धमतरी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
धमतरी, 20 अगस्त। प्रदेश के कई स्थानों में पखवाड़ेभर से बारिश नहीं हो रही है। इस वजह से धान की फसल सूखने लगी है। रायपुर, बलौदाबाजार जिले से पानी की डिमांड आने पर रुद्री बैराज से सिंचाई के लिए पानी छोड़ा गया है।
रायपुर, तिल्दा, भाटापारा, बलौदा बाजार तक 2.64 लाख हेक्टेयर में लगी फसल को बचाने के लिए रुद्री बराज का गेट खोल दिए हैं। महानदी मुख्य नहर में सिंचाई के लिए शुरुआत में 2853 क्यूसेक दिया जा रहा था, जिसे दोपहर में बढ़ाकर 3162 क्यूसेक कर दिया गया। यह पानी बलौदाबाजार तक जाएगा।
मौसम वैज्ञानिक एचपी चंद्रा के अनुसार 23 अगस्त से फिर से बारिश शुरू होगी। मौसम सक्रिय हो जाएगा। धमतरी जिले समेत आसपास के जिलों में बारिश होगी। एक चक्रवाती सिस्टम बन रहा है, जो 23 अगस्त के दौरान सक्रिय हो जाएगा। इसके पहले कहीं-कहीं हल्की बारिश व बूंदा-बांदी हो सकती है।
90 फीसदी तक भरा है गंगरेल
सावन के महीने में शुरुआती दिनों में अच्छी बारिश हुई। दस दिनों की बारिश में गंगरेल बांध 90 प्रतिशत से अधिक भर गया है। आवक ज्यादा होने के कारण गंगरेल बांध से पानी भी छोड़ा गया, जिसे रुद्री बैराज में स्टोर किया गया। यहां से नहर के माध्यम से सिंचाई के लिए पानी दिया जाता है। धान फसल को बचाने रायपुर और बलौदाबाजार से पानी की डिमांड आई है।
सूखते फसलों को बचाने के लिए किसानों ने गंगरेल बांध से सिंचाई के लिए पानी छोडऩे की मांग की थी, जिस पर मुख्यमंत्री ने गंगरेल बांध से सिंचाई छोडऩे का आदेश दिया है। गंगरेल बांध से 3144 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। यह पानी रुद्री बैराज में पहुंच रहा है। धमतरी जिले के साथ ही रायपुर और बलौदा बाजार के 2 लाख 64 हजार 802 हेक्टेयर खेतों की सिंचाई होगी।
बांधों में 48.385 फीसदी पानी संग्रहित
महानदी जलाशय परियोजना के तहत अंचल में चार बांध आते हैं। इसमें गंगरेल के साथ ही मुरूमसिल्ली, सोंढूर और दुधावा आते हैं, जिसकी कुल जल संग्रहण क्षमता 55.157 टीएमसी है। इसके एवज में चारों बांधों में करीब 48.385 टीएमसी पानी संग्रहित है। इसमें से 42.830 टीएमसी उपयोगी पानी है।
बांधों के लबालब भरने के कगार पर पहुंचने के बाद अब तक गंगरेल, दुधावा और सोंढूर बांध का गेट खुल चुके हैं, लेकिन एशिया का एकमात्र सायफन सिस्टम वाले मुरूमसिल्ली बांध के गेट अब तक नहीं खुले हैं। अभी 85 फीसदी पानी है। पर्याप्त मात्रा में पानी भरने के बाद यहां सायफन स्वयं खुल जाता है।
बांधों में पानी एक नजर में
बांध क्षमता जलस्तर प्रतिशत
गंगरेल 32.150 30.052 92.25
मुरूमसिल्ली 5.839 5.017 85.59
दुधावा 10.192 8.503 83.16
सोंढूर 6.995 5.263 72.54


