धमतरी
जिले में एक दिन में हुई 53.9 मिमी बारिश, धमतरी तहसील में रिकॉर्ड 86.9 एमएम गिरा पानी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
धमतरी, 21 जुलाई। जिले में पहली बार बीते 24 घंटे में रिकॉर्ड 53.9 एमएम बारिश हुई है। भारी बारिश से शहर के निचली बस्तियों के लिए आफत बन गई, तो प्रदेश के दूसरे बड़े गंगरेल समेत सहायक मुरूमसिल्ली, सोंढूर और दुधावा बांध के लिए यह जीवनदान साबित हुआ।
कैंचमेंट एरिया कांकेर, चारामा व नरहरपुर क्षेत्र में हुई बीती रात तेज बारिश से गंगरेल बांध में मानसून सीजन में पहली बार रिकॉर्ड 24 हजार क्यूसेक पानी की आवक हो रही है। कैंचमेंट एरिया कांकेर जिले में 58.8 मिमी बारिश हुई। ऐसे में देर-शाम को आवक और बढऩे की संभावना है। धमतरी समेत पड़ोसी जिले कांकेर, गरियाबंद में हुई भारी बारिश से सूखा खत्म हो गया।
जानकारी के मुताबिक गंगरेल बांध की प्यास कांकेर-चारामा और कोंडागांव क्षेत्र में अच्छी बारिश होने पर ही बुझती है। क्षेत्र गंगरेल बांध का कैंचमेंट है। 21 जुलाई की स्थिति में गंगरेल में 23 हजार 627 क्यूसेक पानी की आवक थी। बीते 24 घंटे पहले बांध में केवल 4 प्रतिशत ही उपयोगी पानी बचा था, जबकि जलभराव 20.51 फीसदी था। ओडिशा क्षेत्र में बीती रात से हो रही रुक-रुक कर बारिश से 2 नदियों का संगम स्थल बालका और महानदी का एनीकट उफन गया है।
निचली बस्तियों में भरा घुटने तक पानी
जिले में 24 घंटे में रिकॉर्ड पौने 2 इंच यानि 45.8 मिमी बारिश हुई है। शनिवार को देर-शाम हुई झमाझम बारिश से शहर के निचले इलाके बनियापारा, आमापारा, रिसाईपारा समेत कई क्षेत्रों में सडक़ों पानी से लबालब हो गया। आवागमन पूरी तरह ठप रही। इस बारिश ने निगम की सफाई व्यवस्था की पोल खोल दी।
आज भी भारी बारिश की संभावना
मौसम वैज्ञानिक एचपी चंद्रा ने 21 जुलाई को प्रदेश में भारी वर्षा की संभावना जताई है। बारिश का क्षेत्र मुख्यत: मध्य छत्तीसगढ़ के जिले रहने के आसार हैं। बताया कि एक अवदाब ओडिशा तट पर चिल्का झील के पास स्थित है, यह उत्तर पश्चिम दिशा में 3 किमी प्रति घंटे की गति से आगे बढ़ रहा है। उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए ओडिशा और छत्तीसगढ़ पार करते हुए कमजोर होकर अगले 12 घंटे में कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। मानसून द्रोणिका माध्य समुद्र तल पर जैसलमेर, अजमेर, दमोह, मंडला, रायपुर, निम्न दाब के केंद्र और उसके बाद पूर्व-दक्षिण-पूर्व की ओर पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी तक 1.5 किमी ऊंचाई तक विस्तारित है।
गंगरेल समेत 3 सहायक बांधों में क्षमता व उपयोगी जलभराव, आवक
बांध जलभराव उपयोगी पानी आवक
गंगरेल- 32.150- 3.562- 23627
मुरूमसिल्ली- 5.839- 0.804- 3634
दुधावा- 10.192- 2.906- 6977
सोंढूर- 6.995- 2.774- 7627




