राष्ट्रीय

Previous123Next
Date : 22-Sep-2019

चितलीन सेठी 
चंडीगढ़, 22 सितंबर ।
ह्यूस्टन की एक अदालत ने नरेंद्र मोदी और अमित शाह को समन भेजा है। अदालत में दोनों नेताओं पर 5 अगस्त को जम्मू-कश्मीर को केंद्र शासित प्रदेश बनाने को लेकर मुकदमा किया गया है।
नरेंद्र मोदी की ह्यूस्टन यात्रा से कुछ दिन पहले ही अमेरिका की एक अदालत ने उन्हें समन भेजा है। उन्हें यह समन जम्मू-कश्मीर को दो हिस्सों में बांटने और घाटी में मानवाधिकार उल्लंघन के मामले में भेजा गया है।
ह्यूस्टन क्रोनिकल के अनुसार अमेरिका में रहने वाले दो कश्मीरी लोगों ने कोर्ट में यह मुकदमा दायर किया है। यह दोनों कश्मीर खालिस्तान रेफरेंडम फ्रंट से जुड़े हुए हैं।
रिपोर्ट के अनुसार 73 पन्नों के मुकदमें में मोदी, अमित शाह और लेफ्टिनेंट जनरल कंवलजीत सिंह पर आरोप लगाया गया है। आरोप यह है कि ये लोग घाटी में हो रही मौतों, न्यायिक हत्याओं, मानवाधिकार उल्लंघन के लिए जिम्मेदार हैं।
रिपोर्ट के अनुसार टॉर्चर प्रोटेक्शन एक्ट 1991 के तहत मानवाधिकार उल्लंघन के मामले में भारत के राष्ट्राध्यक्ष पर मामला दर्ज किया गया है। इस नियम के तहत विदेशी धरती पर मुकदमा दर्ज किया जा सकता है।
इंटेलीजेंस एजेंसी के मुताबिक इस मुकदमे के पीछे सिख फॉर जस्टिस (एसएफजे) के गुरपतवंत सिंह पन्नुन को माना जा रहा है।
इंटेलिजेंस अफसर के मुताबिक पन्नुन ने सिखों के बीच अपनी विश्वसनीयता को खो दिया है। कश्मीर मुद्दे के सहारे वो फिर से विश्वास हासिल करने में लगा हुआ है। पन्नुन कश्मीर और खालिस्तान को एक करने के पक्ष में हैं। उसका मकसद है कि सिखों और कश्मीरियों के मन में अलगाव की भावना जगाना।
भारत ने इस संगठन पर प्रतिबंध लगाया हुआ है। इस संगठन की मांग है कि 2020 तक सिखों के लिए एक अलग राज्य खालिस्तान बने। इसके लिए यह लोग अमेरिका की धरती से अपनी मांगों को उठाते आ रहे हैं।
समन के पीछे पन्नुन का हाथ है यह इस बात से पता चलता है कि उसने ह्यूस्टन कोर्ट के बाहर प्रेस से बात की थी। एक वीडियो संदेश में पन्नुन ने कहा था कि भारत में रहना वाला हर आदमी मानवाधिकार का उल्लंघन करता है चाहे वह प्रधानमंत्री ही क्यों न हो।
यह पहली बार नहीं है कि एसएफजे ने किसी भारतीय नेता के अमेरिकी दौरे से पहले मुश्किलें खड़ी की हों। वर्ष 2015 में इस संगठन ने कनाडा के अटार्नी जनरल से आग्रह किया था कि उन पर 2002 में हुए सिख दंगों के आधार पर मुकदमा चलाया जाए। उस समय मोदी कनाडा की यात्रा पर थे।
उसी साल इस संगठन ने 1984 के दंगों को लेकर सुपरस्टार अमिताभ बच्चन को भी कोर्ट से समन भिजवाया था।
2013 में इस संगठन ने तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को उनकी यात्रा से पहले समन भिजवाया था। संगठन ने आरोप लगाया था कि सिंह ने पंजाब में जब आतंकी संगठ चरम पर थे इस दौरान मानवाधिकार का उल्लंघन किया गया था। इस संगठन ने कुछ महीने के बाद सोनिया गांधी को भी समन भिजवाया गया था।
2016 में अमरिंदर सिंह पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष थे। उस समय उन्हें कनाडा में एक रैली को संबोधित करना था। लेकिन एसएफजे ने कनाडा सरकार को शिकायत की थी कि उनकी यात्रा ग्लोबल अफेयर्स कनाडा पॉलिसी के खिलाफ है। इसके बाद अमरिंदर सिंह ने अपनी यात्रा रद्द कर दी थी।
एसएफजे ने अमरिंदर सिंह पर मानहानि का मुकदमा दर्ज किया था। मुकदमा दर्ज करने के पीछे एक बयान का हवाला दिया गया था जिसमें सिंह ने कहा था कि यह संगठन पाकिस्तान के आईएसआई के हाथों में खेलता है।
2012 में तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के अमेरिकी यात्रा के दौरान भी इस संगठन ने उन्हें समन भिजवाया था। जिसमें मानवाधिकार उल्लंधन का आरोप लगाया गया था। पंजाब सरकार ने इस मुकदमे को लगातार एक साल तक लड़ा था। अमेरिकी कोर्ट ने इस मामले को खारिज कर दिया था।
शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने कहा, 'इस संगठन का यह पुराना काम है जिसमें वो भारतीय नेताओं को समन भिजवाता है।Ó
क्या है एसएफजे
एसएफजे को 2007 में बनाया गया था। चंडीगढ़ स्थित पंजाब विश्वविद्यालय से लॉ ग्रेजुएट पन्नुन को इस संगठन के पीछे माना जाता है। वह एसएफजे के कानूनी सलाहकार भी है। पन्नुन पर भारत में कई मुकदमें दायर हैं जिसमें राजद्रोह का मामला भी है। पन्नुन एक अलग खालिस्तान की मांग कर रहा है।
लेकिन पन्नुन का मानना है कि उसकी मांगे शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक हैं। पंजाब पुलिस के एक अधिकारी के मुताबिक पन्नुम 4 फरवरी को हुए पुलवामा हमले के बाद कश्मीरी आतंकियों का साथ दे रहा है। अधिकारी ने कहा पन्नुन ने पंजाबी गैंगस्टरों को सिख अलगाववादी संगठन में सामिल होने की अपील की है।
भाजपा के एक वरिष्ठ नेता विनीत जोशी ने कहा, 'एसएफजे सिख समुदाय के लोगों को गुमराह कर रहा है। पन्नुन धर्म के सहारे पैसे जुटा रहा है। विनीत जोशी की शिकायत पर ही दो साल पहले पन्नुन पर मामला दर्ज हुआ था। उसका संगठन हमेशा से ही विफल रहा है और इससे जुड़े लोग भी अब हकीकत को जानने लगे हैं। (दिप्रिंट)


