सरगुजा
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
अंबिकापुर, 31 जुलाई। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद अंबिकापुर नगर के कार्यकर्ताओं द्वारा विश्वविद्यालय इंजीनियरिंग कॉलेज के प्राचार्य के खिलाफ आंदोलन किया गया।
महाविद्यालय एवं छात्रावास के मामलों को लेकर यह घेराव किया गया महाविद्यालय के प्राचार्य को पूर्व में भी विद्यार्थी परिषद द्वारा अवगत कराया गया था कि महाविद्यालय में व्याप्त मामलों की जल्द से जल्द ठीक करें परंतु लंबे समय तक भी महाविद्यालय द्वारा इसमें कोई सुधार नहीं किया गया।
विद्यार्थी परिषद के प्रदेश सह मंत्री अनंत सोनी द्वारा बताया गया कि महाविद्यालय के प्राचार्य डॉक्टर आर. एन. खरे के ऊपर 30 करोड़ का घोटला का भी आरोप है। महाविद्यालय में प्रवेश में ब्लेजर व कौशल मनी लिया गया है, परंतु छात्रों को किसी भी प्रकार का ब्लेजर उपलब्ध नहीं कराया गया एवं कौशल मनी भी वापस नहीं की गई व पूर्व में ब्लेजर शुल्क घोटाले जैसा आरोप है। महाविद्यालय के प्राचार्य को तत्काल हटाया जाना चाहिए।
विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक उज्ज्वल तिवारी द्वारा बताया गया कि महाविद्यालय जाने हेतु मार्ग की हालत लंबे समय से जर्जर है व छात्रावास से महाविद्यालय जाने तक का भी मार्ग सही नहीं है। महाविद्यालय के भूमि का सीमांकन आज तक पूर्ण रूप से नही हो पाया है जिस कारणवश महाविद्यालय के भूमि में अवैध कब्जा हो रहा है व बाउंड्री वॉल भी नहीं बन पा रहा है। महाविद्यालय में खेल के लिए,मैदान ,पार्किंग,मंच,कैंटीन तक की सुविधा अब तक उपलब्ध नहीं हुई है जिससे छात्रों को बहुत अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। महाविद्यालय में माइनिंग,मैकेनिकल,एवं सिविल लैब नही है व नाम मात्र के लिए इलेक्ट्रिकल और कंप्यूटर का लैब जिसने किसी भी प्रकार का कार्य नहीं कराया जाता है ।
अभाविप नगर मंत्री रोनी मिश्रा ने कहा की महाविद्यालय में अनेक विषयों में शिक्षकों की कमी है जिससे छात्रों को महत्वपूर्ण बिंदुओं को समझने में परेशानी होती है। महाविद्यालय में छात्रों को शिक्षकों द्वारा अभद्रता पूर्वक बात किया जाता है और धमकी देते है की छात्रावास और महाविद्यालय से निकल दिया जायेगा एवं छात्रों द्वारा दिए गए लैब प्रैक्टिकल के माक्र्स में अनुपस्थित कर दिया जाता है जबकि छात्र उस प्रैक्टिकल में उपस्थित रहते है।
प्रदेश तकनीकी सह प्रमुख गोपाल सिंह द्वारा बताया गया कि महाविद्यालय अध्यनरत छात्र जो प्रथम वर्ष में पढ़ाई कर रहे है उनसे द्वितीय वर्ष का फीस प्रथम वर्ष पूर्ण होने से पहले ले लिया जा रहा है व जो छात्र शुल्क जमा करने में विलंब कर रहे है उनसे प्रतिदिन 500 रुपए तक जुर्माना लिया जा रहा है, जिससे छात्रों को आर्थिक व मानसिक रूप से प्रताडि़त किया जा रहा है।
नगर तकनीकी प्रमुख रितेश गुप्ता द्वारा बताया गया कि महाविद्यालय के एक वर्ष से संचालित छात्रावास में छात्रों के लिए मेस की सुविधा नहीं है जिस कारण वस छात्र मजबूरी में छात्रावास में स्वयं सिलेंडर लगा कर भोजन पकाने में मजबूर है एवं छात्रावास में जनरेटर न होने से बिजली चले जाने के बाद छात्रों को रात के समय पढ़ाई करने में परेशानी होती है।
छात्रावास में शौचालय, स्नानघर, पीने के पानी की टंकी में किसी प्रकार की कोई सफाई नहीं है व वाटरकुलर में बिजली के झटके आते है। छात्र स्वयं के पैसे से नल लगाने हेतु मजबूर है एवं बाथरूम में बल्ब नहीं है एग्जास्ट फैन नहीं है। व छात्रावास में पानी टपकता है। महाविद्यालय में पुस्तकों की सुविधा अच्छी नहीं है जिस कारण छात्र ऑनलाइन पढ़ाई करने हेतु मजबूर है व छात्रावास में लगाया गया वाईफाई उपयोगी नहीं है जिससे छात्रों को अध्ययन हेतु परेशानी का सामना करना पड़ता है।
अभाविप ने मांग पूरी न होने पर अनिश्चित कालिन आंदोलन की चेतावनी दी है। आंदोलन में प्रमुख रूप से अविनाश मंडल रोहन मंडल नगर सह मंत्री आस्तिक सिंह, लकी सिंह, सिद्धार्थ यादव, सृष्टि सिंह, आयुष तिवारी, नगर तकनीकी प्रमुख रितेश गुप्ता, मयंक शुक्ला,रिया राय, राहुल, विवेक, हरीश, रितेश, अमन राकेश, रोशन, प्रदीप, राजा व अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


