राजनांदगांव

पेट्रो उत्पाद और गैस की बढ़ी कीमतों से महंगाई ने तोड़ी कमर
10-Jun-2026 5:31 PM
पेट्रो उत्पाद और गैस की बढ़ी कीमतों से महंगाई ने तोड़ी कमर

मजदूर, गरीब और मध्यम वर्ग का जीना हुआ दूभर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजनांदगांव, 10 जून।
पेट्रो उत्पाद और गैस की बढ़ी कीमतों से आम लोगों के खानपान पर प्रतिकूल असर दिख रहा है। मजदूर, गरीब और मध्यम वर्ग परिवार के लिए महंगाई की बढ़ती चुनौतीपूर्ण स्थिति के बीच जीना दूभर हो गया है। वैश्विक स्थिति का हवाला देकर पेट्रोल-डीजल और गैस की कीमत बढ़ते ही हर क्षेत्र में महंगाई की मार पड़ रही है। अनाज से लेकर रोजमर्रा की जरूरतों वाली सामग्रियों को महंगाई ने घेर लिया है। बाजार में खरीददार के अलावा दुकानदार भी कारोबार के सिमटने से चिंतित हो गए हैं। एक ओर मामूली खानपान के सामान मसलन समोसे, आलू गुंडा समेत अन्य नमकीन की कीमतें बढ़ गई है। होटल संचालक तलीय पदार्थों की कीमत बढ़ाने के लिए विवश हैं। होटलों में खानपान के सामान के दाम बढ़ते ही ग्राहकी पर भी असर पड़ा है।

इधर अनाज के बढ़ते दाम ने भी लोगों को फिक्रमंद कर दिया है। चावल, गेहूं, दाल व खाद्य तेल की कीमत बढ़ गई है। किचन में सर्वाधिक तौर पर इसका विपरीत असर पड़ा है। दाल का स्वाद चखना महंगा हो गया है। इसी के साथ ही चपाती और चावल खाने के लिए लोगों को बढ़ी कीमतों में अनाज खरीदना पड़ रहा है। महंगाई के बढ़ते दायरे के चपेट में सर्वाधिक रूप से आम आदमी घिर गया है। बाजार में खरीदी-बिक्री में काफी कमी आ रही है। खानपान को लेकर लोगों को अपनी गाढ़ी कमाई हाथ से गंवानी पड़ रही है। अनाज की खरीदी के लिए लोगों को मोटी रकम चुकानी पड़ रही है। दाल की कीमत भी आम आदमी पर भारी पड़ रही है।
इस बीच सब्जी-तरकारी के दाम भी आग में घी डालने का काम कर रहा है। हरी सब्जियों के दाम में उछाल आने के कारण किचन से सब्जियों की महक गायब हो गई है। लोगों को इस बात की चिंता है कि महंगाई कहां जाकर ठहरेगी। दिहाड़ी मजदूरों को दो वक्त की रोटी का जतन करने के लिए महंगाई ने अपनी चपेट में ले लिया है। इस साल महंगाई शीर्ष स्तर तक पहुंच गई है।

घरेलू गैस की कीमत ने पिछले डेढ़ माह के भीतर दो बार वृद्धि हुई है। वहीं पेट्रोल के दाम मामूली पैसों के साथ बढ़त में है। आने वाले दिनों में महंगाई को लेकर और भी तकलीफ का सामना करना पड़ सकता है। इस मुद्दे को  लेकर सियासत भी हो रही है, लेकिन राहत के नाम पर लोगों को जरा भी फायदा नहीं हो रहा है। घरेलू ईंधन को लेकर गैस खरीदने के लिए लोग मजबूरी में दिख रहे हैं। आम लोगों की जुबां पर अब महंगाई को लेकर तीखी प्रतिक्रिया भी सामने आ रही है। बहरहाल महंगाई ने हर किसी को खासतौर पर मध्यम वर्गीय से लेकर दिहाड़ी मजदूर व कम आय वाले वर्ग को झकझोर कर रख दिया है।


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