बस्तर
जगदलपुर, 26 मई। जन अधिकार मोर्चा छत्तीसगढ़ के प्रदेश प्रभारी कर्मवीर सिंह के नेतृत्व में मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर बस्तर को ज्ञापन सौंपकर प्रदेश की सभी यात्री बसों में गति नियंत्रक उपकरण (स्पीड कंट्रोलर) अनिवार्य रूप से लगाने की मांग की गई।
ज्ञापन में कहा गया है कि प्रदेश में प्रतिदिन होने वाली सडक़ दुर्घटनाओं में अनेक लोगों की जान जा रही है तथा कई परिवार असमय दुख और संकट का सामना कर रहे हैं। जन अधिकार मोर्चा का कहना है कि निजी ट्रेवल्स एवं यात्री बसों की तेज रफ्तार दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण बन रही है। निर्धारित गति सीमा से अधिक गति से बसों का संचालन यात्रियों और आम नागरिकों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर रहा है।
संगठन ने हाल ही में रायपुर- बस्तर मार्ग पर हुई एक दुर्घटना का उल्लेख करते हुए कहा कि तेज रफ्तार बस के पलटने से एक शिक्षिका की मृत्यु हो गई, जिससे प्रदेशभर में शोक की स्थिति बनी। संगठन का मानना है कि यदि बसों की गति नियंत्रित रहे तो ऐसी अनेक दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है। जन अधिकार मोर्चा ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि प्रदेश की सभी यात्री बसों में स्पीड कंट्रोलर उपकरण लगाना अनिवार्य किया जाए तथा इसके पालन हेतु प्रभावी निगरानी एवं कार्रवाई की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
संगठन ने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य सरकार इस गंभीर विषय पर संवेदनशीलता दिखाते हुए शीघ्र आवश्यक कदम उठाएगी।
इस अवसर पर संगठन के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने भी ज्ञापन का समर्थन किया और सडक़ सुरक्षा को जनहित का महत्वपूर्ण विषय बताया। इस अवसर पर चंद्रिका सिंह, रवि तिवारी,जयंत साहू, विनय मंडल, धीरेन्द्र ठाकुर,मान सिंह, किरण देवांगन आदि पदाधिकारी उपस्थित रहे।


