राजनांदगांव
नांदगांव में किसानों को पुलिस ने रेल रोकने से रोका
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजनांदगांव, 18 अक्टूबर। लखीमपुर खीरी घटना के विरोध में जिलेभर के किसानों ने सोमवार को रेल रोको आंदोलन का आगाज किया। जिलेभर के किसानों ने सोमवार को बरगा में अपनी गिरफ्तारी दी। वहीं पुलिस ने किसानों के रेल रोको आंदोलन को रोकने के लिए पूरी तरह तैयार थी। पुलिस ने बरगा में बेरिकेटिंग लगाकर किसानों को आंदोलन करने से रोका।
वहीं किसान नेताओं को बस में बिठा लिया। जिससे मामला शांत हुआ। इससे पूर्व किसानों ने ग्राम बरगा में लखीमपुर खीरी घटना को लेकर रेल रोको आंदोलन को लेकर रणनीति बनाई। इस दौरान बरगा समेत आसपास क्षेत्र के किसान बड़़ी संख्या में शामिल थे। किसान नेता सुदेश टीकम ने कहा कि किसानों के हक के लिए शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे किसानों पर केंद्रीय मंत्री के पुत्र द्वारा गाड़ी चलाने की घटना से 4 किसान भाईयों की मौत हो गई। वहीं एक पत्रकार की भी मौत हो गई। ऐसे में मंत्री को इस्तीफा देकर निष्पक्ष जांच करवाना चाहिए ताकि किसानों को न्याय मिल सके।
किसानों ने सोमवार दोपहर लगभग 2 बजे बड़ी संख्या में रेल रोको आंदोलन छेड़ दिया। इस दौरान किसानों और पुलिस के बीच काफी धक्का मुक्की भी हुई। वहीं पुलिस ने रेल रोको आंदोलन से निपटने के लिए बेरिकेटिंग भी लगाया हुआ था। इधर किसानों ने कड़ा विरोध भी जताया। सीएसपी लोकेश देवांगन ने बताया कि पुलिस ने पूर्व में अपनी व्यवस्था लगाकर रखी थी। बेरिकेटिंग के पास काफी धक्का-मुक्की भी हुई। किसान नेताओं को बस में बिठाकर पुलिस थाना भिजवाया गया, तब मामला शांत हुआ।



