सरगुजा

अक्षत हत्याकांड: खुद की सुपारी देने की कहानी पर किसी को नहीं है विश्वास
23-Aug-2024 9:51 PM
अक्षत हत्याकांड: खुद की सुपारी देने की कहानी पर किसी को नहीं है विश्वास

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

अम्बिकापुर, 23 अगस्त। गांधीनगर थाना क्षेत्र में युवा कारोबारी हत्याकांड में पुलिस के हाथ सिर्फ आरोपी की कहानी है। अक्षत अग्रवाल की 3 गोली मारकर हत्या की गई है। आरोपी के बताए कहानी पर न पुलिस और न परिवार के लोग ही भरोसा कर रहे हैं। आरोपी के खिलाफ गांधीनगर थाने में ऑम्र्स एक्ट, रेप, मारपीट सहित 7 मामले दर्ज हैं।

सरगुजा एसपी योगेश पटेल ने कहा कि पुलिस अन्य सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। अक्षत के पास मिले तीन पिस्टल कहां से आए, अक्षत ने स्वयं की सुपारी क्यों दी। पुलिस इन सवालों के जवाब की तलाश कर रही है।

जानकारी के अनुसार अंबिकापुर के अंबिका स्टील इंडस्ट्रीज के संचालक महेश केडिया के पुत्र अक्षत अग्रवाल (23) का शव बुधवार को चठिरमा गौशाला के पास जंगल में उसकी कार में मिला था। उसके हत्या के आरोपी संजय मंडल को पुलिस ने पकड़ा। उसने ही अक्षत के शव की बरामदगी कराई। संजय मंडल ने अक्षत अग्रवाल को तीन गोलियां मारी थी।

एसपी योगेश पटेल ने बताया कि मंगलवार की दोपहर को आरोपी और अक्षत की मुलाकात हुई थी। आरोपी पहले अक्षत अग्रवाल की फर्म में कर्मचारी था। वह स्वयं आरोपी के घर के पास पहुंचा था, जहां दोनों की मुलाकात हुई। शाम करीब सवा 6 बजे फिर से अक्षत अग्रवाल आरोपी संजय मंडल के घर के पास पहुंचा। वहां से वह बनारस रोड में आए।

पुलिस पूछताछ में आरोपी संजय मंडल ने पुलिस को बताया है कि मौके पर अक्षत अग्रवाल ने खुद को मारने के लिए सुपारी दी थी। संजय मंडल को अक्षत ने 2 सोने की चेन, ब्रेसलेट और अंगूठी के अलावा 50 हजार रुपए कैश दिए थे। आरोपी ने बिल्कुल सटाकर अक्षत अग्रवाल के सीने में तीन गोलियां दाग दी।

एसपी योगेश पटेल ने कहा कि कोई स्वयं की हत्या की सुपारी देगा, यह अब तक हमने भी नहीं सुना है। पुलिस को भी आरोपी की स्टोरी पर भरोसा नहीं है। पुलिस अन्य सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। आरोपी को रिमांड पर लिया जाएगा।

 निष्पक्ष हो जांच

एसपी योगेश पटेल ने बताया कि अक्षत अग्रवाल के परिजन और दोस्तों से बात हुई है। उन्हें इस बात का भरोसा नहीं है कि किसी भी हाल में अक्षत अग्रवाल खुद को मारने की सुपारी दे सकता है। परिजनों ने आशंका जताई है कि अक्षत किसी साजिश का शिकार हुआ है। इसमें अन्य लोगों की भूमिका हो सकती है। निष्पक्ष जांच की मांग की है।

विशेष टीम करेगी अनसुलझे सवालों की जांच

एसपी योगेश पटेल ने कहा कि आरोपी संजय मंडल ने बताया है कि जब्त 3 पिस्टल और 34 कारतूस अक्षत अग्रवाल खुद लेकर आया था। एसपी के अनुसार ब्लैक मार्केट में ऐसे पिस्टल 40 से 50 हजार रुपए में उपलब्ध हैं। मृतक के परिजनों को पिस्टल के बारे में पता नहीं है। पिस्टल कहां से अक्षत को मिले, इसकी जांच की जा रही है।

एसपी योगेश पटेल ने कहा कि आरोपी जो दावे कर रहा है, वह संभव कैसे है? इस पर पुलिस जांच कर रही है। अभी तक कोई ऐसा कारण नहीं मिला है कि अक्षत खुद की सुपारी देगा। एसपी ने बताया कि अंबिकापुर सीएसपी रोहित शाह और डीएसपी शुभम तिवारी के नेतृत्व में विशेष पुलिस की टीम जांच करेगी।

इलेक्ट्रॉनिक सबूतों पर टिकी आगे की जांच

पुलिस को मामले में अन्य किसी की संलिप्तता के सबूत फिलहाल नहीं मिले हैं। पुलिस की आगे की जांच इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों पर ही टिकी है। मृतक के आईफोन को अनलॉक करने की कोशिश कर रही है। पुलिस मृतक के कॉल रिकॉर्ड, सोशल मीडिया प्रोफाइलिंग और सीसीटीवी फुटेज से जांच की कड़ी जोडऩे की कोशिश कर रही है। पुलिस आगे की जांच में अन्य सवालों के जवाब तलाशेगी।


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