रायपुर
उत्कृष्ट विद्यालय में आर्ट्स कॉमर्स के टीचर नहीं
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 17 जून। नए सत्र के दूसरे ही दिन राजधानी में शिक्षकों की कमी से विद्यार्थियों को टीसी लेकर दूसरे स्कूल में एडमिशन का रास्ता दिखाया जा रहा है। यह मामला बूढ़ा पारा स्थित माधवराव सप्रे स्कूल (वह भी उत्कृष्ट विद्यालय) का है। करीब 50 बच्चों को प्राचार्य ने दो टूक जवाब दे दिया है।
मंगलवार को प्रवेश उत्सव कार्यक्रम के बाद बुधवार 11 वीं पास कर 12 वीं में एडमिशन लेने पहुंचे इन छात्र छात्राओं के समक्ष अजीब स्थिति खड़ी कर दी गई है। इन विद्यार्थियों ने बताया कि हम 50 बच्चे 12 वीं कामर्स और आर्ट्स में प्रवेश के लिए पहुंचे थे। प्राचार्य ने बताया कि इस वर्ष से स्कूल में ये दोनों संकाय बंद कर रहे हैं। इनके शिक्षकों की व्यवस्था नहीं हो पा रही है। यह भी बताया गया कि कलेक्टर ने भी दोनों संकाय बंद करने की सहमति दे दी है। इन विद्यार्थियों ने बताया कि छात्रों को गवर्नमेंट स्कूल और छात्राओं को दानी स्कूल में एडमिशन के लिए कहा गया है। लेकिन हम वहां नहीं जाना चाहते। इसी स्कूल में पढ़ेंगे। छात्रों ने बताया कि पिछले सत्र में भी दिक्कत आई थी तब 3 माह के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की गई थी। ऐसी व्यवस्था की जा सकती है। ऐसी पहल न कर सीधे टीसी ले जाने कहा जा रहा है। छात्राओं ने कहा कि सोमवार को प्रवेश उत्सव की सूचना देकर बुलाया गया था और आज टीसी लेकर जाने कह दिया गया है। इन बच्चों ने तत्काल पत्रकारों को आमंत्रित कर जानकारी दी और कहा कि मंत्री विधायक अफसरों की मदद से व्यवस्था कराएं। हम इसी स्कूल में पढना चाहते हैं।
प्राचार्य अनुपमा श्रीवास्तव का कहना है कि हम दो साल से जिला शिक्षा अधिकारी को टीचर के लिए आवेदन दे रहे हैं लेकिन अभी तक इंतजाम नहीं किया गया है। हमने बच्चों की चिंता की इसी लिए बीते सत्र में कॉमर्स और आर्ट के लिए प्राइवेट टीचर स्कूल समिति के जरिए व्यवस्था कराए थे। छात्रों की नाराजग़ी को देखते हुए प्राचार्य ने गेट पर पुलिस भी तैनात करवा दिया है। इस मामले में एनएसयूआई ने कलेक्टर और डीईओ को ज्ञापन सौंपकर शिक्षकों की व्यवस्था करने की मांग की।