Date : 22-Sep-2019

कोलकाता, 22 सितंबर । केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो ने यादवपुर विश्वविद्यालय में धक्का-मुक्की के दौरान कथित रूप से उनके बाल खींचने वाले छात्र की मां को शनिवार को आश्वस्त किया कि वह उनके बेटे के करियर को नुकसान नहीं पहुंचाएंगे। छात्र देबनजन बल्लव की बीमार मां रूपाली ने सुप्रियो से हाथ जोड़कर अपने बेटे को माफ करने का अनुरोध किया है, क्योंकि पुलिस के हवाले करने से उनके बेटे का करियर बर्बाद हो जाएगा। सुप्रियो ने शनिवार को ट्विटर पर कहा, प्रिय चाची, चिंता मत करो। मैं ऐसी कोई कार्रवाई नहीं करूंगा जिससे आपके बेटे के करियर को नुकसान पहुंचे।
उन्होंने अपने ट्वीट के साथ महिला के अनुरोध करने वाली खबर की कतरन भी लगाई हुई है। यह महिला बद्र्धमान शहर में रहती हैं। सुप्रियो ने कहा, मैं चाहता हूं कि वह अपनी गलती से सबक सीखे। मैंने कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं कराई है और न किसी को यह करने दूंगा। जल्दी ठीक हो जाओ। अखबार की कतरन में रूपाली बल्लव का फोटो है जिसमें उनकी आंखों में आंसू हैं।
एक वीडियो में उनका बेटा देबनजन विश्वविद्यालय में मंत्री से बहस करता हुआ और उनके बाल खींचता हुआ दिख रहा है। देबनजन संस्कृत कॉलेज का छात्र है न कि यादवपुर विश्वविद्यालय का। उसने कहा, मैं एनआरसी कवायद को लेकर मंत्री को अपनी चिंता से अवगत कराना चाहता था। यह कवायद करोड़ों लोगों को बेघर कर देगी, लेकिन मंत्री गुस्सा हो गए। सुप्रियो एबीवीपी के कार्यक्रम में शिरकत करने के लिए विश्वविद्यालय गए थे।
कला संकाय छात्र संघ (एएफएसयू) के महासचिव देबराज देबनाथ ने कहा कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है कि देबनजन बल्लव नाम के किसी शख्स ने बृहस्पतिवार को हुए प्रदर्शन में हिस्सा लिया था। उन्होंने पीटीआई-भाषा से कहा, भाजपा नेता बाबुल सुप्रियो के परिसर में आने के खिलाफ बृहस्पतिवार को हुए प्रदर्शन में मुख्यत: यादवपुर विश्वविद्यालय के छात्रों ने हिस्सा लिया था। (एजेंसी) 


Date : 22-Sep-2019

नई दिल्ली, 22 सितंबर । पाकिस्तान के रावलपिंडी से एक हैरान करने वाली खबर सामने आई हैं। यहां  की एक मस्जिद में काम करने वाले मौलवी ने एक बच्ची के साथ दुष्कर्म किया है। पुलिस के अनुसार बच्ची मदरसे में ही पढ़ती थी। पुलिस ने घटना की जानकारी मिलने के तुरंत बाद ही आरोपी मौलवी को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल मौलवी का डीएनए टेस्ट कराया जा रहा है ताकि यह पक्के तौर साबित किया जा सके कि आरोपी ने बच्ची के साथ रेप किया है। 
गौरतलब है कि इस तरह की यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में 8 साल की एक बच्ची से रेप के बाद उसे जिंदा जला दिया गया था। इस घटना के बाद प्रांत में प्रदर्शन शुरू हो गए। लाहौर से करीब 200 किलोमीटर दूर साहीवाल जिले के चिचावतनी में इस नृशंस घटना के विरोध में बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आये और उन्होंने मुख्य जीटी रोड घंटों तक जाम कर दिया था। जब पुलिस ने उन्हें आश्वासन दिया कि उसने एक संदिग्ध को गिरफ्तार किया है तब प्रदर्शनकारी वहां से हट गए थे।
पुलिस के अनुसार चिचावतनी के सरकारी बालिका उच्च विद्यालय की कक्षा दूसरी की छात्रा रविवार को कुछ सामान खरीदने गयी थी, लेकिन वह घर नहीं लौटी। जब उसके परिवार और पड़ोसियों ने ढूंढ़ा तो वह एक सुनसान गली में बेहोश और जली हुई हालत में मिली। उसके पूरे शरीर पर जलने के निशान थे। उसे तहसील मुख्यालय अस्पताल ले जाया गया जहां से लाहौर के जिन्ना अस्पताल रेफर कर दिया गया। (एनडीटीवी)


