बेमेतरा
जागेश्वरी ठाकुर की सफलता की कहानी पर डाक्यूमेंट्री फिल्म
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बेमेतरा, 7 अक्टूबर। कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय की छात्रा जागेश्वरी ठाकुर का जीवन साहस और सकारात्मक बदलाव की मिसाल है। छोटे से गांव सूरजपुरा से राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण पदक जीतने का सफर संघर्षपूर्ण रहा। इसमें मुख्य भूमिका कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय बेमेतरा की रही।
कराटे, खेल, नृत्य, सिलाई, क्राफ्ट के कार्यों का प्रशिक्षण जागेश्वरी जैसे बच्चियों के लिए वरदान साबित हुआ। जागेश्वरी ठाकुर की सफलता की कहानी पर डाक्यूमेंट्री फिल्म खेल एवं शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार द्वारा बनाया गया है। राष्ट्रीय स्तर पर मार्शल आर्ट में स्वर्ण पदक जीतकर जागेश्वरी ठाकुर ने साबित किया है।
जागेश्वरी ठाकुर भारतीय मार्शल आर्ट खेल में राष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड पदक जीतने वाली कस्तूरबा की पहली छात्रा बनीं, साथ ही उनके जीवन पर आधारित डाक्यूमेंट्री फिल्म बनी, ऐसी कस्तूरबा की द्वितीय बालिका में अपना नाम दर्ज किया।
जागेश्वरी ठाकुर ने शाला परिवार, अपने गांव, जिले तथा प्रदेश को अपने इस कार्य से गौरवान्वित किया है। इस सफलता के लिए कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय की अधीक्षिका भारती घृतलहरे, शिक्षिकाएं ममता गुरुपंच, राजकिरण मिश्रा, गायत्री साहू, विजयलक्ष्मी परगनिहा, दीप्ति, सावित्री, नेहा वर्मा समस्त शाला परिवार ने सराहा है।


