दुर्ग
बेलौदी शासकीय स्कूल राम प्यारा पारकर के नाम पर होगा
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
भिलाईनगर, 12 जून। लोक कला एवं साहित्य संस्था सिरजन द्वारा आयोजित सुरता पारकर 2026 के अंतर्गत रामप्यारा पारकर स्मृति सम्मान समारोह का आयोजन गुरुवार 11 जून को नेहरू नगर, भिलाई स्थित निर्मल ज्ञान मंदिर कबीर आश्रम में संपन्न हुआ ।
कार्यक्रम का शुभारम्भ माँ सरस्वती व संत कबीर के तेलचित्र पर माल्यार्पण के पश्चात् संत कबीर की आरती, राजगीत और स्वागत गीत कुंजलता साहू, गीतांजलि साहू, प्रेमलता साहू और दिलेश्वरी साहू द्वारा प्रस्तुत की गई।
संस्था द्वारा प्रतिवर्षनुसार महिला उत्थान के लिए इस वर्ष रामप्यारा पारकर स्मृति सम्मान से निषाद समाज की प्रथम महिला पुलिस अफसर व समाजसेवी माधुरी कैवर्त को सम्मानित किया गया। वे जगदलपुर में जिला अपराध एवं अनुसंधान शाखा में निरीक्षक एवं जिला प्रभारी के पद पर कार्यरत हैं।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के पूर्व छत्तीसगढ़ प्रान्त प्रमुख एवं समाजसेवी बिसरा राम यादव उपस्थित रहे। विशिष्ठ अतिथि के रूप में भाजपा प्रदेश संयोजक मछुआरा प्रकोष्ठ प्रदीप कुमार कैवर्त, अध्यक्ष स्मृति गृह निर्माण सहकारी संस्था मर्यादित, स्मृति नगर भिलाई राजीव चौबे, ट्रस्टी कोषाध्यक्ष निर्मल ज्ञान मंदिर कबीर आश्रम नेहरू नगर, भिलाई के पी साहू तथा प्रांतीय अध्यक्ष लोक कला एवं साहित्य संस्था सिरजन डॉ. दीनदयाल साहू रहे।
समस्त अतिथियों ने राम प्यारा पारकर के साहित्यिक और सामाजिक योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि आने वाली पीढ़ी को इस व्यक्तित्व के कार्यों का अनुसरण कर समाज सेवा के लिए अपना योगदान देना चाहिए। अनेक वक्ताओं में कला परंपरा के संपादक डॉ. डी पी देशमुख, पूर्व दुर्ग निषाद समाज जिलाध्यक्ष व सेवानिवृत्त शिक्षक बद्री प्रसाद पारकर, और समाजसेवी मुन्नी लाल निषाद ने भी अपने विचार प्रकट किए।
मुख्य अतिथि बिसरा राम यादव ने भी राम प्यारा पारकर के योगदान पर विस्तार से अपनी बात रखी। आगे उन्होंने कहा कि राम प्यारा पारकर के जन्मभूमि ग्राम बेलोदी के हाईस्कूल को राम प्यारा पारकर के नाम होने के लिए वर्षों से लंबित प्रक्रिया को यथाशीघ्र स्कूल का नाम रामप्यारा पारकर के नाम होने की घोषणा की।
इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से निषाद समाज के पदाधिकारी, अनेक साहित्यिक संस्थाओं के साहित्यकार, निर्मल ज्ञान मंदिर कबीर आश्रम के महिला पदाधिकारी, ट्रस्टी गण, प्रबंधन समिति के सदस्यगण तथा बुध्दिजीवी, पारकर परिवार के सदस्य बृज कुमारी पारकर, सुराज पारकर, प्रदीप कुमार पारकर, उषा पारकर, शिवेंद्र पारकर, कपिल, झरनेश्वर, ईश्वर, खिलेश्वरी निषाद, मनीषा निषाद उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का संचालन जागृति सार्वा तथा आभार प्रदर्शन लोक कला एवं साहित्य संस्था दुर्ग जिला इकाई के अध्यक्ष लालजी साहू ने किया।
ज्ञात हो कि प्रदेश निषाद समाज पहले केंवट संदेश नामक पत्रिका निकालता था, जिसमें समाज के तत्कालीन प्रदेशाध्यक्ष राम प्यारा पारकर ने समाज की प्रथम महिला पुलिस अफसर माधुरी नायक (कैवर्त) का जीवन परिचय लिखा था और गुरुवार 11 जून को उनकी स्मृति में उन्हें राम प्यारा पारकर स्मृति सम्मान से सम्मानित किया गया है। माधुरी कैवर्त बस्तर जिले में अपने बैच की एक मात्र महिला प्रशिक्षु थीं। वह उस समय की एमपी ट्रेनिंग की आखिरी बैच की सदस्य थीं, और छत्तीसगढ़ बनने के बाद राज्य की पहली बैच की सदस्य थीं।
संस्था के अनुसार अंचल के ख्याति प्राप्त साहित्यकार एवं समाजसेवी, निषाद समाज के 3 बार के प्रदेशाध्यक्ष स्व. राम प्यारा पारकर की स्मृति में लोक कला एवं साहित्य संस्था सिरजन जिला इकाई दुर्ग द्वारा सुरता पारकर का आयोजन प्रति वर्ष उनकी पुुण्यतिथि पर किया जाता है। उन्होंने महिला जागरण के लिए काफी कार्य किए। अत: उनकी स्मृति को बनाए रखने के लिए प्रतिवर्ष एक महिला जो समाजसेवी और साहित्य से जुड़ी हों, ऐसी प्रतिभाओं को सम्मानित किया जाता है। 2026 आयोजन का 10वां वर्ष है। कार्यक्रम का उद्देश्य साहित्य, कला एवं सामाजिक क्षेत्र में योगदान देने वाली महिलाओं को सम्मानित तथा प्रोत्साहित करना है।



.jpeg)
.jpeg)


.jpeg)
.jpeg)

.jpeg)