Date : 22-Sep-2019

नवी मुंबई, 22 सितंबर। महाराष्ट्र के वन विभाग ने 31 बंदरों और 14 कबूतरों की मौत के मामले में इसरो के 5 इंजीनियरों समेत 10 लोगों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया है। बताया जा रहा है कि रसायानी स्थित हिंदुस्तान ऑर्गेनिक केमिकल्स लिमिटेड के प्लांट से नाइट्रिक ऐसिड के लीक हो जाने के बाद इन बंदरों और कबूतरों की मौत हो गई थी। 
इन सभी 10 लोगों पर बंदरों और कबूतरों को दफनाने के प्रयास करने का भी आरोप है। इसरो के स्वामित्व वाले इस प्लांट में 13 दिसंबर 2018 को ऐसिड लीक हुआ था। सहायक वन संरक्षण आयुक्त नंदकिशोर कुप्ते ने बताया कि दो खुदाई करने वाले और दो मजदूरों के खिलाफ भी चार्जशीट दाखिल किया गया है। 
कुप्ते ने कहा कि पनवेल के न्यायिक मैजिस्ट्रेट की कोर्ट में 21 जून को 108 पेज की चार्जशीट दाखिल की गई थी लेकिन कोर्ट की सुनवाई अभी तक शुरू नहीं हो पाई थी। इस बीच कंपनी के चेयरमैन और एमडी एसबी भिडे ने कहा है कि उनका विभाग इस मामले को देख रहा है और उचित कदम उठाया जाएगा। हम केस लड़ेंगे। 
वन्य जीव कानून 1972 की धारा 39, 52 और 58 के तहत इन सभी 10 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इसरो के इंजीनियरों में राजेंद्र सुर्ते, गौतम मराठे, संजय दीक्षित, अनिल शिगवान और तुलसीदार माली शामिल हैं। (टाईम्स न्यूज)


Date : 22-Sep-2019

नई दिल्ली, 22 सितंबर । दिल्ली में एक महिला की बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। मामला दिल्ली के महरौली इलाके का है। यहां एक मकान मालिक ने अपने परिवार के साथ मिलकर महिला किराएदार को इतना पीटा कि उसकी मौत हो गई। पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्जकर पांच आरोपियों को हिरासत में लिया है। मृतक महिला का नाम मंजू गोयल है।
44 साल की मंजू का दिल्ली के मशहूर जिंदल कैटरर्स परिवार से थी। जिंदल कैटरर्स के मालिक मंजू के भाई हैं। अपने भाइयों का फ्लैट होने के बावजूद मंजू किराए के घर में रहती थीं क्योंकि उनके लिए अपने आत्मसम्मान से बढ़कर कुछ नहीं था। अपनी बहन की माली हालत ठीक नहीं होने के कारण मंजू के भाइयों ने कई बार उनकी मदद करनी चाही लेकिन मंजू ने कभी मदद नहीं ली। वह दूसरों के घरों में जाकर खाना बनाकर अपना गुजारा करती थीं। मंजू को मकान मालिक ने चोरी के इल्जाम में बड़ी ही बेरहमी से पीटा।
महरौली में मंजू का प्राथमिक उपचार हुआ लेकिन अंदरूनी चोट बहुत गंभीर थी जिसकी वजह से शाम होते-होते उनकी मौत हो गई। मामले की जानकारी मिलने के बाद भाइयों ने महरौली थाने में पूरी घटना की शिकायत की। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 302 का मुकदमा दर्ज किया। मकान मालिक का नाम सतीश पावा है। मामले में मकान मालिक समेत उसकी पत्नी सरोज, बेटा पंकज, बहू दीपिका और नौकरानी कमलेश को हिरासत में लिया है। मंजू के शव को पोस्टमार्टम के लिए एम्स के ट्रामा सेंटर भेजा गया है। (आजतक)


Date : 22-Sep-2019

महाराजगंज, 22 सितंबर । महराजगंज शहर के फरेंदा रोड इलाके में प्रेमिका की चौखट पर एक प्रेमी के दम तोड़ देने का मामला सामने आया है। शनिवार की शाम को प्रेमिका की चौखट पर 23 वर्षीय प्रेमी ने तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया। इस घटना में लड़की का पिता भी झुलस गया है।
लड़की के झुलसे पिता को उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बताया जाता है कि मृतक किशन आर्या चौक क्षेत्र के बसंतपुर गांव का रहने वाला था। वह शहर में एक कपड़े की दुकान पर काम करता था।
जानकारी के अनुसार किशन शनिवार की शाम को लड़की के घर पहुंचा। उसके घर में ही वह आग का गोला बन गया। प्रेमिका के घर के बाहर उसका शव पड़ा था।
मृतक के परिजनों ने लड़की के घरवालों पर जला कर मार डालने का आरोप लगाया है। वहीं लड़की के परिजनों का कहना है कि वह खुद बाहर से ही अपने शरीर में आग लगाकर आया था। पुलिस मामले की तहकीकात कर रही है।
बसंतपुर गांव निवासी किशन आर्या दो भाइयों में सबसे बड़ा था। उसकी एक बहन भी है। दो साल पहले वह इस लड़की को लेकर चला गया था लेकिन तब वह नाबालिग थी। लड़की के पिता की तहरीर पर कोतवाली में केस दर्ज हुआ था, जिसमें उसे जेल भेज दिया गया था। जेल से बाहर आने के बाद फिर दोनों साथ चले गए थे। 
एएसपी ने बताया कि दोनों साथ रह रहे थे। 11 दिन पहले दोनों के बीच किसी बात पर विवाद हो गया था। इसके बाद लड़की अपने घर आ गई थी। एएसपी के मुताबिक लड़के के परिजनों का आरोप है कि लड़की के घरवालों ने उसे आग लगा दी। वहीं लड़की के घरवाले कह रहे हैं कि वह खुद पेट्रोल लेकर आया था। शरीर पर पेट्रोल छिड़क कर लाइटर से खुद को आग के हवाले कर दिया।
घटना के बाद लड़की ने लड़के को पहचानने से ही इनकार कर दिया। उसका कहना था कि पता नहीं कौन लड़का है। शरीर पर आग लगाकर घर के अंदर घुसा। उसको बचाने के चक्कर में पिताजी भी झुलस गए।
प्रेमी किशन सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव रहता था। उसने सोशल साइटों पर लड़की के साथ खुद की कई फोटो अपलोड की थीं। कई फोटो में लड़की की मांग में सिंदूर भी नजर आ रहा है। (आजतक)


