राजनांदगांव
दोनों की सेवाभावना को लेकर की सराहना
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजनांदगांव, 1 जून। जिला चिकित्सालय में पदस्थ स्टॉफ नर्स शशी सोना और वरिष्ठ लिपिक प्रशांत तिवारी को छत्तीसगढ़ प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ राजनांदगांव ने 30 मई को सेवानिवृत्त होने पर विदाई समारोह आयोजित कर सम्मानित किया।
राजनांदगांव जिला चिकित्सालय में पदस्थ रही शशि सोना वैसे तो स्टॉफ नर्स के पद पर वर्षों से कार्य किया। तीन दशक के नर्सिंग सेवा में श्रीमती सोना ने मरीजों के इलाज और उनके देखभाल का जिस तरह से व्यवहारिक दायित्व निभाया, वह जिला चिकित्सालय में अन्य सहकर्मियों के लिए एक मिसाल बन गया है। बेहद ही सरल और अच्छे बोलचाल की वजह से श्रीमती सोना को न सिर्फ नर्सिंग स्टॉफ, बल्कि अस्पताल से उपचारार्थ बाद घर लौटने वाले मरीज भी उनके व्यवहार और सेवा भाव के कायल रहे है।
उन्होंने कहा कि अविभाजित मध्यप्रदेश के बडवानी में 1989 में बतौर स्टॉफ नर्स स्वास्थ्य विभाग में कार्य शुरू किया था। पदस्थापना के दो वर्ष बाद वह राजनांदगांव जिला चिकित्सालय में स्थानांतरण होकर पहुंची, तब से वह लगातार 37 वर्षों से जिला चिकित्सालय में कार्य किया। बताया जा रहा है कि उनके अच्छे व्यवहार और कार्यों को देखकर अन्य सहकर्मी भी नर्सिंग सेवा को गति देने में विश्वास करते हैं। जिला चिकित्सालय में रोजाना सैकड़ों मरीज अलग-अलग शारीरिक कष्टता का निवारण करने के लिए उपचारार्थ भर्ती होते हैं। उनकी देखभाल और चिकित्सकीय व्यवस्था को लेकर श्रीमती सोना हमेशा आगे रही है। जिला चिकित्सालय में वह अलग-अलग वार्डों में निर्विवाद रूप से काम किया।
इधर वरिष्ठ लिपिक प्रशांत तिवारी भी अस्पताल में पदस्थ रहकर अपनी सेवाएं दी। विदाई समारोह में श्रीमती सोना और श्री तिवारी ने अपने-अपने विचार रखे। समारोह में मेट्रन मंजू येन्नेवार ने दोनों कर्मचारियों के अच्छे व्यवहार व कार्य के प्रति लगन की सराहना की। अरविंद शाहने, एल. धनकर, बसंत साहू ने भी उनके कार्यकाल की सराहना करते अपने उद्बोधन में उज्जवल भविष्य व अच्छी स्वास्थ्य की कामना की। विदाई समारोह में विनीता सिन्हा व अनिता साहू के मधुर संगीत ने समां बांधा। कार्यक्रम के अंत में स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के जिला अध्यक्ष लभेश पगारे ने आभार प्रकट किया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के पदाधिकारी व सदस्य एवं जिला अस्पताल स्टॉफ भी मौजूद थे।


