राम और रिसॉर्ट भी सैलानियों में खासे आकर्षण का केंद्र है। बंपर बुकिंग आने के कई खास दिनों पर बुकिंग भी नहीं मिल रही है।
जिले का गौरव बारनवापारा अभ्यारण 1 नवंबर से सैलानियों के लिए खुल गया है। वन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक हर साल औसतन तीन से चार हजार पर्यटक अभ्यारण पहुंचते हैं। अभ्यारण जून से बंद रखा गया था।
एक नवंबर से इसके सभी वन क्षेत्रों के गेट फिर से खोल दिए गए हैं। अपने खूबसूरत इलाकों विविध पशु पक्षियों की प्रजातियां सहित झरनों की वजह से बीते 3 से 4 सालों में सैलानियों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है। पर्यावरण प्रेमियों की माने तो जिले में पर्याटन को बढ़ावा देने व समुचित ध्यान लगाकर विकास कार्य किया जाए तो देसी विदेशी पर्यटकों की आमद बढ़ सकती है। 243 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में पहले अभ्यारण में हिरण, सांभर, चीतल, गौर, तेंदुआ, भालू, सोन कुत्ता के अलावा बड़ी संख्या में मोर, पक्षियों और सरीसांपों की दर्जन भर से अधिक प्रजातियां है।
800 से लेकर 6000 रु. तक बुकिंग
यहां के रेस्ट हाउस में आप ऑनलाइन बुकिंग के जरिए कमरा ले सकते है। बलौदाबाजार वन मंडलाधिकारी दफ्तर में भी बुकिंग कर सकते हैं। यहां रुकने के लिए आपको 800 से 6000 रु. तक के रूम में रिजॉर्ट जंगल अंदर घूमने के लिए गाइड के साथ जिप्सी की व्यवस्था भी मिल जाएगी। अभ्यारण की ऊंची पहाडिय़ों और शांत झरने पर्यटकों में काफी लोकप्रिय है।
समूह में उछलते चीतल-भालू आकर्षण का केंद्र
अभ्यारण में पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र समूह में उछलते चीतल गौर है। भालू भी आसानी से नजर आ जाते हैं। वहीं अभ्यारण में पर्याप्त तेंदुए भी है जिन्हें देखने सीजन में बड़ी संख्या में सैलानी पहुंचते हैं। जिला निर्माण के बाद अभ्यारण में हर साल पहुंचने वाले सैलानियों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है। इस सीजन में 1 नवंबर से अभ्यारण के फिर से खोलने के बाद इस बार सैलानियों की संख्या पिछले सालों की तुलना में अधिक होने संभावना है।
एैसे पहुंच सकते हैं बार
राजधानी रायपुर से करीब 90 किलोमीटर बिलासपुर से 115 किलोमीटर महासमुंद से 55 किलोमीटर बलौदा बाजार से 57.58 किलोमीटर और कसडोल से 40 किलोमीटर दूर पर बारनवापारा अभ्यारण है। कई शहरों से सडक़ मार्ग द्वारा आसानी से बारनवापारा पहुंचा जा सकता है। पर्यटक बस कर टैक्सी या बाइक से यहां तक आसानी से पहुंच जाते हैं। रायपुर से बारनवापारा की सडक़ की स्थिति अच्छी है। महासमुंद रेलवे स्टेशन करीब 60 किलोमीटर दूरी पर है। अभ्यारण के आसपास कई ऐसे जगह हैं जहां पिकनिक या घूमने का प्लान बनाया जा सकता है। इनमें देवहिल्स, नारायणपुर, तुरतुरिया, छाता पहाड़, सिद्धकोल वॉटरफॉल, देव वाटरफॉल, तेलई वॉटरफॉल, मातागढ़, कुरुपाठ, सिरपुर और शिवरीनारायण आदि प्रमुख हंै।