Date : 22-Sep-2019

राजस्थान, 22 सितंबर । अर्जुन पुरस्कार विजेता रेसर गौरव गिल की कार शनिवार को राष्ट्रीय रैली चैंपियनशिप के दौरान ट्रैक पर आयी एक मोटरसाइकिल से टकरा गई, जिससे एक बच्चे समेत तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसा राजस्थान के बाड़मेर में होतरड़ा गांव के पास बने रेसिंग ट्रैक पर हुआ।
राजस्थान के प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, दुर्घटना एफएमएससीआई इंडियन रैली चैंपियनशिप के दौरान हुई। रेसिंग प्रतियोगिता में शामिल एक कार ने होतरड़ा गांव के पास ट्रैक पर सामने से आ रही बाइक को टक्कर मार दी जो प्रतिबंधित क्षेत्र में घुस गई थी। तहसीलदार राकेश जैन ने बताया कि हादसे में नरेंद्र, उनकी पत्नी पुष्पा व उनके बेटे जितेंद्र की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे में कार रेसर गौरव गिल भी घायल हो गए हैं, उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। गौरव गिल को हाल ही में अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।
आईएनआरसी के प्रमोटर वाम्सी मेरला ने बताया, 'स्टेज एक में गौरव गिल की कार सबसे आगे थी। वह लगभग 145 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही थी। वह एक तीखे मोड़ पर मुड़ते ही मोटरसाइकिल से टकरा गई। गौरव ने ब्रेक लगाकर कार रोकने की कोशिश की लेकिन रफ्तार के कारण वह कुछ नहीं कर सके।Ó रैली के स्थानीय आयोजक अरविंद बालन ने कहा, 'रैली में शामिल एक कार द्वारा मोटरसाइकिल पर सवार तीन लोगों को टक्कर मारे जाने की दुखद घटना के बाद आईएनआरसी इंडियन रैली चैंपियनशिप के तीसरे दौर को रद्द कर दिया गया है। मोटरसाइकिल गलती से प्रतिबंधित क्षेत्र में घुस गई थी। कार काफी तेज रफ्तार में थी और चालक तीखे मोड़ के कारण मोटरसाइकिल को देख भी नहीं सका (सत्याग्रह ब्यूरो)


Date : 22-Sep-2019

गिरिडीह 21 सितंबर। झारखंड में गिरिडीह की बच्चों को लैंगिक अपराध से संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम की विशेष अदालत ने चार साल की बच्ची के साथ सामूहिक दुष्कर्म करने के बाद उसकी हत्या के मामले में आज एक दोषी को फांसी तो एक अन्य को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
विशेष न्यायाधीश रामबाबू गुप्ता की अदालत ने इस मामले में दोषी रामचन्द्र ठाकुर को फांसी वहीं उसके पिता मधु ठाकुर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोनों दोषियों को वीडियो कॉन्फ्रेंङ्क्षसग के माध्यम से सजा सुनाई। हालांकि दुष्कर्म के मुख्य आरोपी की फांसी की तिथि निर्धारित नहीं की गई है।
आरोप के अनुसार, इस सिलसिले में पीडि़ता के पिता ने संबंधित थाने में एक प्राथमिकी दर्ज कराई थी, जिसमें कहा गया कि उनकी तीन बेटियां 26 मार्च 2019 की शाम को किसी काम से नजदीक के बाजार गयी थीं। लौटने के क्रम में दोषी रामचंद्र ने चार वर्षीय बच्ची को अपने पास रख लिया और कहा कि वह उसे पहुंचा देगा। काफी देर होने के बाद जब बच्ची घर नहीं आई तो परिजन ने इसकी शिकायत दर्ज कराई। बाद में पुलिस ने रामचंद्र और फिर उसके पिता मधु ठाकुर को गिरफ्तार कर लिया था। (वार्ता)


