कारोबार
रायपुर, 19 जनवरी। छत्तीसगढ़ सिख समाज के अध्यक्ष सुखबीर सिंह सिंघोत्रा ने बताया कि क्रिकेट केवल एक खेल नहीं, बल्कि युवाओं को सही दिशा देने, अनुशासन सिखाने और नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रखने का सशक्त माध्यम है।
श्री सिंघोत्रा ने बताया कि इसी उद्देश्य को साकार करता हुआ ऑल इंडिया सिंगलीगर सिख प्रीमियर लीग (स्क्करु) का ऐतिहासिक फाइनल मुकाबला आज 18 जनवरी को रायपुर के एमबीपीएल ग्राउंड सरोना रोड में संपन्न हुआ। गुरुद्वारा श्री कलगीधर साहिब, आमनाका रायपुर के युवा सेवादारों द्वारा, शहीद श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस को समर्पित इस अखिल भारतीय क्रिकेट आयोजन के फाइनल में नर्मदापुरम की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए नागपुर की टीम को पराजित कर स्क्करु ट्रॉफी और नगद पुरस्कार पर कब्जा जमाया।
श्री सिंघोत्रा ने बताया कि फाइनल मुकाबले को देखने के लिए हजारों क्रिकेट प्रेमी मैदान में मौजूद रहे। रोमांच, जोश और खेल भावना से भरे इस मुकाबले ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया और युवाओं में खेल के प्रति नया उत्साह जगाया। 13 जनवरी से प्रारंभ हुई इस अखिल भारतीय स्क्करु प्रतियोगिता में देश के विभिन्न राज्यों से आई टीमों ने भाग लिया। पांच दिनों तक चले कड़े मुकाबलों के बाद नागपुर और नर्मदापुरम ने फाइनल में जगह बनाई।
श्री सिंघोत्रा ने बताया कि यह प्रतियोगिता केवल जीत-हार तक सीमित नहीं रही, बल्कि सिख युवाओं को नशे से दूर रखने, आपसी भाईचारे को मजबूत करने और उनकी खेल प्रतिभा को राष्ट्रीय मंच प्रदान करने का प्रेरणादायी प्रयास बनी। समाज की सामूहिक भागीदारी से इस आयोजन को नई ऊर्जा और मजबूती मिली। इस आयोजन को सफल बनाने में समाज के वरिष्ठजनों, गणमान्य नागरिकों, आयोजक मंडल, महिलाओं एवं युवाओं का सराहनीय योगदान रहा।


