सरगुजा

केवल किताबी ज्ञान लेकर नहीं चलना, अपितु ज्ञानी बने-एक्का
13-Sep-2022 8:06 PM
केवल किताबी ज्ञान लेकर नहीं चलना, अपितु ज्ञानी बने-एक्का

   केआर टेक्निकल महाविद्यालय में दीक्षारंभ कार्यक्रम  

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
अम्बिकापुर,13 सितंबर।
केआर टेक्निकल महाविद्यालय अंबिकापुर में नव प्रवेशित छात्र-छात्राओं के लिए दीक्षारंभ कार्यक्रम का आयोजन संत गहिरा गुरु विश्वविद्यालय सरगुजा अंबिकापुर के कुलसचिव बिनोद कुमार एक्का के मुख्य आतिथ्य में किया गया।

कार्यक्रम में शासी निकाय के अध्यक्ष श्रीकांत दुबे, सलाहकार राहुल जैन, डायरेक्टर रीनू जैन, प्राचार्य डॉ. रितेश वर्मा, महाविद्यालय के आईक्यूसी समन्वयक बिनय अम्बस्ट, सभी विभागों के विभाग प्रमुख, सहायक प्राध्यापक और स्टाफ उपस्थित थे।

कार्यक्रम में सत्र 2021-22 के महाविद्यालय में विभिन्न कक्षाओं में उच्चतम अंक प्राप्त करने वाले छात्रों के पालकगण भी शामिल हुए थे। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस दौरान महाविद्यालय की छात्राओं द्वारा सरस्वती वंदना का गायन किया। कार्यक्रम की अगली कड़ी में एमएससी तृतीय सेमेस्टर वनस्पति शास्त्र के छात्र-छात्राओं द्वारा स्वागत गीत एवं बीए प्रथम वर्ष की छात्रा नेहा विश्वकर्मा द्वारा स्वागत नृत्य प्रस्तुत किया गया।

कार्यक्रम में मुख्य वक्ता बिनोद कुमार एक्का ने कहा कि केआर टेक्निकल कॉलेज विगत 15 वर्षों से उच्च शिक्षा के क्षेत्र में अच्छा काम कर रहा है। उन्होंने महाविद्यालय को छात्रों को उत्कृष्ट शिक्षा प्रदान करने और सर्वांगीण विकास पर ध्यान देने के लिए बधाई दी।

उन्होंने कहा कि आज इस दीक्षारंभ कार्यक्रम में देखने से लगता है कि यहाँ अध्ययन करने में छात्रायें हर क्षेत्र में आगे है। नव प्रवेशित छात्र-छात्राओं के लिए उन्होंने कहा कि जीवन इतना आसान नहीं है, यहां केवल किताबी ज्ञान लेकर नहीं चलना, अपितु ज्ञानी बन कर निकले। उन्होंने कहा कि जीवन में अपने बातों पर अडिग रहें, क्योंकि अडिग रहने पर निरंतर प्रयास करने से ही सफलता मिलती है।

कार्यक्रम के आरम्भ में महाविद्यालय के शासी निकाय के चेयरमैन श्रीकांत दुबे ने कुलसचिव का स्वागत करते हुए और छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि आज का दिन बहुत हर्ष का विषय है। भारत प्राचीन काल में विश्व गुरु था और उसके दो महत्वपूर्ण बिंदु रहे सेवा और त्याग। इन दोनों बिंदुओं पर हम शिक्षा के माध्यम से ही बहुत सकते हैं। आगे उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में आप सभी छात्र सहानुभूति एवं सत्य की भावना सीखें और निरंतर प्रगति करते रहें।

कार्यक्रम के अंत में राहुल जैन ने मुख्य अतिथि एवं छात्र-छात्राओं के अभिभावकों को आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया।

उन्होंने कहा कि कुलसचिव का आगमन निश्चित ही महाविद्यालय के लिए गर्व की बात है। साथ ही साथ छात्र-छात्राओं हेतु उनका यह आगमन निश्चित ही प्रेरणा देने वाला होगा।


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