Date : 22-Sep-2019

मुंगेर, 22 सितंबर । मुंगेर पुलिस ने घटना के 24 घंटे के दौरान ही हाई प्रोफाइल डबल मर्डर केस का खुलासा कर लिया है। मर्डर और सुसाइड के बीच फंसा यह मामला शाम होते-होते दोहरे हत्याकांड पर जाकर समाप्त हुआ। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने जो खुलासा किया वह काफी चौंकाने वाला है, क्योंकि पहले पुलिस इस मामले को प्यार में असफल होने पर की गई आत्महत्या की घटना बता रही थी। बता दें कि रिया आरजेडी विधायक की भतीजी थी, जबकि आशिफ मुंगेर का ही रहने वाला था।
दरअसल, मुंगेर में हुई इस घटना में रिया और उसके ब्वॉयफ्रेंड आशिफ की उसके ही दोस्तों ने हत्या कर दी थी। रेंज के डीआईजी मनु महाराज ने बताया कि रिया से रेप करने में विफल रहने पर आशिफ के दोस्तों ने ही दोहरे हत्याकांड को अंजाम दिया। घटना के बाद डीआईजी मनु महाराज, एसपी गौरव मंगला और एसएफएल की टीम घटनास्थल का घंटों मुआयना किया था। गोली मारने के तरीके से शक की सूई सुसाइड से मर्डर की ओर घूमने लगी थी। हत्याकांड के आरोपी दानिश से पूछताछ होने लगी तो वह टूट गया और डबल मर्डर को अंजाम देने की बात स्वीकार कर ली।
इससे पहले आशिफ का दोस्त दानिश शनिवार को पूरे दिन पुलिस को बरगलता रहा, लेकिन डीआईजी द्वारा कड़ाई से की गई पूछताछ में उसने हत्या के कारणों का खुलासा किया। दानिश ने बताया कि रिया से आशिफ प्यार करता था। तीन-चार दिन पहले आशिफ ने उससे एक पिस्टल दिलाने की बात कही थी। बकौल दानिश, रिया पिस्तौल चलाना सीखना चाहती थी। वह उसकी बातों में आ गया और उसे गोली और पिस्तौल उपलब्ध करा दिया।
घटना की रात आशिफ के साथ वह और दो अन्य युवक भी थे। दानिश ने बताया कि हथियार उपलब्ध कराने के बहाने अपने मित्र आशिफ और उसकी प्रेमिका रिया को बुलाया, जिसके बाद वह और उसके साथियों ने रिया के साथ बलात्कार का प्रयास किया। आशिफ ने इसका विरोध किया तो दानिश और दो अन्य युवकों ने मिलकर आशिफ और रिया की गोली मार कर हत्या कर दी। मालूम हो कि शुक्रवार की सुबह प्रेमी युगल का शव मुंगेर पुलिस ने बरामद किया था।
इस दोहरे हत्याकांड में मारी गई मृतका रिया मुंगेर के राजद विधायक विजय कुमार विजय की भतीजी थी, जबकि आशिफ मुंगेर शहर का ही रहने वाला था। दोनों पिछले तीन साल से एक दूसरे के संपर्क में थे और दोनों के बीच प्रेम संबंध था। (न्यूज18)


Date : 22-Sep-2019

कौशांबी, 22 सितंबर । उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले के अकिल थाना क्षेत्र में रविवार को एक दलित नाबालिग लड़की के साथ गैंगरेप की घटना सामने आई है। बताया जा रहा है कि लड़की खेत में घास काटने गई थी, इसी दौरान खास समुदाय के तीन युवकों ने उसके साथ गैंगरेप किया। मदद की गुहार लगाने पर भी आरोपी युवक अपनी हरकतों से बाज नहीं आए और पूरे घटनाक्रम का वीडियो बना लिया।
लड़की की चीख सुनकर खेतों में काम कर रहे लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन दो युवक भाग निकले। एक युवक को ग्रामीणों ने पकड़ कर लिया और उसकी जमकर पिटाई कर डाली। इस मामले में पीडि़ता के पिता की तहरीर पर तीन युवकों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया गया है। पीडि़त लड़की को मेडिकल टेस्ट के लिए भेजा जा रहा है। घटना के बाद पुलिस के रवैये से नाराज ग्रामीणों ने थाने का घेराव किया। मामले की सूचना मिलने पर एसपी को कई थानों की फोर्स के साथ सराय अकिल पहुंचना पड़ा।
जानकारी के मुताबिक, सराय अकिल थाना इलाके की एक 15 साल की दलित लड़की खेतों में घास काटने के लिए गई थी। वहीं पर पड़ोस के गांव में रहने वाले वर्ग विशेष के तीन युवक जा पहुंचे और किशोरी को दबोच कर उसके साथ गैंगरेप किया। गैंगरेप के दौरान युवकों ने वीडियो भी बना डाला। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। फरार आरोपी युवकों की तलाश में पुलिस की टीम छापेमारी कर रही है। (न्यूज18)


Date : 22-Sep-2019

जम्मू-कश्मीर, 22 सितंबर । जम्मू-कश्मीर में आर्टिकल 370 हटाए जाने के बाद से बौखलाया पाकिस्तान हर दिन भारत का माहौल बिगाडऩे की कोशिश में लगा हुआ है। कश्मीर में दहशत फैलाने के लिए पाकिस्तान आतंकियों का सहारा ले रहा है।
भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के बालाकोट में घुसकर जैश-ए-मोहम्मद के जिन आतंकी ठिकानों को ध्वस्त किया था, वहां फिर से आतंकी गतिविधि देखने को मिल रही है। आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने बालाकोट के अपने आतंकी ठिकानों को फिर से चालू कर दिया है। इन आतंकी ठिकानों में एक बार फिर आतंकियों को ट्रेनिंग देने और भारत के खिलाफ हमला करने के लिए तैयार किया जा रहा है।
खबर के मुताबिक भारतीय वायुसेना ने सात महीने पहले पाकिस्तान के बालाकोट में जैश-ए-मोहम्मद के जिन ट्रेनिंग कैंप्स को ध्वस्त किया था, वो एक बार फिर शुरू हो गए हैं। इन आतंकी कैंपों में भारत और दुनिया के अलग-अलग देशों में हमला करने के लिए 40 जिहादियों को प्रशिक्षित किया जा रहा है।
जम्मू कश्मीर में आर्टिकल 370 हटाए जाने के बाद से बौखलाया पाकिस्तान हर दिन भारत का माहौल बिगाडऩे की कोशिश में लगा हुआ है। कश्मीर में दहशत फैलाने के लिए पाकिस्तान आतंकियों का सहारा ले रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तान ने एक बार फिर बालाकोट को ही अपना आतंकी ट्रेनिंग कैंप बना लिया है। यहां पर 40 आतंकवादियों को ट्रेनिंग दी जा रही है जो भारत ही नहीं दुनिया के कई और देशों में दहशत फैलाएंगे।
जैश आतंकियों ने 14 फरवरी को किया था पुलवामा हमला
जैश के आतंकियों ने 14 फरवरी को पुलवमा में सीआरपीएफ के काफिले पर हमला किया था। इस हमले में 40 जवान शहीद हो गए थे। इस घटना के बाद से देश में पाकिस्तान को लेकर काफी गुस्सा था। हमले के 13 दिन बाद भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के बालाकोट में घुसकर एयरस्ट्राइक की थी। बताया जाता है कि इस हमले में काफी संख्या में आतंकी मारे गए थे। (न्यूज18)


