अंतरराष्ट्रीय
-डेनियल बुश
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उन्होंने इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू के साथ बैठक के दौरान इस बात पर ज़ोर दिया कि ईरान के साथ बातचीत जारी रहनी चाहिए.
हालांकि उन्होंने चेतावनी दी कि अगर परमाणु समझौता नहीं हुआ तो वह ईरान के ख़िलाफ़ कार्रवाई कर सकते हैं.
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और ईरान के परमाणु हथियार कार्यक्रम को सीमित करने को लेकर बातचीत में तेज़ी के बीच दोनों नेताओं की मुलाक़ात बुधवार को व्हाइट हाउस में हुई.
उम्मीद जताई जा रही थी कि नेतन्याहू ट्रंप पर ऐसे समझौते की दिशा में आगे बढ़ने का दबाव डालेंगे, जो न केवल ईरान के यूरेनियम संवर्धन को रोके, बल्कि उसके बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम और ईरान की ओर से हमास और हिज़्बुल्लाह जैसे समूहों को मिलने वाले समर्थन पर भी रोक लगाए.
ईरान ने संकेत दिया है कि वह प्रतिबंधों में राहत के बदले अपने परमाणु कार्यक्रम को सीमित करने के लिए तैयार है, लेकिन उसने अन्य मांगों को ख़ारिज कर दिया है.
व्हाइट हाउस की बैठक से पहले ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने चेतावनी दी कि उनका देश "हद से अधिक मांगों के आगे नहीं झुकेगा."
उधर, नेतन्याहू के कार्यालय ने कहा कि दोनों नेताओं ने "इसराइल की सुरक्षा जरूरतों" पर चर्चा की और अपने "क़रीबी समन्वय और संबंध" को जारी रखने पर सहमति जताई. (bbc.com/hindi)


