सरगुजा
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
अम्बिकापुर, 4 नवंबर। लोक आस्था और सूर्योपासना का महापर्व छठ मंगलवार को नहाय खाय के साथ प्रारम्भ होगा। शहर के नजदीक सबसे बड़े छठ घाट खर्रा नदी के तट पर घुनघुट्टा श्याम सेवा समिति द्वारा श्रद्धालुओं के लिए व्यापक तैयारी की गई है। गत वर्ष से दुगनी संख्या में व्रतियों और श्रद्धालुओं के लिए घाट और पार्किंग की व्यवस्था है।
घुनघुट्टा श्याम सेवा समिति के संरक्षक राकेश गुप्ता, अध्यक्ष राम कुमार गुप्ता ने बताया कि छठ व्रत में शुद्धता और पवित्रता का विशेष ख्याल रखा जाता है। घुनघुट्टा नदी का साफ बहता पानी और सपाट पथरीली नदी तल के चलते श्रद्धालुओं की पहली पसंद है। विगत वर्ष 11 सौ व्रतियों के लिए सूप, दउरी रखने के लिए घाट तैयार किया गया था। इस बार 21 सौ व्रतियों के लिए व्यवस्था की गई है। वाहनों के लिए 5 एकड़ में नया पार्किंग स्थल बनाया गया है।
अस्ताचल सूर्य देव को अघ्र्य के दौरान सावन लाइव बैंड के कलाकार भक्ति गीतों की प्रस्तुति देंगे। छठ पर्व के अंतिम दिन उगते सूर्य को अघ्र्य देने के दौरान वाराणसी के विद्वानों के द्वारा मंत्रोचार एवं भव्य गंगा आरती का कार्यक्रम आकर्षण का केंद्र है। छठ घाट को लाल-पीले वन्दनवार और बिजली के आकर्षक बल्बों से सजाया गया है। छठ व्रतियों के सुविधा के लिए नदी के दोनों तट पर घाट की नम्बरिंग की गई है। छठ व्रतियों के लिए घाट का टोकन नि:शुल्क उपलब्ध है।
आयोजन को व्यवस्थित और भव्य बनाने के लिए घुनघुट्टा श्याम सेवा समिति के प्रेम कुशवाहा, उत्तम राजवाड़े, नारद गुप्ता, राकेश सोनी, पंकज गुप्ता, पुनीत कुशवाहा, शुभम कुशवाहा, आशीष, संजू, नीरज, शुभम, शिवम, अभय आदि सक्रिय हैं।


