दुर्ग
मामला कल्याण कॉलेज का
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
भिलाई नगर, 15 फरवरी। सेक्टर-7 स्थित कल्याण स्नातकोत्तर महाविद्यालय के खिलाफ श्रम विभाग में शिकायत की गई है। आरोप है कि कॉलेज प्रबंधन कलेक्टोरेट दर पर काम करने वाले चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को शासन की तरफ मिलने वाली छुट्टियों की वेतन कटौती की जा रही है। शिकायत पर मामले को संज्ञान लेते हुए श्रम विभाग ने कल्याण महाविद्यालय प्रबंधन से इसका जवाब मांगा है, वहीं कालेज प्रबंधन ने इस कटौती को नियम मुताबिक ही बताया है।
विदित हो कि कॉलेज के पूर्व सहायक प्राध्यापक नितेश गुप्ता के साथ जाकर कॉलेज कर्मचारियों ने श्रम आयुक्त के समक्ष शिकायत की है। शिकायत में श्रम आयुक्त को बताया गया कि कल्याण कॉलेज शासन की तरफ से मिलने वाली होली, दिवाली, दशहरा और गांधी जयंती जैसे शासकीय अवकाश पर सभी कर्मचारियों का वेतन काट रहा है। कर्मचारियों को पूरे महीने का वेतन न देकर केवल 22 से 24 दिन का ही वेतन दिया जाता है। शेष दिन का वेतन यह कहते हुए काट दिया जाता है कि उस दिन शासकीय अवकाश था।
शिकायतकर्ता कर्मचारियों का कहना है कि जब उस दिन कॉलेज ही बंद था तो वह काम भी कैसे करेंगे, जबकि कलेक्टोरेट दर की नियमावली में भी शासकीय अवकाश का पैसा काटने का जिक्र नहीं है।
गौरतलब हो कि कॉलेज में 60-70 दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी कार्य कर रहे हैं। इसमें कुछ कर्मचारियों का शासकीय अवकाश का वेतन कट रहा है और कुछ का नहीं कट रहा है। कॉलेज प्रबंधन का कहना है कि जिन कर्मचारियों ने कलेक्टोरेट दर पर भुगतान करने की शिकायत श्रम विभाग में की थी, उन कर्मचारियों को कॉलेज कलेक्टोरेट दर पर भुगतान कर रहा है और उन पर कलेक्टोरेट दर का नियम लागू होता है, शेष कर्मचारियों को पुराने दर पर ही भुगतान किया जा रहा है और उनका शासकीय अवकाश का पैसा नहीं काटा जा रहा है। प्राचार्य डॉ. संतोष जैन ने बताया कि कलेक्टोरेट दर पर भुगतान नियम के मुताबिक किया जा रहा है। शासकीय अवकाश पर वेतन कटौती भी कलेक्टोरेट दर के नियमानुसार ही की जा रही है।
सप्ताह में एक दिन मिलने वाली छुट्टी का पैसा नहीं काटा जा रहा है। इसके अलावा शेष अवकाश का पैसा काटा जा रहा है।
उन्होंने बताया कि श्रम विभाग में भी इसकी जानकारी दे दी गई है। मामले की सुनवाई चल रही है। वहां से यदि इस संबंध में कोई लिखित आदेश मिलता है तो उसी के मुताबिक कार्य किया जाएगा।


