रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 19 मई। शहर की सफाई के लिए अनुबंधित कंपनी रामकी के कर्मियों की हड़ताल खत्म होने के बाद भी राजधानी में काम रफ्तार नहीं पकड़ पाया है।काम पर लौटे सफाई कर्मियों आज तडक़े जब दलदल सिवनी यार्ड पहुंचे तो कंपनी प्रबंधन के लोगों ने पहले तो रोका। इससे इनके बीच काफी देर तक विवाद और तनाव की स्थिति रही। दोनों पक्षों में सुलह के बाद काम शुरू हो सका। सफाई कर्मी 9 हजार का वेतन और भत्ते बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। इसे लेकर वे पहले भी दीपावली और उसके बाद दो बार काम बंद कर चुके थे। तीसरी बार की हड़ताल के बाद वेतन भत्तों में वृद्धि पर सहमति बनी है। वहीं कंपनी का कहना है कि उसकी निगम से 78 करोड़ रुपए की लेनदारी बकाया है। बहरहाल चार दिन की हड़ताल के बाद कल से काम शुरू होने की जानकारी दी गई है। इधर निगम में नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने भी तीन दिन इंतजार के बाद मंगलवार को खुद कचरा गाड़ी लेकर अपने वार्ड के घर घर से संग्रहण के लिए निकले।
तिवारी ने कहा कि घरों के कचरो से उत्पन्न बीमारियां परिवारों के लिए नुकसानदायक होता है। उन्होंने भरोसा दिलाया की गाड़ी रामकी कंपनी की आय ना आए उनकी गाड़ी कचरा संग्रहण करेगी।
दूसरी ओर निगम ने एक बयान में बताया कि रामकी कम्पनी के लगभग 95 प्रतिशत हड़ताली ठेका सफाई कर्मचारी ड्यूटी पर वापस लौट आए हैं। दलदल सिवनी यार्ड से वार्डों में डोर टु डोर कचरा कलेक्शन के लिए 210 से अधिक आईएमवी मिनी टिप्पर वाहन रवाना किए गए। इस दौरान कार्यपालन अभियंता नोडल अधिकारी योगेश कडु, जोन 9 कमिश्नर राकेश शर्मा,ईई शरद ध्रुव, रामकी कम्पनी के लोकल हेड योगेश कुमार एवं रामकी कम्पनी के प्रतिनिधि उपस्थिति रहे।
महापौर मीनल चौबे और आयुक्त संबित मिश्रा ने अतिशीघ्र वार्डो में डोर टु डोर कचरा कलेक्शन कार्य सामान्य बनाने सख्त निर्देश दिए हैं।


