अंतरराष्ट्रीय
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उनके दूतों का इस्लामाबाद दौरा रद्द करने का फ़ैसला "बहुत ज़्यादा यात्रा" की वजह से लिया गया.
पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि अमेरिका के पास "सारे पत्ते" हैं.
उन्होंने कहा कि बीते कुछ दिनों में कुछ भी नहीं बदला है और अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल इतनी दूर "बिना किसी योजना" के नहीं जाने वाला था.
ट्रंप ने कहा, "बहुत ज़्यादा यात्रा करनी पड़ती, जिसमें बहुत समय लगता और यह बहुत महंगा होता. मैं ख़र्च को लेकर बहुत सचेत हूं."
अमेरिकी राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि अमेरिका ईरान में "जो भी हालात संभाल रहा है" उससे बात करने को तैयार है. उन्होंने कहा, "वे जब चाहें हमें फ़ोन कर सकते हैं."
उन्होंने कहा, "जिससे भी बात करनी पड़े, मैं उससे बात करूंगा. लेकिन दो दिन इंतज़ार करने, लोगों को 16, 17 घंटे यात्रा कराने का कोई कारण नहीं है और हम यह तरीक़ा नहीं अपनाएंगे." (bbc.com/hindi)


