महासमुन्द
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
महासमुंद, 16 अप्रैल। जिले में भारत की जनगणना की तैयारियां निर्धारित कार्यक्रम के तहत जारी है। नागरिकों को स्व-गणना का अवसर प्रदान किया गया है।
एसई वेब पोर्टल द्धह्लह्लश्च://ह्यद्ग.ष्द्गठ्ठह्यह्वह्य.द्दश1.द्बठ्ठ के माध्यम से निर्धारित प्रपत्र में कोई भी व्यक्ति जनगणना संबंधी निर्धारित बिंदुओं में अपनी जानकारी स्वयं भर सकता है। जिले में गुरुवार 16 अप्रैल से स्व-गणना शुरू हो गया है। कलेक्टर विनय लंगेह ने आज सुबह निर्धारित पोर्टल से अपना स्व गणना पत्रक ऑनलाइन भरा।
उन्होंने कहा कि शासन द्वारा नागरिकों की सुविधा के लिए आसान एवं सरल प्रक्रिया के तहत स्व गणना भरने की सहूलियत दी गई है। घर का मुखिया इस फार्म को भर सकते हैं। एक मोबाइल से केवल एक ही स्व गणना फार्म भरा जा सकता है। यह फॉर्म सुबह 6 से रात 12 बजे तक भरा जा सकता है।
उन्होंने कहा कि इससे एक आईडी प्राप्त होगा। जिसे प्रगणक जब आपके घर आएंगे, तब बताना होगा । लेकिन यदि आप यह फॉर्म नहीं भर पाते तो 1 से 30 मई के बीच प्रगणक आपके घर आकर जानकारी लेंगे। उन्होंने कहा कि यह प्रक्रिया पूरी तरह सुरक्षित और गोपनीय है।
जिले में चल रहीं जनगणना की तैयारियों के सिलसिले में बुधवार 15 अप्रैल से प्रगणकों एवं सुपरवाइजर का तीन दिवसीय प्रशिक्षण शुरू हुआ। तीन चरणों में सभी प्रगणकों व सुपरवाइजर का प्रशिक्षण पूर्ण होगा।
कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने जिलेवासियों से अपील की है कि जनगणना के लिये आने वाले प्रगणकों को बेझिझक सही-सही जानकारी दें। आपके द्वारा दी गई जानकारी पूर्णत: गोपनीय रहेगी। स्पष्ट प्रावधान है कि आपके द्वारा दी गई जानकारी का उपयोग साक्ष्य के रूप में स्वीकार नहीं होगा। कलेक्टर ने कहा कि जनगणना के आंकड़े कल्याणकारी योजनाओं, संसाधनों के वितरण तथा निर्वाचन क्षेत्रों के परिसीमन कार्य के लिये आधार बनते हैं।
भारत के महारजिस्ट्रार एवं जनगणना आयुक्त कार्यालय द्वारा निर्धारित कार्यक्रम के तहत जिले में भी दो चरणों में जनगणना होगी। प्रथम चरण में मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना (एचएलओ) कार्य 01 मई से 30 मई 2026 तक किया जायेगा।
जनगणना कार्यक्रम के तहत प्रगणक घर-घर जाकर च्च्ष्टद्गठ्ठह्यह्वह्य 2027-॥रुह्रज्ज् मोबाइल एप का उपयोग कर डिजिटल डाटा संग्रह करेंगे। साथ ही लोगों द्वारा पोर्टल पर स्व-गणना के तहत भरी गई जानकारी का सत्यापन भी करेंगे। दोनों तरह से प्राप्त डाटा की बहुस्तरीय जांच होगी। पहले यह कार्य पर्यवेक्षकों द्वारा किया जायेगा। साथ ही चार्ज अधिकारी भी मैदान में जाकर पुन: सत्यापन कर त्रुटियां ठीक करायेंगे। ग्राम व नगर रजिस्टर का प्रारूप व विषय वस्तु, ग्रामीण व नगरीय चार्ज रजिस्टर, प्रगणक, पर्यवेक्षकों व चार्ज अधिकारियों के कार्य, पर्यवेक्षण व कानूनी शक्तियां इत्यादि के बारे में भी जानकारी दी जाएगी।