Date : 21-Sep-2019

वाराणसी, 21 सितंबर । भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान ने 23 साल की मेहनत के बाद आखिरकार भिंडी की नई प्रजाति ‘काशी लालिमा’ विकसित करने में सफलता पा ली है। लाल रंग की यह भिंडी एंटी ऑक्सीडेंट, आयरन और कैल्शियम सहित अन्य पोषक तत्वों से भरपूर है।
उत्तर प्रदेश के वाराणसी स्थित भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान (इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ वेजीटेबल रिसर्च, आईआईवीआर) ने अपनी इस सफलता को खास करार दिया है। लाल रंग की भिंडी अब तक पश्चिमी देशों में प्रचलन में रही है और भारत में आयात होती रही है। इसकी विभिन्न किस्मों की कीमत 100 से 500 रुपये प्रति किलो तक है।
अब भारतीय किसान भी इसका उत्पादन कर सकेंगे। दिसंबर से संस्थान में इसका बीज आम लोगों के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। पोषक तत्वों से भरपूर इस भिंडी के उत्पादन से न केवल भारतीय किसानों को फायदा मिलेगा, बल्कि आम लोगों को भी पोषण की पूर्ति का एक बेहतर विकल्प उपलब्ध हो जाएगा।
संस्थान के पूर्व निदेशक डॉ. बिजेंद्र की अगुआई में लाल भिंडी की प्रजाति पर 1995-96 में ही कार्य शुरू हो गया था। उन्हीं के मार्गदर्शन में काशी लालिमा का विकास शुरू हुआ। इसमें डॉ. एसके सानवाल, डॉ. जीपी मिश्रा और तकनीकी सहायक सुभाष चंद्र ने महत्वपूर्ण योगदान दिया। 23 साल बाद इसमें सफलता मिली। भिंडी का रंग बैगनी-लाल है, लंबाई 11-14 सेमी और व्यास 1.5-1.6 सेमी है।(जागरण)


Date : 21-Sep-2019

नई दिल्ली, 21 सितंबर । मद्रास हाई कोर्ट की चीफ जस्टिस विजय कमलेश ताहिलरमानी का इस्तीफा स्वीकार कर लिया गया है। इस्तीफे को कानून और न्याय मंत्रालय के संयुक्त सचिव सदानंद वसंत दाते ने स्वीकार किया। अब मद्रास हाई कोर्ट के वरिष्ठतम जज जस्टिस विनीत कोठारी को वहां का नया चीफ जस्टिस बनाया गया है। दरअसल, सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने ताहिलरमानी का मेघालय हाई कोर्ट तबादला कर दिया गया था। कॉलेजियम के इस फैसले के विरोध में ताहिलरमानी ने इस्तीफा दे दिया था।
केंद्र सरकार ने नोटिफिकेशन जारी कर कहा है कि 6 सितंबर से ये इस्तीफा मंजूर किया जाता है। जस्टिस ताहिलरमानी के इस्तीफे के बाद मद्रास हाई कोर्ट के दूसरे वरिष्ठतम जज विनीत कोठारी को चीफ जस्टिस नियुक्त किया गया है। न्याय मंत्रालय के द्वारा ये नोटिफिकेशन 20 सितंबर को जारी किया गया था।
मद्रास हाई के नये चीफ जस्टिस विनीत कोठारी के पास वकालत का लंबा अनुभव है। राजस्थान हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया में उन्होंने टैक्स और व्यावसायिक, कंपनी कानूनों पर 20 साल तक प्रैक्टिस की। 2005 में उन्हें राजस्थान हाई कोर्ट में जज नियुक्त किया गया। 2016 में उनका तबादला कर्नाटक हाई कोर्ट कर दिया गया और 23 नवंबर 2018 को उन्होंने मद्रास हाई कोर्ट में वरिष्ठ जज का चार्ज संभाला।(एजेंसी)
 


Date : 21-Sep-2019

नई दिल्ली, 21 सितंबर। महाराष्ट्र-हरियाणा में चुनाव तारीखों का ऐलानचुनाव आयोग ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में किया ऐलान21 अक्टूबर को दोनों राज्यों में होगा चुनाव 24 अक्टूबर को आएंगे चुनावी नतीजे
चुनाव आयोग की तरफ से महाराष्ट्र और हरियाणा में विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान कर दिया गया है। मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में ऐलान किया कि महाराष्ट्र और हरियाणा में 21 अक्टूबर को मतदान होगा। दोनों ही राज्यों में 24 अक्टूबर को नतीजे आएंगे।
मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने शनिवार को तारीखों का ऐलान करते हुए कहा कि दीवाली के त्योहार से पहले चुनाव की पूरी प्रक्रिया खत्म हो जाएगी। (आजतक)
 

 


Date : 21-Sep-2019

नई दिल्ली, 21 सितंबर। केंद्र सरकार से अपनी मांगों को लेकर वार्ता असफल रहने के बाद अब बड़ी संख्या में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों ने दिल्ली के लिए कूच कर दिया है। शनिवार को किसान दिल्ली के किसान घाट पहुंच रहे हैं, जहां पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की समाधि है। कर्ज की माफी, गन्ना बकाये का 14 दिनों में भुगतान, बिजली के रेट में कमी, बच्चों की पहली से आठवीं तक मुफ्त शिक्षा, स्वामीनाथन कमिटी की रिपोर्ट लागू करने और पश्चिम यूपी में अलग से हाई कोर्ट की बेंच के गठन समेत किसान 15 मांगों पर अड़े हुए हैं। 

