राजनांदगांव
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजनांदगांव, 23 सितंबर। डोंगरगढ़ स्थित मां बम्लेश्वरी के दर्शन के लिए पदयात्रियों के कदम निर्धारित रूट पर बढऩे लगे हैं। अंजोरा से डोंगरगढ़ जाने के लिए प्रशासन ने एक रूट तय कर दिया है। जिसमें पदयात्रियों की सुविधा और उनकी सुरक्षा का विशेष ख्याल रखा जा रहा है।
अंजोरा बायपास से नेशनल हाईवे को स्थानीय गौरीनगर मोड़ तक वन-वे कर दिया गया है। यात्रियों को दुर्घटना से बचाने के लिए वाहनों की आवाजाही नियंत्रित करने अंजोरा से राजनंादगांव शहर के प्रवेश तक ब्रेकर बना दिए गए हैं। तेज रफ्तार के वाहनें ऐसी स्थिति में एक निश्चित गति में दौड़ रही है। प्रशासन ने पदयात्रियों के खानपान और उनके आराम का भी खूब ख्याल रखा है। उनके लिए बनाए गए पंडाल में आराम करने के लिए बिस्तर और पंखे की व्यवस्था भी की गई है। प्रशासन के अलावा निजी सामाजिक संगठनों का भी पंडाल पदयात्रियों के निर्धारित रूट पर तैयार किया गया है। इस बीच जिले में पदयात्रियों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया है। नवरात्र के दूसरे दिन यानी मंगलवार को पदयात्री अलग-अलग जत्थों में दिखाई पड़ रहे हैं।
मां बम्लेश्वरी के दर्शनार्थियों को शहर से गुजरते देखकर लोगों का उत्साह भी बढ़ रहा है। पदयात्री मां बम्लेश्वरी की जयघोष करते पूरे जोश के साथ आगे बढ़ रहे हैं। पिछले कुछ सालों में डोंगरगढ़ जाने पदयात्रियों की संख्या में खासा इजाफा हुआ है। ऐसे में जगह-जगह स्वास्थ्य विभाग और अन्य विभागों द्वारा पंडाल लगाकर पदयात्रियों को सुविधा मुहैया कराया जा रहा है।
‘छत्तीसगढ़’ से चर्चा करते दुर्ग पाटन के रहने वाले गोपी नायक, करण कुलदीप, गौरव सिंह ने बताया कि नवरात्र पर्व पर मां बम्लेश्वरी के दर्शन के लिए आगे बढ़ रहे हैं। वह नवरात्र पर्व पर माता का दर्शन करने पिछले 5-6 साल से डोंगरगढ़ जाते हैं। उन्होंने कहा कि नवरात्र के पहले दिन शाम के समय पदयात्रा प्रारंभ किया। रास्ते में उन्हें कोई परेशानी नहीं हुई।
इसके अलावा दुर्ग, रायपुर और अन्य जिलों के पदयात्रियों का जत्था डोंगरगढ़ स्थित पहाड़ी वाली मां बम्लेश्वरी के दर्शन के लिए जयकारे लगाते आगे बढ़ते नजर आए। वहीं पदयात्रियों में उत्साह भी नजर आया। इधर नवरात्र पर्व पर पदयात्रियों की संख्या अगले एक-दो दिन में बढऩे की संभावना है।
मातारानी के दर्शन के लिए प्रदेश के अलग-अलग जिलों के लोग पदयात्रा, कुछ निजी वाहनों और अन्य संसाधनों से डोंगरगढ़ पहुंचते हैं। ऐसे में डोंगरगढ़ में दर्शनार्थियों की संख्या बढऩे की उम्मीद के अनुरूप सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं। राजनांदगांव शहर में पदयात्रियों को देखकर लोग जयकारा भी कर रहे हैं। पंचमी-षष्ठमी तक पदयात्री बड़ी संख्या में सडक़ों में कदमताल करते नजर आएंगे।


