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आबादी के हिसाब से मृत्युदर भी सर्वाधिक
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 14 अप्रैल। आबादी के हिसाब से छत्तीसगढ़ सबसे कोरोना संक्रमित राज्य बन गया है। खास बात यह है कि महाराष्ट्र के बाद चौबीस घंटे में मंगलवार को कोरोना से सबसे ज्यादा 156 मौत छत्तीसगढ़ में ही हुई है। विशेषज्ञ मानते हैं कि इलाज की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण छत्तीसगढ़ में मृत्युदर सर्वाधिक है।
करीब 12 करोड़ से अधिक आबादी वाले महाराष्ट्र में कोरोना से 281 लोगों की जान गई। इसके बाद ढाई करोड़ की आबादी वाला छत्तीसगढ़ है, जहां 156 कोरोना पीडि़त लोगों की मौत हुई है। एक दिन में महाराष्ट्र में 60 हजार 212 कोरोना के नए मामले आए हैं, तो दूसरे नंबर पर उत्तरप्रदेश रहा। जहां मंगलवार को 17 हजार 963 केस दर्ज किए गए।
उत्तरप्रदेश की आबादी 23 करोड़ है, जबकि ढाई करोड़ की आबादी वाले छत्तीसगढ़ में 15121 कोरोना के नए केस आए हैं। आबादी के लिहाज से देखा जाए, तो कोरोना के नए मामले सबसे ज्यादा छत्तीसगढ़ में आ रहे हैं। मौत भी सबसे ज्यादा छत्तीसगढ़ में हो रही है। ऐसे में प्रति करोड़ आबादी के हिसाब से महाराष्ट्र से ज्यादा कोरोना संक्रमण छत्तीसगढ़ मेंं है।
सीमावर्ती राज्य ओडिशा, मध्यप्रदेश में कोरोना संक्रमण छत्तीसगढ़ के मुकाबले नियंत्रण में हैं। ओडिशा में पिछले 24 घंटे में सिर्फ 2 लोगों की मौत हुई है, और 17 सौ नए केस आए हैं। कोरोना से मौत के मामले में मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ की तुलना में बेहतर स्थिति में है। पिछले 24 घंटे में मध्यप्रदेश में 40 की मौत हुई, और 8998 नए केस आए हैं। जबकि मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ से तीन गुना बड़ा है। हाल यह है कि मध्यप्रदेश, ओडिशा सरकार ने छत्तीसगढ़ की सीमा को सील कर दिया है, और आरटीपीसीआर की निगेटिव रिपोर्ट होने पर ही यहां के लोगों को दोनों राज्यों में प्रवेश की अनुमति होगी।
विशेषज्ञ मानते हैं कि छत्तीसगढ़ की सीमा से सटे विदर्भ में कोरोना संक्रमण तेजी से हो रहा था, तब छत्तीसगढ़ सरकार ने यहां नियंत्रण के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए। क्रिकेट मैच और फिर होली के मौके पर दूसरे प्रदेशों से आए लोगों की वजह से संक्रमण बढ़ता चला गया। हाल यह है कि पहली लहर में कोरोना सिर्फ शहरों तक ही सीमित था, लेकिन दूसरी लहर में गांव भी अछूता नहीं रह गया।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि इलाज की सुविधा छत्तीसगढ़ में अपेक्षाकृत कम है। बड़ी संख्या में मौत तो सिर्फ ऑक्सीजन की कमी की वजह से हुई है। पहली लहर के बाद स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार के लिए पर्याप्त समय था, लेकिन इस तरफ ध्यान नहीं दिया गया। यही वजह है कि छत्तीसगढ़ में संक्रमण सबसे ज्यादा है, और मौतें भी अधिक हो रही हैं।


