बेमेतरा

प्लास्टिक पाइप बनाने वाली फैक्ट्री में लगी आग, दो करोड़ के नुकसान की आशंका
06-Oct-2025 4:15 PM
प्लास्टिक पाइप बनाने वाली फैक्ट्री में लगी आग, दो करोड़ के नुकसान की आशंका

 घंटों मशक्कत के बाद काबू,  जनहानि नहीं

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

बेमेतरा, 6 अक्टूबर। ग्राम ओडिय़ा में खेती के लिए उपयोगी प्लास्टिक पाइप बनाने वाली कपंनी के प्रोडक्शन यूनिट में रविवार की सुबह आग लग गई। प्लास्टिक सामान बनाने वाली फैक्ट्री में लगी आग पर काबू पाने के लिए बेमेतरा व कवर्धा जिले की दमकल की टीम ने 4 घंटे तक पसीना बहाया, तब जाकर आग पर काबू पाया जा सका। संचालक के अनुसार आग लगने से रॉ मटेरियल, उपकरण व शेड जलकर खाक हो गए। करीब 2 करोड़ रुपए का नुकसान होने का अनुमान भी जताया।

नेशनल हाइवे किनारे ग्राम ओडिय़ा में रविवार की सुबह 9 के करीब प्लास्टिक पाइप बनाने वाली फैक्ट्री के बड़े हिस्से में आग लग गई। आग लगने के दौरान मौके पर केवल एक कर्मचारी मौजूद था, जिसने जैसे-तैसे भागकर अपनी जान बचाई। आग ने देखते ही देखते निर्माण यूनिट को चपेट में ले लिया, जिससे अंदर रखा रॉ मटेरियल और अंदर उपकरण, मशीन, टीन शेड जलकर खाक हो गए। आग लगने की सूचना बेमेतरा व कवर्धा के दमकल टीम को संचालक व अन्य लोगों के द्वारा दी गई, जिसके बाद पहले कवर्धा जिले से दो दमकल वाहन मौके पर पहुंचे। कवर्धा की टीम ने आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया, जिसके बाद बेमेतरा नगर सैनिक का दमकल वाहन व टीम मौके पर पहुंची। दोनों जिले की दमकल की टीम के 12 से अधिक सदस्यों ने मिलकर आग पर करीब 4 घंटे के बाद काबू पाया। आग बुझाने के लिए आसपास के लोग भी बचाव कार्य में जुटे रहे।

 

रविवार होने की वजह से कर्मचारी छुट्टी पर थे

साहिल पॉलीमर नाम की इस फैक्ट्री में रविवार को आग लगने के दौरान केवल एक ही मजदूर मौजूद था। बाकी छुट्टी पर थे। आमतौर पर 5 कर्मचारी नियमित तौर पर काम करते हैं। कम उपस्थिति होने से मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति नहीं रही। आग लगने से जनहानि नहीं हुई।

अप्रैल में आंधी-तूफान से पूरा शेड उड़ गया था

साल भर के दौरान फैक्ट्री में नुकसान होने की दूसरी घटना है। इससे पूर्व अप्रैल माह के दौरान आए आंधी तूफान से पूरा टीन शेड ढह गया था, जिसे गत दो माह पूर्व ही पुन:स्थापित कर निर्माण प्रारंभ किया गया।

प्लास्टिक होने की वजह से तेजी से निकला काला धुआं

फैक्ट्री का रॉ मटेरियल पूरी तरह से प्लास्टिक से बने हुआ था, जिसके जलने के बाद काले रंग का धुआं उठने लगा। बदबू और घुटन होने से बचाव कार्य में समस्या हो रही थी। हालांकि आसपास में खेत व खुला होने की वजह से कुछ हद तक धुआं फैलता रहा, जिससे लोगों ने राहत महसूस की।

थोक विक्रेताओं को पाइप व अन्य सामानों की सप्लाई

कृषि पाइप निर्माण करने वाली इस फैक्ट्री में कास्तकारी में उपयोग किए जाने वाली पाइप, स्प्रिंकलर पाइप का निर्माण किया जाता है। निर्माण के बाद थोक विक्रेताओं व सप्लायर तक पहुंचाने का काम करती है, जहां पर आग लगी वो दूसरी यूनिट है। घटना स्थल से कुछ दूरी पर पुरानी पाइप फैक्ट्री 10 साल से संचालित है।

जहां आग लगी, वहीं थे फायर सेफ्टी के उपकरण

संचालक सुमन यादव ने बताया कि निर्माण शाखा में आग लगी, वहीं पर फायर सेफ्टी के उपकरण भी रखे हुए थे। आग लगने की वजह से फायर सेफ्टी के उपकरण तक पहुंचा नहीं जा सका। आग बुझाने के लिए पानी व बोर पंप का सहारा लिया गया।

पुलिस की टीम पहुंची पर राजस्व विभाग की टीम नहीं आई

भीषण आग लगने की खबर मिलते ही खंडसरा चौकी प्रभारी राकेश साहू अपने अमले के साथ पहुंचे और बचाव कार्य में जुटे रहे। वहीं अग्निदुर्घटना की खबर लगने के बाद भी राजस्व विभाग का कोई कर्मचारी शाम 6 बजे तक मौके पर नहीं पहुंचा। खंडसरा चौकी प्रभारी राकेश साहू ने बताया कि आग लगने से फैक्ट्री को भारी नुकसान हुआ है। अभी तक किसी प्रकार की शिकायत पुलिस से नहीं की गई है।

फैक्ट्री मालिक सुमन यादव ने बताया कि आग प्रोडक्शन यूनिट में लगी है, जहां पर रॉ मटेरियल, उपकरण लगे हुए थे। आग से शेड जल गया है। करीब दो करोड़ का नुकसान होने का अनुमान है।


अन्य पोस्ट