आंदोलन के लिए दिल्ली पहुंचने वालों में नोएडा, गाजियाबाद समेत सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बागपत, बिजनौर और हापुड़ के भी सैकड़ों किसान शामिल हैं। सहारनपुर के तलाफरा गांव के रहने वाले किसान रमेश कुमार ने बताया कि उनके ऊपर 3 लाख रुपये का कर्ज है। उन्होंने कहा, लोकसभा चुनाव से पहले पीएम मोदी ने किसानों के सारे कर्जे माफ करने की बात कही थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। हमें यह भी बताया गया कि 14 दिनों के अंदर ही गन्ने का भुगतान कर दिया जाएगा, लेकिन फरवरी से अब तक तमाम मिलों ने पेमेंट लटका रखी है। 
किसानों के गुस्से की एक वजह यूपी में बिजली की दरों में हुआ इजाफा भी है। प्रदर्शनकारी किसानों का कहना है कि यदि एक दिन की भी देरी होती है तो हमें जुर्माना अदा करना पड़ता है। मुजफ्फरनगर के भमेड़ा गांव के रहने वाले मुकेश राणा ने कहा कि उनके गांव में ऐसे 6 लोगों के खिलाफ केस तक दर्ज किया गया, जो समय पर बिजली बिल की अदायगी नहीं कर सके। 
इस बीच यूपी सरकार ने शुगर मिलों को आदेश दिया है कि वे 31 अक्टूबर तक किसानों के बकाये की सारी रकम अदा करें। प्रदेश सरकार के मंत्री सुरेश राणा ने इस फैसले की जानकारी देते हुए कहा कि ऐसा न करने वालों के खिलाफ कड़ा ऐक्शन लिया जाएगा। बता दें कि बुधवार को ही इलाहाबाद हाई कोर्ट ने सरकार को किसानों के गन्ना बकाये को अदा करने का आदेश दिया था।  (नवभारतटाईम्स)
 


Date : 21-Sep-2019

चंडीगढ़, 21 सितंबर । हरियाणा के चंडीगढ़ में 21 साल के संजू को उस समय तगड़ा झटका लगा, जब उसे पता चला कि उसके खिलाफ 189 मामलों में ट्रैफिक चालान का भुगतान बकाया है। ये चालान उसे वर्ष 2017 से 2019 के बीच जारी किए गए थे। इनमें से आखिरी चालान उसे इसी वर्ष 26 जुलाई को गलत यू-टर्न लेने पर जारी किया गया। 
संजू चंडीगढ़ के सेक्टर 39 के रहने वाले हैं और एक इंश्योरेंस कंपनी में काम करते हैं। संजू को 26 जुलाई को ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने सेक्टर 33-34 के नजदीक गलत यू-टर्न लेते हुए पकड़ लिया था, जिसके बाद उन्हें 300 रुपये जुर्माने का एक चालान थमा दिया गया।
जब उनका चालान चंडीगढ़ डिस्ट्रिक्ट कोर्ट पहुंचा तो रेकॉर्ड में पाया गया कि शख्स की मोटरसाइकल पर कुल 189 चालान बकाया हैं। ये सभी चालान ट्रैफिक वायलेशन इन्फर्मेशन स्लिप (टीवीआईएस) सिस्टम के जरिए उन्हें वर्ष 2017-2019 के बीच जारी किए गए थे। संजू का कहना है कि उन्हें इन चालानों के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। 
इनमें हैरान करने वाली बात तो यह है कि उन्हें ज्यादातर चालान वर्ष 2017 में जारी किए गए, जबकि उन्होंने मोटरसाइकल ही तकरीबन डेढ़ साल पहले खरीदी थी। टीवीआईएस चालान मुख्य रूप से सीसीटीवी के जरिए ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करते हुए पकड़े जाने पर होता है। ये चालान वाहन मालिक के रजिस्टर्ड पते पर पोस्ट के जरिए पहुंचते हैं। (टाईम्स न्यूज)
 


Date : 21-Sep-2019

पश्चिम बंगाल, 21 सितंबर । सासंद नुसरत जहां और मिनी चक्रबर्ती का डांस वीडियो वायरल हो रहा है। पहली बार तृणमूल पार्टी से सांसद बनने वाली ये दोनों एक्ट्रेस वीडियो में साथ नजर आ रही हैं। ये डांस वीडियो दुर्गा पूजा को समर्पित है, जिसमें दोनों मां दुर्गा को सम्मान देते हुए डांस कर रही हैं। इस वीडियो को 20 लाख से ज्यादा बार देखा जा चुका है। बता दें, पश्चिम बंगाल में दुर्गा पूजा 4 अक्टूबर से 8 अक्टूबर तक मनाई जाएगी। 
नुसरत जहां बंगाली एक्ट्रेस हैं। उन्होंने साल 2019 में हुए लोकसभा चुनाव में ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस के टिकट से चुनाव लड़ा। बंगाल की बशीरहाट सीट से चुनाव लडऩे वाली नुसरत जहां ने करीब 3.5 लाख वोटों से जीत दर्ज की थी। बंगाली एक्ट्रेस नुसरत जहां   ने अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत शोत्रू से की है। इसके बाद वह खोका 420 और लव एक्सप्रेस जैसी फिल्मों में भी नजर आईं। नुसरत जहां ने अपने करियर के दौरान फेयरवन मिस कोलकाता का भी खिताब जीता है।
पहली बार सांसद बनीं तृणमूल कांग्रेस की मिमी चक्रवर्ती भी बंगाली एक्ट्रेस हैं। मिमी चक्रवर्ती जादवपुर से सांसद बनी हैं। (एनडीटीवी)
 


