सरगुजा
अंबिकापुर, 9 मार्च। गोपाल प्रसाद साहू, प्रांतीय संयोजक एवं अशेष सिन्हा जिला सरगुजा छत्तीसगढ़ संयुक्त अनियमित कर्मचारी महासंघ ने कहा कि प्रदेश के लाखों अनियमित कर्मचारियों को भूपेश सरकार ने अपने 4थे बजट में भी अनदेखा कर निराश किया। इसी प्रकार सदन में माननीय सदस्यों के प्रश्नों पर मुख्यमंत्री का जवाब संतोषजनक नहीं कहा जा सकता, विगत 3 वर्षों में अनियमित कर्मचारियों की संख्यात्मक जानकारी नहीं जुटा पाना, गठित समिति की बैठक 3 वर्ष में मात्र एक बार होना, महाधिवक्ता से विगत 3 वर्षों में अभिमत नहीं आना अनियमित कर्मचारियों के प्रति एक साजिश प्रतीत होता है।
भूपेश सरकार के इस कार्यवाही से छत्तीसगढ़ संयुक्त अनियमित कर्मचारी महासंघ निराश और आक्रोशित हंै और अपने 5 सूत्रीय मांगों को लिए जमीन-आसमान एक कर आगामी समय में अनियमित आन्दोलन को उग्र करेगा।
रवि गड़पाले प्रांतीय अध्यक्ष एवं अनिल कुमार देवांगन समन्वयक ने बताया कि यह बजट धोखा का बजट है, क्योंकि मुख्यमंत्री एवं टी.एस. सिंहदेव एवं अन्य कांग्रेस वरिष्ठ जनप्रतिनिधि हमारे संघर्ष के दिनों में हमारे मंच में आये और उनकी सरकार बनाने पर हमें 10 दिवस में नियमित करने का वादा किया। वादे के अनुरूप हमारी मांगों को कांग्रेस के जन-घोषणा (वचन) पत्र ‘दूर दृष्टि, पक्का इरादा, कांग्रेस करेगी पूरा वादा’ के बिंदु क्रमांक 11 एवं 30 में अनियमित कर्मचारियों के नियमितीकरण करने, छंटनी न करने तथा आउट सोर्सिंग बंद करने को स्थान दिया। चुनाव के दौरान अनियमित कर्मचारियों के नियमितीकरण को भी कांग्रेस ने प्रमुखता से उठाये थे।
मुख्यमंत्री ने 14 फरवरी 2019 को अनियमित कर्मचारियों के मंच से पुन: इस वर्ष किसानों के लिए, आगामी वर्ष कर्मचारियों के लिए बात कही। अद्यतन 3 वर्ष से अधिक समय व्यतीत होने के उपरांत भी सरकार द्वारा नियमितीकरण की कार्यवाही नहीं की जा रही है। सरकार के इस बड़ा खिलाफी से प्रदेश के लाखो अनियमित कर्मचारी/अधिकारी ठगा महसूस कर रहा है तथा अत्यधिक आक्रोशित है। आगामी समय में अनियमित आन्दोलन को समग्र रूप उग्र किया जाएगा।


