दुर्ग
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
दुर्ग, 18 फरवरी। पेवर ब्लाक लगाने का कार्य प्रारंभ ही नहीं हुआ था और पंचायत सचिव ने भुगतान भी कर दिया। ग्रामीणों की शिकायत पर जांच में इसका खुलासा हुआ। इसके बाद 15वें वित्त कार्य में अनियमितता मानते हुए ग्राम पंचायत अंजोरा (ख) के तत्कालीन पंचायत सचिव को निलंबित कर दिया गया है। मामला जिला दुर्ग के जनपद पंचायत दुर्ग अंतर्गत ग्राम पंचायत अंजोरा (ख) में 15वें वित्त आयोग से स्वीकृत कार्य में वित्तीय अनियमितता पाए जाने पर तत्कालीन पंचायत सचिव ताम्लेश्वरी देवांगन को निलंबित कर दिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार मामला जनपद पंचायत दुर्ग अंतर्गत ग्राम पंचायत अंजोरा (ख) का है। जिला पंचायत संसाधन केन्द्र अंजोरा (ख) में पेवर ब्लॉक लगाए जाने के लिए स्वीकृत राशि में से कार्य प्रारंभ किए बिना ही ए.के. टाईल्स को 56 हजार रुपए का भुगतान कर दिया गया। मामले की जांच में इसे गंभीर वित्तीय अनियमितता माना गया है।
जिला पंचायत के अधिकारी ने इसे शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही तथा उच्च कार्यालय के निर्देशों की अवहेलना माना है। यह कृत्य छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (आचरण) नियम, 1998 के नियम 3 का उल्लंघन है इसी आधार पर श्रीमती देवांगन को छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम, 1999 के नियम 4 के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय जनपद पंचायत दुर्ग निर्धारित किया गया है तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या वित्तीय अनियमितता को गंभीरता से लिया जाएगा तथा दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।


