सरगुजा
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
अंबिकापुर, 2 जून। सरगुजा जिले के राजापुर उप तहसील में पदस्थ नायब तहसीलदार तुषार मानिक के साथ हुए कथित मारपीट प्रकरण को लेकर प्रदेशभर के तहसीलदार और नायब तहसीलदारों का आंदोलन लगातार जारी है। सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो सहित नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर अधिकारी मंगलवार को भी हड़ताल पर रहे, जिससे तहसीलों और उप तहसीलों में राजस्व संबंधी कार्य प्रभावित रहे।
कनिष्ठ प्रशासनिक संघ के बैनर तले अधिकारी कलाकेंद्र मैदान में धरना देकर अपनी मांगों के समर्थन में जुटे रहे। संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि जब तक मामले में ठोस कार्रवाई नहीं होती और आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की जाती, तब तक आंदोलन वापस नहीं लिया जाएगा।
संघ के प्रांताध्यक्ष कृष्ण कुमार लहरे ने बताया कि राजस्व मंत्री और विभागीय अधिकारियों के साथ हुई चर्चा में कोई सकारात्मक परिणाम नहीं निकल सका। शासन की ओर से कार्रवाई का भरोसा दिलाया गया है, लेकिन अब तक गिरफ्तारी नहीं होने से अधिकारियों में असंतोष बना हुआ है।
उल्लेखनीय है कि 27 मई को राजापुर में हुई घटना के बाद विधायक रामकुमार टोप्पो एवं उनके समर्थकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। वहीं दूसरे पक्ष की शिकायत पर नायब तहसीलदार तुषार मानिक के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है। मानिक ने मामले की निष्पक्ष जांच के लिए नार्को टेस्ट कराने की मांग उठाई है। दूसरी ओर विधायक रामकुमार टोप्पो ने जांच में सहयोग करने की बात कही है। हालांकि उन्होंने गिरफ्तारी देने को लेकर अब तक कोई नई घोषणा नहीं की है और मंगलवार को भी क्षेत्रीय कार्यक्रमों में व्यस्त रहे।
आंदोलन को राजस्व निरीक्षक संघ का भी समर्थन मिल रहा है। हड़ताल के चलते तहसील न्यायालयों में मामलों की सुनवाई प्रभावित हो रही है तथा पेशियों की तिथियां आगे बढ़ाई जा रही हैं। सीमांकन सहित कई महत्वपूर्ण राजस्व कार्य ठप पडऩे से आम नागरिकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। 15 जून से सीमांकन पर रोक लग जाएगी। इसे लेकर भी पक्षकार परेशान हैं।


