राजनांदगांव

चक्रवाती तूफान मिचौंग ने बढ़ाई ठिठुरन
06-Dec-2023 1:52 PM
चक्रवाती तूफान मिचौंग ने बढ़ाई ठिठुरन

 सर्दीली हवाओं से पारा लुढक़ा, अलाव का सहारा 

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजनांदगांव, 6 दिसंबर।
चक्रवाती तूफान ‘मिचौंग’ के प्रभाव से ठंड ने अपना कड़ा रूप दिखाया है। ठंडी हवाओं ने पहली बार मौसम में कंपकपी की अहसास कराया है। ठिठुरन बढऩे से लोग इस सीजन में पहली मर्तबा कांपते दिखाई दिए। सर्दीली हवाओं के कारण पारा तेजी से लुढक़ गया। लोग ठंड से बचने के लिए अलाव का सहारा लेने मजबूर हुए। दिन में भी लोग गर्म कपड़ों के लबादे में नजर आए। 

7 दिसंबर तक मौसम विभाग ने छत्तीसगढ़ के अलग-अलग इलाकों में बारिश होने का अनुमान जताया है। वहीं मौसम के काफी सर्द होने की भी आशंका जताई है। जिले में शहरी इलाकों की तुलना में वनांचल क्षेत्र में ठंड से लोग ठिठुरते नजर आए। ठिठुरन के कारण  आम दिनों में दिखाई देने वाली चहल-पहल कम नजर आई। सडक़ों में कहीं-कहीं खालीपन नजर आया। सुबह से ही ठंडी हवाओं ने लोगों को कड़ाके की सर्दी का अहसास कराया। दिनभर तूफान के असर से बादल आसमान में छाए रहे। बदली के असर से मौसम ने करवट बदल ली। दिनभर बदली के प्रभाव से लगातार तापमान गिरते क्रम में रहा। लिहाजा लोग घरों में रहने के लिए मजबूर हुए। ठंड के असर से लोगों की दिनचर्या काफी प्रभावित रही।

सुबह घर से निकलने वाले लोग स्वेटर, शाल पहने दिखाई दिए। इधर चौक-चौराहों में अलाव जलाकर ठंड से बचने की कोशिश में लोग नजर आए। वैसे पिछले दो दिनों से सर्द मौसम ने अपना कड़ा रूख अख्तियार किया है। तूफान  ‘मिचौंग’ के असर से ठंड में बढ़ोत्तरी हो गई। उधर पठारी इलाकों में भी ठंड से लोग परेशान नजर आ रहे हैं। शहरी क्षेत्रों की तुलना में पहाड़ी इलाकों में ठंड ज्यादा रही। अलसुबह मौसम का मिजाज काफी अलग रहा। चक्रवाती तूफान मिचौंग के असर से आसमान में काले बादल छाने के साथ ही बूंदाबांदी हो रही है। जिससे लोगों का जनजीवन भी प्रभावित हो रहा है। बुधवार सुबह से ही आसमान में काले बादल छाए रहे। वहीं जिले के कुछ हिस्सों में बारिश भी हुई। आसमान में काले बादल छाने से लोगों को ठंड का अहसास भी हुआ। वहीं लोग गर्म कपड़ों के अलावा रैनकोट और छाता का भी सहारा लेते नजर आए। 

सूत्रों का कहना है कि चक्रवाती तूफान मिचौंग का असर आगामी दिनों तक रह सकता है। सात दिसंबर तक प्रदेश के अलग-अलग जिलों में बारिश की संभावना बनी रह सकती है। बारिश की वजह से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। अचानक मौसम में हुए परिवर्तन से किसानों के खलिहान में रखे धान और फसल को नुकसान होने की आशंका बढ़ गई है। आगामी दिनों तक मौसम इसी तरह रहने की संभावना है।

इधर, दिसंबर माह के पहले सप्ताह में मौसम में लगातार हो रही फेरबदल से किसानों को अपने फसल की चिंता सताने लगी है। पिछले एक-दो दिनों से आसमान में बादल छाने और सर्द हवाएं चल रही है। जिससे ठिठुरन बनी हुई है। हाल ही में रात के समय भी हल्की ठंड का अहसास किया जा रहा है। बुधवार सुबह भी जिले के कुछ इलाकों में बारिश दर्ज की गई। वहीं सर्द हवाओं से ठंड का खासा असर बना हुआ है। खुले स्थानों पर कई लोगों को अंगीठी जलाकर ठंड से राहत पाते भी देखा गया। बारिश और ठंड की वजह से बाजार इलाके में सन्नाटा पसरने लगा है। शहर सहित ग्रामीण इलाकों में भी चहल-पहल कम होने लगी है। इन दिनों मौसम में हो रहे फेरबदल से गर्म कपड़ों की मांग भी बनी हुई है। लोग गर्म कपड़ों का उपयोग शुरू कर चुके हैं। कई स्थानों पर गर्म कपड़ों की दुकानों में ग्राहकों की भीड़ भी बनने लगी है, जहां लोग गर्म कपड़ों की खरीदी भी करने लगे हैं। 
 

 


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