सरगुजा
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
लखनपुर, 3 दिसंबर। थाना क्षेत्र से मानव तस्करी करने का मामला सामने आया है। युवती को काम दिलाने का झांसा देकर ट्रेन से ले जाकर मध्यप्रदेश के उज्जैन में ढाई लाख रुपए में बेच दिया गया। जहां पीडि़ता की रिपोर्ट पर लखनपुर पुलिस ने 4 के खिलाफ जुर्म दर्ज कर लिया है।
पीडि़ता ने लखनपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि आरोपी धनी कुजूर ग्राम सिंगीटाना निवासी का पीडि़ता के घर आना जाना था। जान पहचान होने से पीडि़ता और आरोपी मोबाइल से बात करते थे। पीडि़ता का आरोप है कि धनी कुजूर के द्वारा अंबिकापुर में काम दिलाऊंगा, कहकर मोटरसाइकिल में बैठाकर अपने साथ अंबिकापुर रेलवे स्टेशन के बगल में गोरसी डबरा ले गए। जहां आरोपी के तीन साथी अलका उरांव, नितेश और अशोक मिले।
अलका उरांव ने पीडि़ता के सोने के नथनी, चांदी की चेन और कपड़ा रख ली। मोबाइल और सिम अशोक के द्वारा रख लिया गया। आरोपियों ने रात में ट्रेन के माध्यम से पीडि़ता को मध्य प्रदेश के उज्जैन ले गए।
पीडि़ता को एक घर में अशोक के साथ छोडक़र धनी कुजूर, नितेश और अलका उरांव वापस लौट गए। पीडि़ता युवती को एक कमरे में बंद कर दिया और किसी से बातचीत करने तथा बाहर आने जाने पर पाबंदी लगा दी गई।
जब युवती अशोक को घर जाने की बात कहीं, तक अशोक ने कहा कि तुम यहीं रहोगी, तुम्हें ढाई लाख रुपए में बेच दिया गया है। एक सप्ताह वहां रुकने के बाद युवती को दूसरी जगह ले जाया जा रहा था। इसी दौरान युवती ने हल्ला मचाया। आस पड़ोस के लोग वहां पहुंचे और उज्जैन पुलिस को घटना की सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और युवती को बरामद कर सखी सेंटर ले जाकर छोड़ दी।
2 दिन के बाद पीडि़ता के परिजन सखी सेंटर पहुंचे और उज्जैन पुलिस की मदद से पीडि़ता युवती को घर लेकर आए। पीडि़ता की रिपोर्ट पर लखनपुर पुलिस ने महिला सहित चार के खिलाफ धारा 143(2),3(5) बीएनएस के तहत रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू की है।


