सरगुजा
ग्राम पंचायत नहीं निगम की है बैठक, आना चाहिए था वरिष्ठ अधिकारियों को- पार्षद आलोक
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
अम्बिकापुर, 2 सितंबर। नगर निगम के सामान्य सभा की बैठक में कई विभाग के अधिकारी को बुलाया गया। यहां पार्षदों ने शिकायतों की बौछार कर दी। सामान्य सभा में शहर के अंदर संचालित 11 हमर क्लिनिक को लेकर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से भी कई सवाल के साथ-साथ शिकायत भी की गई।
लोक निर्माण विभाग प्रभारी सफी अहमद ने हमर क्लीनिक में पूरी जांच व पूरी दवा को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि शुरुआत में 140 प्रकार की दवा मिलने की बात कही गई थी, परंतु आज कुछ और कहा जा रहा है। पहले यह स्पष्ट करें कि हमर क्लीनिक में कितने प्रकार की दवाई मिलेगी।
वहीं विपक्ष के पार्षद आलोक दुबे ने इस गंभीर मुद्दे को लेकर सदन को कहा कि यह ग्राम पंचायत की बैठक नहीं बल्कि निगम की बैठक है। इस बैठक में स्वास्थ्य विभाग के किसी जिम्मेदार अधिकारियों को आना चाहिए था। हमर क्लिनिक को लेकर कई पार्षदों ने क्लीनिक में डॉक्टर नहीं होने की बात कही।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी ने बताया कि अमर क्लीनिक में डॉक्टर का 2 साल का बांड होता है, 6 जून को बांड समाप्त हो गया है। किस कारण से कई जगह यह दिक्कत है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी द्वारा कुछ स्थान पर भवन उपयोग लायक़ नहीं होने की बात पर लोक निर्माण विभाग प्रभारी सफी अहमद ने कहा कि हमर क्लीनिक के लिए जो भी भवन बनाए गए हैं वह ड्राइंग डिजाइन के अनुसार बनाए गए थे और उसे नगर निगम के द्वारा नहीं बनवाया गया था। फिर आज यह बात क्यों सामने आ रही है कि वह भवन उपयोग लायक नहीं है। इस बात का जवाब उपस्थित स्वास्थ्य अधिकारी नहीं दे पाए।
दुव्र्यवहार करने वाले राशन दुकान संचालकों पर हो कार्रवाई
बैठक में पार्षद आलोक दुबे ने कहा कि एक-एक समिति के पास 8-8 दुकान है जो निलंबित है वह भी दुकान चला रहे हैं। लोक निर्माण विभाग के प्रभारी सफी अहमद ने कहा कि 3 महिने से चना वितरण नहीं हुआ है फूड ऑफिसर जो नए आए हैं बहुत ज्यादा सक्रिय नहीं दिख रहे हैं। राशन दुकान संचालक द्वारा उपभोक्ताओं से दुव्र्यवहार किया जा रहा है ऐसे लोगों पर सख्त कार्रवाई करते हुए दुकान निरस्त करने का प्रावधान किया जाना चाहिए।
सभापति अजय अग्रवाल ने कहा कि राशन दुकान में वितरण की जानकारी हर महीने पार्षदों को दी जाए ताकि उन्हें पता हो कि क्या आया है और क्या लोगों को मिल रहा है। महापौर अजय तिर्की ने कहा कि फूड ऑफिसर को कोई दिक्कत आ रही है तो वह निगम या उनसे स्वयं बैठक कर चर्चा कर सकते हैं।
बैठक में अंबिकापुर कोतवाली थाना प्रभारी ने कहा कि शहर में सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने एवं अपराधों पर लगाम लगाने के लिए शहर में व वार्डों में सीसीटीवी लगाने की आवश्यकता है।अगर सभी पार्षद अपने मद से कैमरा लगवाए तो अपराध पर काफी नियंत्रण लगेगा। इस पर सभापति अजय अग्रवाल ने कहा कि सीसीटीवी लगाने पार्षद मद से अनुमति नहीं है,अगर शासन से अनुमति मिल जाए तो सारे लोग अपनी निधि से पैसा देने तैयार है।
वहीं विशेष बुलावे पर पहुंचे विधायक प्रबोध मिंज ने कहा कि कैमरा लगाने के लिए प्रस्ताव पास किया जाए वह स्वयं सरकार के पास उनकी बातों को रखेंगे और उन्होंने उम्मीद जताई कि इसके लिए अनुमति सरकार से मिल जाएगी। इसके पश्चात सामान्य सभा में पार्षद निधि से सीसीटीवी कैमरा लगाने का प्रस्ताव पास किया गया एवं अनुमति हेतु शासन के पास भेजने का निर्णय लिया गया।
बैठक में पार्षद दीपक मिश्रा ने बताया कि महात्मा गांधी वार्ड केना बांध में पानी टंकी और शासकीय हाई स्कूल में रोज रात को शराबी वहां जमकर शराब पीते हैं और वही स्कूल के सामने शराब की बोतल फोड़ देते हैं जिसके कारण सुबह पहुंचे छात्र स्कूल में प्रवेश नहीं कर पाते, जब तक फुटे हुए बोतलों की सफाई नहीं हो पाता है छात्र-छात्राएं स्कूल के अंदर प्रवेश नहीं कर पाते है,हर रोज 1 घंटे साफ सफाई के बाद वह स्कूल में प्रवेश कर पाते हैं और फिर पढ़ाई कर पाते हैं,इसकी शिकायत उन्होंने कई बार पुलिस से की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई,इस पर थाना प्रभारी ने इसे दिखाने की बात कही है।
विद्युत व्यवस्था चरमराने से पेयजल आपूर्ति हो रही बाधित
बैठक में पहुंचे विद्युत विभाग के अधिकारियों से सभापति अजय अग्रवाल ने शहर में विद्युत व्यवस्था चरमराने को लेकर सवाल किया तो उन्होंने कहा कि बारिश एवं मेंटेनेंस के अभाव में व्यवस्था चरमरा गई है, कई जगहों पर ट्रांसफार्मर लगाने की आवश्यकता है।
इस पर विधायक प्रबोध मिंज ने कहा कि नए ट्रांसफार्मर लगाने की जगह ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ा दी जाए तो समस्या का हाल हो जाएगावही महापौर डॉक्टर अजय तिर्की ने कहा कि कतकालो क्षेत्र और तकिया में घंटो विद्युत आपूर्ति ठप होने से शहर में पेयजल आपूर्ति करने में बाधा उत्पन्न हो रही है।विद्युत विभाग वहां ऐसी व्यवस्था बनाए की एक फेस लाइट गोल हो जाए तो दूसरे फेस से कम चलाया जाए।लोक निर्माण विभाग के प्रभारी सफी अहमद ने कहा कि मुख्यमंत्री विद्युतीकरण शहरी योजना के तहत हर वर्ष जो रुपए आते हैं निगम के जनप्रतिनिधियों के सुझाव पर खर्च किया जाए।


