महासमुन्द

कोचिंग पढ़ाई तुंहर दुआर के बच्चों से मिले कलेक्टर, कहा-मन लगाकर पढ़ें
13-Aug-2021 5:01 PM
कोचिंग पढ़ाई तुंहर दुआर के बच्चों से मिले कलेक्टर, कहा-मन लगाकर पढ़ें

‘छत्तीसगढ़’ संवाददात
महासमुंद,13 अगस्त।
जिले में कलेक्टर डोमन सिंह ने कोचिंग तुंहर दुआर की शुरुआत की है। शुरुआत में जिले के 40 शिक्षा केंद्रों और कार्यालयों के सभाकक्षों में 10वीं और 12वीं के विद्यार्थियों की बेहतर पढ़ाई के लिए विषय विशेषज्ञों द्वारा कोचिंग स्थापित कर पढ़ाने की व्यवस्था की गई है। कलेक्टर कल जिला मुख्यालय स्थित आशीबाई गोलछा आदर्श कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला बेलसोंडा में चल रही कोचिंग पढ़ाई तुंहर दुआर में पढ़ रहे 10वीं और 12वीं के बच्चों से मिले। उन्होंने बच्चों से पढ़ाई-लिखाई के संबंध में बात की और शिक्षकों द्वारा पढ़ाए जा रहे विषय के संबंध में जानकारी ली। 

बच्चों ने उन्हें बताया कि स्कूल क्लास के अतिरिक्त कोचिंग पढ़ाई तुंहर दुआर में आकर बहुत कुछ अच्छे तरीके से पढ़ाए जाने से लाभ हो रहा है। कलेक्टर ने बच्चों को मन लगाकर पढऩे और कोविड के गाईड लाईन का पालन करने की समझाईश दी। यह कोचिंग तुंहर दुआर में 10वीं और 12वीं के लगभग 10 हजार से ज्यादा बच्चे अलग-अलग समय पर दो शिफ्टों में पढ़ाई कर रहे हंै। इस पर व्यय राशि जिला खनिज न्यास मद से दी गई है। यह कोचिंग विद्यालय संचालन समय के अतिरिक्त समय पर दी जा रही है।

कोरोना के चलते पढ़ई तुंहर दुआर अंतर्गत पिछले शिक्षा सत्र में केवल ऑनलाईन के माध्यम से अध्यापन कराया गया। ऑफलाईन क्लासेस के लिये बच्चों को बहुत कम समय प?ाने के लिए मिल रहा है। इसलिये उस समय बच्चों व शिक्षकों की मांग के आधार पर जिले में परीक्षा पूर्व कोचिंग के लिए जिले में 40 कोचिंग केंद्र स्थापित कर विषय विशेषज्ञ शिक्षकों से गुणवत्तायुक्त शिक्षा चार हजार बच्चों को दी गई थी। किंतु अब कोरोना की धीमी गति और बच्चों को अतिरिक्त पढ़ाई के लिए जिले के 70 विभिन्न जगहों पर कोविड गाइड लाइन का पालन करते हुए इसे फिर से शुरू किया गया है। यह कोचिंग स्वैच्छिक है। पालकों की अनुमति प्राप्त होने पर ही यह कोचिंग बच्चे प्राप्त कर रहे हैं। कोचिंग में मॉस्क अनिवार्य किया गया है।
 


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