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कोझिकोड (केरल), 11 जून। केरल में सरकारी मेडिकल कॉलेज में 43 वर्षीय एक व्यक्ति के निपाह वायरस संक्रमण की प्रारंभिक जांच में पॉजिटिव पाए जाने के बाद राज्य अत्यधिक सतर्कता बरत रहा है। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों के अनुसार, पुष्टि के लिए मरीज के नमूने पुणे स्थित राष्ट्रीय विषाणु विज्ञान संस्थान (एनआईवी) भेजे गए हैं और उनकी रिपोर्ट जल्द आने की उम्मीद है।
स्वास्थ्य विभाग ने मरीज के संपर्क में आए लोगों की पहचान कर उन्हें पृथक करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मरीज फरोक का रहने वाला एक व्यवसायी है।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इस व्यक्ति को शुरुआत में एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था और बुधवार को सरकारी मेडिकल कॉलेज ले जाया गया और फिलहाल वह वेंटीलेटर (जीवन रक्षक प्रणाली) पर है।
निपाह वायरस फलों को खाने वाले चमगादड़ों के माध्यम से फैलता है और 2018 से केरल में इसके कई मामले सामने आ चुके हैं।
स्वास्थ्य मंत्री के. मुरलीधरन ने बुधवार देर रात पत्रकारों से कहा कि कोझिकोड के स्वास्थ्य अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘अंतिम पुष्टि के लिए एनआईवी की रिपोर्ट का इंतजार है। हालांकि लक्षणों और प्रारंभिक जांच के आधार पर यह निपाह संक्रमण की ओर संकेत करता है।’’
मंत्री ने बताया कि मरीज बड़ी संख्या में लोगों के संपर्क में आया था।
उन्होंने कहा, ‘‘वह पहले एक अस्पताल के बाह्य रोगी विभाग (ओपीडी) गया था। बाद में उसने एमआरआई और इकोकार्डियोग्राफी जांच भी कराईं। हमने उन स्वास्थ्यकर्मियों और अन्य लोगों को पृथकवास में रहने को कहा है, जो उसके संपर्क में आए हो सकते हैं।’’
मुरलीधरन ने बताया कि स्थिति से निपटने के लिए कोझिकोड मेडिकल कॉलेज में सभी आवश्यक तैयारियां कर ली गई हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं है। मरीज ने हाल में एक गोदाम किराये पर लिया था और उसकी सफाई स्वयं की थी। हमें संदेह है कि संक्रमण उसी दौरान हुआ हो सकता है।’’
मंत्री के अनुसार, मरीज को पहले बुखार आया था जो बाद में ठीक हो गया, लेकिन दोबारा बुखार होने पर उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।
उन्होंने बताया, ‘‘वह लघु स्तर का कारोबार करता है और इसी उद्देश्य से उसने गोदाम किराये पर लिया था।’’
मुरलीधरन ने कहा कि वह बृहस्पतिवार को स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ बैठक कर स्थिति की समीक्षा करेंगे।
उन्होंने बताया कि मरीज किस-किस के संपर्क में आया, इसकी पहचान करने का काम जारी है। संपर्क में आए लोगों की सूची काफी लंबी है।
मंत्री ने कहा, ‘‘मेडिकल कॉलेज में आवश्यक दवाएं उपलब्ध हैं। एनआईवी की रिपोर्ट मिलने के बाद आगे के निर्णय लिए जाएंगे।’’ (भाषा)


