अंतरराष्ट्रीय
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की की व्हाइट हाउस यात्रा और यूरोपीय नेताओं से मुलाक़ात के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अब पुतिन और ज़ेलेंस्की की बैठक संभव हो सकती है.
लेकिन सवाल है कि युद्ध ख़त्म करने के लिए पुतिन की शर्तें क्या हैं?
सबसे अहम मांग नेटो को लेकर है. ट्रंप पहले ही कह चुके हैं कि यूक्रेन नेटो में शामिल नहीं होगा. रूस चाहता है कि इस बात की फिर से पुष्टि हो और उसे औपचारिक रूप से लागू किया जाए.
दूसरी बड़ी मांग डोनबास क्षेत्र पर पूरा नियंत्रण है. इसका मतलब होगा कि यूक्रेन को दोनेत्स्क और लुहांस्क के उन हिस्सों से भी पीछे हटना होगा, जो अभी उसके पास हैं.
रिपोर्ट्स के मुताबिक़, पिछले हफ़्ते अलास्का में हुई बैठक में पुतिन ने ट्रंप के सामने एक शांति प्रस्ताव रखा. इसके तहत यूक्रेन को दोनेत्स्क से पीछे हटना होगा और बदले में रूस ज़ापोरिज़िया और खेरसोन में मोर्चे को वहीं रोक देगा.
रूस डोनबास को अपना इलाक़ा मानता है. वह पहले से लुहांस्क का ज़्यादातर हिस्सा और दोनेत्स्क का लगभग 70 प्रतिशत क़ब्ज़े में रखता है. इसके अलावा रूस ने 2014 में क़ानून तोड़कर क्राइमिया पर भी क़ब्ज़ा कर लिया था.
पुतिन ने युद्धविराम की मांग को ख़ारिज कर दिया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक़, उन्होंने ट्रंप को भी अपनी राय से सहमत कर लिया है. ट्रंप ने कहा कि वो युद्धविराम के बजाय सीधे स्थायी शांति समझौते की दिशा में बढ़ना चाहते हैं. इसे उनकी नीति में बड़ा बदलाव माना जा रहा है. (bbc.com/hindi)


