सरगुजा
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
अंबिकापुर, 22 फरवरी। होली के दिन भी छत्तीसगढ़ में शराब दुकानों को खुले रखने के सरकारी निर्णय को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। अंबिकापुर के पूर्व महापौर डॉ. अजय तिर्की ने राज्य सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि सरकार के पास पैसों की भारी कमी हो गई है, इसलिए वह त्योहार के दिन भी शराब बिक्री पर निर्भर रहना चाहती है।
डॉ. तिर्की ने कहा कि प्रदेश में ट्रिपल इंजन की सरकार होने के बावजूद राज्य को शराब बेचकर चलाने की नीति अपनाई जा रही है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि होली जैसे पावन और पारिवारिक पर्व पर शराब की बिक्री जारी रहने से अपराध और अव्यवस्था की घटनाएं बढ़ सकती हैं। इससे लोग शांतिपूर्ण तरीके से त्योहार नहीं मना पाएंगे और सामाजिक सौहार्द पर भी प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
पूर्व महापौर ने सरकार से आग्रह किया कि वह अपने निर्णय पर पुनर्विचार करे और होली के दिन शराब दुकानों को बंद रखने का आदेश जारी करे। उन्होंने कहा कि सरकार को राजस्व से अधिक जनभावनाओं और सामाजिक सुरक्षा को प्राथमिकता देनी चाहिए, ताकि होली का पर्व शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाया जा सके।


