सरगुजा
सडक़ हादसे में हुई थी 8 मौतें, चालक का करकली में अंतिम संस्कार
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजपुर, 3 नवंबर। बलरामपुर जिले के लरिमा निवासी पति-पत्नी व बेटी समेत 8 लोगों की शनिवार की रात सडक़ हादसे में हुई मौत से गांव में मातम पसरा हुआ है। रविवार शाम एक साथ 7 लोगों की अर्थी उठी। इसे देख पूरा गांव रो पड़ा। अंतिम संस्कार कार्यक्रम में सरगुजा सांसद , सामरी विधायक समेत प्रशासनिक व पुलिस अमला भी शामिल हुआ। सांसद व विधायक ने मृतकों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित कर परिजनों को ढांढस बंधाया। वहीं चालक का उसके गांव करकली में अंतिम संस्कार हुआ।
बीती रात राजपुर-लडुआ के पास हुए हादसे में एक ही गाँव के सात लोग सहित चालक की मौत हो जाने के बाद रविवार को सरगुजा सांसद चिंतामणि महाराज एवं सामरी विधायक उद्धेश्वरी पैंकरा ने लरिमा पहुँचकर परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। सभी शवों को एक साथ देखकर पूरा गाँव रो पड़ा। सभी के आँखों से आँसू छलक पड़े।
शनिवार की रात करीब 8 बजे ग्राम लडुआ में हृदय विदारक घटना हो गई। लरिमा से सूरजपुर जा रहे स्कार्पियो लडुआ में एक डबरी नुमा तालाब में दुर्घटना ग्रस्त होकर पलट गई थी। इस घटना में वाहन पूरी तरह से पानी में डूब गया था। घटना में ग्राम लरिमा के सात लोगों की जान चली गई, वहीं करकली निवासी चालक की भी मौत हो गई थी। इस घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है।
घटना की जानकारी लगते ही रात में ही सामरी विधायक उद्धेश्वरी पैकरा राजपुर स्वास्थ्य केंद्र पहुँचकर घटना के बारे में विस्तृत जानकारी ली वहीं घटना की जानकारी लगते ही दूसरे दिन रविवार को सरगुजा सांसद चिंतामणि महराज भी राजपुर स्वास्थ्य केंद्र पहुँचकर हालात का जायजा लिया। रविवार को पुलिस प्रशासन द्वारा सभी मृतकों के शव का पीएम कराकर उनके गृह ग्राम भेज दिया है।
सरगुजा सांसद एवं सामरी
विधायक ने जताया गहरा दु:ख
घटना के बाद रविवार को सरगुजा सांसद चिंतामणि महराज एवं सामरी विधायक उद्धेश्वरी पैकरा मृतकों के गाँव लरिमा पहुँचे। उन्होंने मृतकों के शव पर कफऩ देकर गहरा दु:ख जताया। एक साथ सात लोगों के शव देखकर लोगों की आँखों से आँसू छलक पड़े।
सरगुजा सांसद एवं सामरी विधायक ने परिवार से मिलकर उनके प्रति गहरा दु:ख जताते हुए शोक संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित कर अंतिम यात्रा में शामिल होकर परिवार के सदस्यों को सांत्वना एवं संबल प्रदान किया।
गांव में पसरा मातम
इस दर्दनाक घटना में एक साथ सात लोगों की मौत के बाद गाँव स्तब्ध हो गया है। सभी शवों को एक साथ देखकर पूरा गाँव रो पड़ा। सभी के आँखों से आँसू छलक पड़े। रविवार शाम करीब 4 बजे एक साथ सात अर्थियां उठने से पूरे गाँव में शोक की लहर है।


