राजनांदगांव
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजनांदगांव, 17 मई। गौ-तस्करों को संरक्षण देने वाले दो संदिग्धों को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। सीमा पर सघन नाकाबंदी कर 10 लाख कीमत की बोलेरो वाहन को भी पुलिस ने जब्त किया।
मिली जानकारी के अनुसार थाना बागनदी पुलिस को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि बोलेरो वाहन के माध्यम से गौ-तस्करी में संलिप्त बड़े वाहनों को पायलेटिंग कर पुलिस चेकिंग की जानकारी पहले से उपलब्ध कराई जा रही है। जिससे तस्कर रास्ता बदलकर कार्रवाई से बच निकलते हैं। सूचना को गंभीरता से लेते थाना प्रभारी नंदकिशोर गौतम के नेतृत्व में बागनदी बॉर्डर क्षेत्र में तत्काल सघन नाकाबंदी एवं चेकिंग अभियान चलाया गया।
नाकाबंदी के दौरान महाराष्ट्र की ओर से राजनांदगांव प्रवेश कर रही संदिग्ध बोलेरो वाहन को घेराबंदी कर रोका गया। वाहन में सवार दो व्यक्तियों से पूछताछ एवं मोबाइल जांच करने पर यह तथ्य सामने आया कि वे लंबे समय से गौवंशी तस्करों को पायलेट उपलब्ध कराने, पुलिस गतिविधियों की सूचना देने तथा चेकिंग से बचाने का कार्य कर रहे थे। पुलिस द्वारा वाहन के दस्तावेज मांगने पर आरोपी किसी प्रकार के वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। इसके बाद थाना बागनदी पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई करते लगभग 10 लाख रुपए कीमत की बोलेरो वाहन को मोटर व्हीकल एक्ट एवं धारा 106 बीएनएसएस के तहत जब्त किया गया।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों में दीपेन्द्र बंजारे 21 वर्ष निवासी कैम्प-01 शांतिपारा एकता नगर भिलाई और शैलेन्द्र भारती 27 वर्ष, निवासी पथर्रा वार्ड नंबर 05 थाना भिलाई 3 शामिल हैं। दोनों आरोपियों के विरुद्ध धारा 170/126, 135(3) बीएनएसएस के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया। जांच के दौरान आरोपी शैलेन्द्र भारती के विरुद्ध गौ-तस्करी के दो पुराने रिकॉर्ड भी पाए गए हैं। पूर्व में जिले में दर्ज अपराधों में इनकी संलिप्तता की जांच की जा रही है।


