महासमुन्द
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
महासमुंद, 24 जनवरी। जिले में धान खरीदी व्यवस्था को पूर्णत: पारदर्शी एवं सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए कलेक्टर विनय कुमार लंगेह द्वारा समस्त संबंधित विभागों को सख्त निर्देश दिए हैं। कलेक्टर ने कहा है कि समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शासन की प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की अनियमितता, अवैध परिवहन, भंडारण अथवा विक्रय को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कलेक्टर के निर्देशानुसार जिले में राजस्व, मंडी, खाद्य, सहकारिता एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम द्वारा सतत निगरानी एवं कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में 01 नवम्बर 2025 से 23 जनवरी 2026 तक अवैध धान परिवहन, भंडारण एवं विक्रय, राईस मिल भौतिक सत्यापन से संबंधित कुल 414 प्रकरण दर्ज किए गए हैं। जिसमें कुल 130577 क्विंटल धान जब्त किया गया है।
इस कार्रवाई में धान संबंधित अवैध गतिविधियों के 376 प्रकरण शामिल है। इसी तरह 36 राइस मिलों का भौतिक सत्यापन किया गयाए जिसमें अनियमितता पाए जाने पर जप्ती की कार्रवाई करते हुए प्रकरण दर्ज किए गए। इसके अतिरिक्त 8 राइस मिलों में भौतिक सत्यापन के दौरान धान की कमी पाए जाने पर पृथक से प्रकरण दर्ज किए गए हैं। इसी तरह समितियों के भौतिक सत्यापन के दौरान 02 जप्त प्रकरण एवं एक धान कमी मात्रा से संबंधित प्रकरण दर्ज किया गया है।
कलेक्टर के निर्देशन में की गई इन कार्रवाइयों के परिणामस्वरूप जिले में कुल 414 जप्त प्रकरण दर्ज किए गए हैं। जिसमें संयुक्त टीम द्वारा अब तक कुल 130577.83 क्विंटल धान जब्त किया गया है। इसमें से जांच उपरांत 109298.64 क्विंटल धान वैध धान मालिकों को सुपुर्द किया गया है। वहीं 19301.99 क्विंटल धान पुलिस थाना एवं अन्य सक्षम प्राधिकरणों को सौंपा गया है तथा 1ए977.20 क्विंटल धान के संबंध में नियमानुसार अन्य आवश्यक कार्यवाही की जा रही है।
कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने निर्देश दिए हैं कि जिले के प्रमुख मार्गों, अंतर्राज्यीय जांच चौकियों, राइस मिलों एवं धान उपार्जन केंद्रों पर निरंतर निरीक्षण एवं निगरानी बनाए रखी जाए। उन्होंने यह भी कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाए ताकि अंतरराज्यीय अवैध धान परिवहन पर प्रभावी रोक लगाई जा सके। कलेक्टर ने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं कि प्रत्येक कार्रवाई पूरी पारदर्शिता के साथ की जाए।


