विचार / लेख

कबीर कुत्ता राम का
06-Jun-2023 7:56 PM
कबीर कुत्ता राम का

-प्रकाश दुबे
जी-20 का जिन्हें धरती के स्वर्ग कश्मीर में डंका पीटना था, उन्होंने पीटा। तुरत दान महा पुण्य के मुताबिक तेजतर्रार विजय कुमार को लगे हाथों केन्द्रशासित इकाई का कार्यवाहक पुलिस महानिदेशक नियुक्त कर दिया गया है। जंतर मंतर के सरकारी और फ्रेंड्स कालोनी के निजी आवास से गायब मेनका गांधी श्रीनगर में आखिर क्या कर रहीं थीं? शालीमार बाग, निशातबाग और चश्मे शाही घूमने के बजाय मेनका कुत्तों की देखभाल के लिए बने बाड़े का मुआयना कर रही थीं। उनके निवास में ऐसे लावारिस कुत्तों का डेरा है जिनमें से किसी की आंख, पूंछ या टांग गायब है। प्राणियों के प्रति स्नेह भाव बढ़ाने के लिए बने मिलजुल कर रहो संगठन में सक्रिय मेनका की शहर में मौजूदगी का पायदा हुआ। श्रीनगर महानगरपालाक के आयुक्त की अध्यक्षता में श्वान जन्म नियंत्रण निगरानी समिति बनी। अमेरिका में जा बसे कश्मीरी डाक्टर ने एम्बुलेंस भेंट की। कुत्तों की संख्या पर नियंत्रण रखने के लिए सदयता पूर्ण कार्यक्रम चलाने पर मेनका ने सहमति दी है।

कस्तूरी का मिरग ज्यों
इसे कहते हैं, स्वस्थ होड़। प्रधानमंत्री की महज एक कुर्सी के दावेदारों में शामिल किए जा रहे अरविंद केजरीवाल भारत भ्रमण कर रहे हैं। मुंबई में दो पूर्व मुख्यमंत्रियों शरद पवार और उद्धव करे से मुलाकात कर ली। दो मुख्यमंत्रियों ममता बनर्जी और के चंद्रशेखर राव से मुलाकात कर चुके हैं। दोनों कांग्रेस मोर्चे से दूर हैं। उत्साहित केजरीवाल ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन और झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से भेंट की। हंसी खुशी का माहौल बनाने के लिए पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान साथ रहते हैं। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दूसरा रास्ता अपनाया। उन्होंने देश भर की कुछ जानी पार्टियों और नामी नेताओं को 12 जून को पटना आने की दावत दी है। तय है कि 12 को छोटे परदे की खबरों में और अगले दिन अखबारों में दर्जन भर चेहरे चमकेंगे। इंदिरा गांधी, चंद्रशेखर वगैरह के जमाने में भारत भ्रमण से प्रधानमंत्री बनते थे। राहुल गांधी अब कतार में खड़े हैं। मेल-मुलाकात से तो मुख्यमंत्री नहीं बन पाते। अपने आसपास के चेहरों पर नजर डालिए। मेरी बात का सगा सच्चा प्रमाण मिल जाएगा।  

आया है सो जाएगा  
कुछ मामलों में नरेन्द्र मोदी और ममता बनर्जी में सगे भाई  रिश्ता है। कांग्रेस वालों की थोड़ी सी खुशी भी दोनों को सहन नहीं होती। विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और मार्क्सवादी पार्टी के खाते नहीं खुले थे। भारतीय जनता पार्टी की दी दी ओ दीदी की गुहार धूल चाट गई थी। पचास दिन पहले उपचुनाव में कांग्रेस टिकट पर बैरम विश्वास की जीत हुई। लोकसभा में कांग्रेस दल के नेता अधीर रंजन बनर्जी की बांछें खिल गईं। उनके लोकसभा क्षेत्र बहरामपुर के अंतर्गत आने वाले विधानसभा क्षेत्र सागरदिघी में खाता खुला था। ममता समर्थक दल बदल के आरोप को सही नहीं मानते। उनकी दलील है कि जब भाजपा में शामिल हुए दलबदलुओं को दीदी प्यार से वापस बुला सकती हैं, तब विश्वास बाबू पर अविश्वास क्यों किया जाए? वे तो तृणमूल कांग्रेस पार्टी के कट्टर कार्यकर्ता हैं। उम्मीदवारी नहीं मिलने पर बताकर पार्टी छोडक़र गए थे। जैन धर्म में पर्यूषण पर्व या क्षमापना मनाया जा है। उस दिन हर किए अनकिए गुनाह की माफी मांगी जाती है। लोकतंत्र में इस प्रथा को बनाए रखने का श्रेय दीदी को मिलना चाहिए।

फेर करेंगे कब
रिलायंस के के वी कामत को वित्त मंत्री बनाने का रिलायबल सलाहकार प्रचार करते रहें। वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन को नए संसद भवन में देखा है? प्रधानमंत्री सेंगोल-राजदंड ग्रहण कर रहे थे, तब वहां मौजूद एकमात्र राजनीतिक दक्षिणमूर्ति निर्मला थीं। यह बात और है कि कई महीने बीत जाने के बावजूद वे आयकर विभाग की तरफ ध्यान नहीं दे पा रही हैं। अन्यथा मत लेना। छापेमारी का फरमान जारी करने वाले अलग हैँ। इस समय आयकर विभाग में अनेक पद रिक्त हैं। मुख्य आयकर आयुक्त स्तर के रिक्त पदों की संख्या आधा शतक बना चुकी होगी। इनमें भी ज्यादातर मुंबई सहित महानगरों में हैं। दिलचस्प बात यह है कि इस पद के समकक्ष अधिकारी पद स्थापना का इंतजार कर रहे होंगे। उनकी संख्या भी तीन दर्जन के आसपास होगी। किस तरह की ग्रह शांति के लिए आदेश आटके पड़े हैं? आय और कर के विशेषज्ञ ही यह ज्योतिष जानते होंगे।
(लेखक दैनिक भास्कर नागपुर के समूह संपादक हैं)


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