सरगुजा
'छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रामानुजगंज, 28 दिसंबर। नगर सीमा से सटे ग्राम पुरानडीह निवासी अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव तिवारी जिला चिकित्सालय बलरामपुर में पदस्थ हैं, उनके द्वारा हड्डी के कई बड़े एवं छोटे ऑपरेशन लगातार किए जा रहे हैं, वहीं जो ऑपरेशन पहले बड़े शहरों में होते थे, वह अब बलरामपुर जिला चिकित्सालय में होने लगे। बीते दिनों 60 वर्षीय महिला का कूल्हा टूट गया था, उसका सफल प्रत्यारोपण कर 24 घंटे के अंदर महिला को पैरों पर खड़ा किया। यह स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में बलरामपुर जिले के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
धनगांव की सुशीला को डेढ़ माह पूर्व खेत में काम करने के दौरान गिरने से चोट लगी थी और बिस्तर पर पड़ी थी। डेढ़ महीने बाद जिला अस्पताल बलरामपुर में लाया गया, जहां पर अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव तिवारी को दिखाया गया तो उन्होंने एक्स-रे कराया तो पता चला कि उनके कूल्हे की हड्डी टूट गई है, उसके बाद कूल्हे का प्रत्यारोपण करने की बात कही।
डॉ. राजीव तिवारी निश्चिचेतना विशेषज्ञ डॉक्टर रूपक कुमार,सुनील यादव उदय मंडल बालकृष्ण ओटी टेक्नीशियन की टीम ने मिलकर 2 घंटे में कूल्हे का सफल प्रत्यारोपण किया। अब सुशीला पूर्णता स्वस्थ हैं, 24 घंटे बाद ही सुशीला अपने दोनों पैरों पर खड़ी होकर चल रही है। कूल्हे का प्रत्यारोपण डॉ. खूबचंद बघेल योजना के तहत पूरी तरह निशुल्क किया गया। डॉ. राजीव तिवारी के द्वारा चौथी बार कूल्हे का सफल प्रत्यारोपण किया गया।
डॉ.राजीव वर्ष 2022 में 500 मेजर ऑपरेशन किए
अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव तिवारी के द्वारा सन 2022 में 500 मेजर ऑपरेशन किए गए, जो बलरामपुर जिला चिकित्सालय के लिए एक रिकॉर्ड है। जहां पहले एक भी ऑपरेशन करना संभव नहीं होता था वहीं अब व्यवस्था सुधरी तो जिले वासियों को बेहतर स्वास्थ सुविधा मिल रही है। पहले जहां जिले वासी बेहतर स्वास्थ सुविधा के लिए बिहार झारखंड के बड़े शहरों का रुख करते थे, वहीं अब बलरामपुर जिला चिकित्सालय में बेहतर स्वास्थ सुविधा मिलने के कारण अब झारखंड-बिहार के मरीज बलरामपुर जिला चिकित्सालय भी पहुंच रहे हैं। प्रत्येक महीने ऑपरेशन कराने वालों में 15 से 20 झारखंड एवं बिहार के मरीज रहते हैं।


