बलौदा बाजार
सरपंच और ग्रामीणों ने की शिकायत
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बलौदाबाजार, 5 दिसंबर। कसडोल जनपद अध्यक्ष पर 15वें वित्त आयोग में घोटाला किए जाने का आरोप लगा है। कथित घोटाले के आरोपों पर जनपद अध्यक्ष सिद्धांत मिश्रा ने कहा कि सारे आरोप राजनीति से प्रेरित हैं। जांच के दौरान दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। वहीं जिला पंचायत सीईओ दिव्या अग्रवाल ने कहा कि शिकायत की जांच के लिए तीन सदस्यीय जांच दल गठित कर दिया गया है। जांच टीम अपनी जांच पूरी होने के बाद रिपोर्ट देगी, तब सब कुछ साफ हो जाएगा।
जिला पंचायत सीईओ दिव्या अग्रवाल के पास सरपंच और ग्रामीणों ने आकर शिकायत दर्ज कराई है। कसडोल जनपद पंचायत से आए सरपंच और ग्रामीणों का आरोप था कि 15वें वित्त आयोग में भारी गड़बड़ी की गई है। शिकायत करने वालों ने कहा कि वीडियो भी पैसे के लेन देन का सामने आया है। सरपंच और गांववालों की शिकायत पर जिला पंचायत सीईओ ने जांच के आदेश दे दिए हैं।
कथित भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरे जनपद अध्यक्ष सिद्धांत मिश्रा का कहना है कि उनको जान बूझकर ट्रैप किया जा रहा है। पूरा मामला राजनीति से प्रेरित है, जो वीडियो उनके खिलाफ पेश किया गया है वो एडिटेड है। वीडियो का अगला और पिछला हिस्सा नहीं दिखाया गया है। जनपद अध्यक्ष ने कहा कि वीडियो जैसे ही पूरा सामने आएगा दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।
ग्राम पंचायत सिनोधा की सरपंच सपना मांझी का आरोप है कि 15वें वित्त आयोग के तहत जनपद अध्यक्ष ने विकास कार्यों के बदले रकम लेने का दबाव डाला, बाद में जब विकास का काम नहीं हुआ तो सरपंच ने पैसे वापस मांगे। सिनोधा की सरपंच का आरोप है कि जनपद अध्यक्ष ने पैसे लौटाने से इंकार कर दिया, उलटे जांच समिति का गठन कर दिया। जब मैंने पैसे वापस मांगे तब जनपद अध्यक्ष ने मुझे धमकाते हुए कहा कि कहीं भी शिकायत कर लो मुझे कोई फर्क नहीं पड़तामैं पैसे वापस नहीं करूंगा।
कथित आरोपों पर सिद्धांत मिश्रा ने कहा कि मैं इस बात से इंकार नहीं कर रहा हूं कि वीडियो मेरे चेंबर का है। वीडियो अधूरा है। वीडियो में मैं कहीं भी दिखाई नहीं दे रहा हूं। वीडियो में जो पैसे गिनते दिखाया जा रहा है वो सरपंच भरत दास मानिकपुरी द्वारा गिना जा रहा है। ये पैसा न तो रिश्वत का है न किसी से लिया कमीशन। साजिश के तहत मुझे फंसाने की कोशिश है।
दिव्या अग्रवाल, जिला पंचायत सीईओ का कहना है कि सरपंच और ग्रामीणों ने यहां आकर शिकायत दर्ज कराई है। तीन सदस्यीय जांच टीम गठित की गई है, 15वें वित्त सेसबंधित ये शिकायत है।
सिद्धांत मिश्रा, जनपद अध्यक्ष का कहना है कि पूरा मामला राजनीति से प्रेरित है। शिकायतकर्ता ने पूरा वीडियो जारी नहीं किया है। वीडियो का पहला और पिछला हिस्सा गायब कर दिया गया है। पूरा वीडियो सामने आ जाएगा तो दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा।


