बेमेतरा

बिना चिकित्सकीय परामर्श के अपने बच्चों को कोई भी दवा न दे - सीएमएचओ
08-Oct-2025 3:59 PM
बिना चिकित्सकीय परामर्श के अपने बच्चों को कोई भी दवा न दे - सीएमएचओ

बेमेतरा में 2 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को खांसी का सिरप देने पर लगाया प्रतिबंध

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

बेमेतरा, 8 अक्टूबर। भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने एक महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि दो वर्ष से कम आयु के बच्चों को किसी भी प्रकार की खांसी की सिरप या सर्दी-जुकाम की दवाएं नहीं दी जानी चाहिए। साथ ही, यह दवाएं सामान्यत: 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए भी अनुशंसित नहीं हैं। यह कदम शिशुओं को संभावित दुष्प्रभावों से बचाने और उनके स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है।

छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य विभाग का एडवाइजरी जारी होने पर स्वास्थ्य विभाग ने तत्परता से कार्यवाही करते हुए जिला के सिविल सर्जनों ,एवं सभी ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए हैं। सभी शासकीय और निजी स्वास्थ्य संस्थानों को निर्देशित किया गया है कि भारत सरकार की इस गाइडलाइन का सती से पालन सुनिश्चित करें।

साथ ही आयुक्त स्वास्थ्य सेवाएं ने इस संबंध में एक उच्चस्तरीय वीडियो कॉन्फ्रेंस आयोजित कर सभी जिलास्तरीय विभागीय अधिकारियों को सत निर्देश दिए गए हैं कि खांसी या सर्दी की दवाओं का उपयोग केवल चिकित्सकीय परामर्श पर आधारित होना चाहिए तथा इस संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉरपोरेशन (सीजीएमएससी) से प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिन दो कंपनियों के विरुद्ध अन्य राज्यों में कार्रवाई की गई है, उनकी राज्य में किसी भी प्रकार की सरकारी आपूर्ति नहीं रही है। ये कंपनियाँ सीजीएमएससी के डेटाबेस में पंजीकृत भी नहीं हैं। यह तथ्य राज्य में सरकारी स्तर पर आपूर्ति शृंखला की पारदर्शिता और सतर्कता की पुष्टि करता है। प्रदेश के सभी सहायक औषधि नियंत्रकों और औषधि निरीक्षकों को पत्र जारी कर निर्देशित किया गया है कि वे सभी औषधि विक्रय संस्थानों का तत्काल निरीक्षण करें, ताकि एडवाइजरी के उल्लंघन की कोई संभावना न रहे। इसके साथ ही निजी फार्मेसियों का आकस्मिक निरीक्षण भी किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग बेमेतरा के सीएमएचओ डॉ अमृत लाल रोहलेडर ने अभिभावकों से अनुरोध किया है कि वे बिना चिकित्सकीय परामर्श के अपने बच्चों को कोई भी दवा न दें।


अन्य पोस्ट