सूरजपुर

बिजली तार के संपर्क में तेंदूपत्ता लोड ट्रक में आग, लाखों के नुकसान का अनुमान
05-Jun-2023 5:55 PM
बिजली तार के संपर्क में तेंदूपत्ता लोड ट्रक में आग, लाखों के नुकसान का अनुमान

चालक-मजदूरों ने कूदकर बचाई जान, गोदाम में भण्डारण के लिए जाते हादसा

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

सूरजपुर, 5 जून। चंदौरा थाना क्षेत्र अंतर्गत तेंदूपत्ता लोड ट्रक के तरंगित तार के सम्पर्क में आ जाने से 214 मानक बोरी तेंदूपत्ता के साथ ट्रक जलकर खाक हो गया। चालक और मजदूरों ने ट्रक से कूदकर जान बचाई । आगजनी में लगभग 20 लाख से अधिक का तेंदूपत्ता जलकर नष्ट हो गया।

घटना के संबंध में मिली जानकारी के अनुसार सूरजपुर जिले के ओडग़ी विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम पंचायत लांजित वन समिति में तेंदूपत्ता खरीदी के लिए तीन फड़ बनाए गए हैं। इसके अलावा जीवारीपारा और मयूरधक्की में संग्रहित तेंदूपत्ता को सुखाने के उपरांत बलरामपुर जिला के वाड्रफनगर के रजखेता में बने गोदाम में परिवहन कराया जाता है।

रविवार को ट्रक क्रमांक सीजी 15 डीवाई 9819 में लांजित फड़ से 71 मानक बोरा, जीवारीपारा फड़ से 78 व मयूरधक्की फड़ से 65 बोरी कुल 214 मानक बोरी तेंदूपत्ता लोड था। इसके अलावा ट्रक में चालक के साथ छह मजदूर भी थे, जो तेंदूपत्ता के लोडिंग-अनलोडिंग का काम करते हैं।

चालक ट्रक में तेंदूपत्ता लोड कर रजखेता के गोदाम में भण्डारण के लिए जा रहा था। फड़ से निकलने के बाद ट्रक गोरगी गांव के रास्ते से होकर गुजर रहा था। इसी दौरान गोरगी के रास्ते में एक स्थान में लुंज-पुंज तरंगित तार काफी नीचे होने के कारण ट्रक में लोड तेंदूपत्ता तार के सम्पर्क में आ गया और चिंगारी उठने लगी।

चालक को जब तक कुछ समझ आ पाता, तब तक तेंदूपत्ता की बोरी में आग लग गई और देखते ही देखते आग ने पूरे ट्रक को अपनी चपेट में ले लिया। चालक ने सूझबूझ का परिचय देते हुए ट्रक को सडक़ किनारे खड़ी कर दी और घटना की सूचना तत्काल चंदोरा पुलिस को दी। वहीं वाहन में सवार मजदूरों ने भी ट्रक से नीचे उतर अपनी जान बचाई। ट्रक में लगी आग इतनी तेजी के साथ फैली कि देखते ही देखते पूरा ट्रक पूरी तरह से जलकर खाक हो गया।

बताया जा रहा है कि आगजनी की इस घटना से लगभग 20 लाख 40 हजार रूपए से अधिक का तेंदूपत्ता जलकर नष्ट हो गया।

 उल्लेखनीय है कि तेंदूपत्ता का सीजन मई से जून के मौसम में शुरू होता है। इसी समय तेंदूपत्ता संग्राहक पत्ते का संग्रहण कर फड़ों तक पहुंचाते हैं और पत्ते को फड़ में सुखाया जाता है, इसके बाद गोदामों में भण्डारण करने के लिए भेज दिया जाता है। तेंदूपत्ता के परिवहन के दौरान पहले भी कई बार तरंगित तार के सम्पर्क में आने से तेंदूपत्ता लोड कई ट्रकें जलकर नष्ट हो गई है। इसके बावजूद तेंदूपत्ता के परिवहन में विभागीय अधिकारी सुरक्षा मानकों को लेकर गंभीर नहीं है। जिससे शासन को लाखों रूपए की क्षति उठानी पड़ रही है।

लोगों का कहना है कि विभाग के अधिकारी-कर्मचारी ऐसे रूट ही क्यों अपनाते हैं, जहां आगजनी की ऐसी घटनाएं हो सकती है। विभाग को सुरक्षित रास्ते से परिवहन करना चाहिए जिससे किसी प्रकार की कोई हानि न हो।


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