Date : 21-Sep-2019

तेल अवीव, 21 सितंबर । हमारे डेनिसोवंस पूर्वज (मानव की विलुप्त प्रजाति जो साइबेरिया से दक्षिण पूर्व एशिया में फैली थी), जो एक लाख साल पहले धरती पर रहते थे, वे कैसे दिखते होंगे, इसका अब तक सिर्फ अनुमान लगाया जाता था। डेनिसोवंस की गुलाबी रंग की हड्डियां, तीन दांत व निचला जबड़ा होता था, लेकिन अब उन्हें एक चेहरा भी मिल गया है। आनुवांशिक डेटा का इस्तेमाल करते हुए वैज्ञानिकों ने अब इन लंबे समय से खोए हुए पूर्वजों का पुनर्निर्माण किया है।
इजरायल के जेरूसलम के हिबू्र विश्वविद्यालय के शोध के लेखक लिरान कार्मेल ने कहा, हमने डेनिसोवंस की स्केलेटल (कंकाल) एनाटमी के पहले पुनर्निर्माण को प्रस्तुत किया है।
कार्मेल ने कहा, कई मायनों में डेनिसोवंस निएंडरथल से मेल खाते थे, लेकिन कुछ लक्षणों में हमसे मेल खाते थे और कुछ मायनों में वे अनूठे थे।
समग्र रूप से शोधकर्ताओं ने 56 एनाटोमिकल फीचर की पहचान की, जिसमें डेनिसोवंस, आधुनिक मानव और निएंडरथल से भिन्न हैं। इसमें से 34 भिन्नताएं खोपड़ी में हैं। इस शोध को जर्नल सेल में प्रकाशित किया गया है।(भाषा)
 

 


Date : 21-Sep-2019

नई दिल्ली, 21 सितंबर । केंद्र सरकार की आपत्ति के चलते सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम ने जस्टिस अकील कुरैशी को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने के बजाए अब उन्हें त्रिपुरा हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की सिफारिश की है। कोलेजियम ने 10 मई को जस्टिस अकील का नाम मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश पद के लिए सिफारिश की थी। जस्टिस अकील गुजरात हाईकोर्ट में सीनियर न्यायाधीशों में से एक हैं। हालांकि केंद्र सरकार ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी नहीं दी थी और 7 जून को जारी एक अधिसूचना में जस्टिस रवि शंकर झा को कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश बनाने की घोषणा कर दी गई।  इसके बाद 28 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट की ओर से कहा गया कि उसे कानून और विधि मंत्रालय  की ओर से जस्टिस कुरैशी के पदोन्नति के बारे में संवाद हुआ है। 
शुक्रवार की रात सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट में अपलोड किए गए एक प्रस्ताव में कोलेजियम ने कहा, 23 अगस्त और 27 अगस्त को हुए विचार-विमर्श और संलग्न दस्तावेजों को ध्यान में रखते हुए कोलजियम  अपने 10 मई के प्रस्ताव में संशोधन करता है कि जस्टिस अकील कुरैशी को त्रिपुरा हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति की जाती है। 
मध्य प्रदेश का हाईकोर्ट देश के सबसे बड़े हाईकोर्ट में से एक है जबकि त्रिपुरा हाईकोर्ट सबसे छोटा। बीते महीने गुजरात हाईकोर्ट एडवोकेट एसोसिएशन की ओर से सुप्रीम कोर्ट में याचिका देकर केंद्र सरकार पर जस्टिस अकील की नियुक्ति में हो रही देरी का मुद्दा उठाकर न्यायापालिका की स्वतंत्रता के हनन का आरोप लगाया।
याचिका में आरोप लगाया कि 10 मई को कोलेजियम की ओर से की गई सिफारिश में 10 अत्तिरिक्त जजों की विभिन्न हाईकोर्टों में नियुक्ति पर केंद्र सरकार ने मंजूरी दे दी गई लेकिन जस्टिस अकील की नियुक्ति को लटका दिया गया। (एनडीटीवी)
 

 


Date : 21-Sep-2019

नई दिल्ली, 21 सितंबर । महाराजगंज लोकसभा सीट से कांग्रेस की उम्मीदवार रहीं सुप्रिया श्रीनेत को पार्टी का राष्ट्रीय प्रवक्ता बनाया गया है। कांग्रेस के मीडिया विभाग के प्रभारी रणदीप सुरजेवाला की ओर से शनिवार को जारी बयान के मुताबिक पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी ने सुप्रिया की नियुक्ति को स्वीकृति प्रदान की। गौरतलब है कि कुछ महीने पहले तक टीवी पत्रकार रहीं सुप्रिया कांग्रेस के पूर्व सांसद हर्षवर्धन की पुत्री हैं। वह इस लोकसभा चुनाव में महाराजगंज से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ीं थीं लेकिन उन्हें भाजपा के पंकज चौधरी से हार का सामना करना पड़ा था। उनके पिता हर्षवर्धन इसी सीट से दो बार सांसद रहे हैं। 
सुप्रिया श्रीनेत के राजनीति में आने के पहले उनके परिवार का एक दुखद पहलू भी था। सुप्रिया श्रीनेत महाराजगंज के दिग्गज नेता और दो बार के सांसद हर्षवर्द्धन सिंह की बेटी हैं। 2014 में पहले सुप्रिया की मां की मौत हुई और 2015 में सुप्रिया के भाई और सियासी वारिस राज्यवद्र्धन सिंह की मौत हो गई। परिवार इस बड़े संकट से उबर पाता कि 2016 में खुद हर्षवर्धन सिंह की मौत हो गई।
तीन साल में परिवार के तीन लोगों की मौत के बाद हर्षवद्र्धन सिंह की सियासी विरासत को अब सुप्रिया ने आगे बढ़ाने का फैसला किया है। हालांकि उनके सामने बड़ी दिक्कत कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को इक_ा करना और लोगों के भीतर यह उम्मीद पैदा करना रहा कि वो लोकसभा चुनाव की मजबूत प्रत्याशी हैं। (भाषा)
 


Previous123Next