ताजा खबर
photo from social media
'सर-ए-आम' नाम के पाकिस्तानी टीवी शो को होस्ट करने वाले इक़रारुल हसन ने 17 जनवरी को भारत के नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत के एक ट्वीट को रीट्वीट किया था.
पाकिस्तानी टीवी प्रेजेंटर सैय्यद इक़रारुल हसन सोमवार को अपने कुछ ट्वीट के कारण निशाने पर आ गए. उन्हें देशद्रोही तक कहा जाने लगा.
'सर-ए-आम' नाम के पाकिस्तानी टीवी शो को होस्ट करने वाले इक़रारुल हसन ने 17 जनवरी को भारत के नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत के एक ट्वीट को रीट्वीट किया था.
अमिताभ कांत ने अपने ट्वीट में भारत को दुनिया का वैक्सीन हब बताया था. इसी ट्वीट को रीट्वीट करते हुए हसन ने लिखा था, ''इंडिया बनाम पाकिस्तान- अभी तक तय नहीं है कि पाकिस्तान वैक्सीन मंगाएगा या नहीं. बनाना तो दूर की बात है. मुक़ाबला करना है तो तालीम में करें, साइंस में करें, खेल में करें, इन्फ़्रास्ट्रक्चर में करें, अर्थव्यवस्था में करें, तकनीक में करें...और सच का सामना करें.''
India vs Pakistan
— Iqrar ul Hassan Syed (@iqrarulhassan) January 17, 2021
(We are not even sure that we ordered the vaccine or not, banana to door ki baat). Muqabla kerna hai to taleem main kerain, science main kerain, khail main kerain, infrastructure main kerain, economy main kerain, technology main kerain...aur such ka samna kerain https://t.co/SYcCDmmOnS
इससे पहले सैय्यद इक़रारुल हसन ने दो तस्वीरें पोस्ट की थीं. दोनों में पाकिस्तान और भारत की पब्लिक ट्रांसपोर्ट की तुलना है. पाकिस्तान से जुड़ी तस्वीर में सड़क पर चलती एक जर्जर गाड़ी है जिसमें पाकिस्तानी खड़े और बैठे हैं. वहीं भारत से जुड़ी तस्वीर में जन शताब्दी एक्सप्रेस के भीतर का नज़ारा है, जिनमें आरामदायक सीटें चमक रही हैं.
इस तस्वीर को पीएम मोदी ने 16 जनवरी को ट्वीट किया था. पीएम मोदी ने इसकी तीन तस्वीरें पोस्ट की थीं और लिखा था कि यह अहमदाबाद से केवड़िया जाने वाली जन शताब्दी एक्सप्रेस है.
इक़रारुल हसन यहीं नहीं रुके. उन्होंने पाकिस्तानी पासपोर्ट और मुद्रा की कमज़ोर स्थिति का भी ज़िक्र किया. उन्होंने अपने इस ट्वीट में लिखा, ''दुर्भाग्य से पाकिस्तानी पासपोर्ट की स्थिति केवल सोमालिया और अफ़ग़ानिस्तान से बेहतर है. पाकिस्तानी रुपया बांग्लादेश के एक टका के बदले 1.90 के बराबर और भारत के एक रुपया के बदले पाकिस्तान को 2.20 देने पड़ते हैं. अल्लाह हमें ताक़त दे कि हम पाकिस्तान को असल मायने में ज़िंदाबाद कर सकें.''
इक़रारुल हसन की इन टिप्पणियों पर कई पाकिस्तानी भड़क गए. कइयों ने तो इन्हें ग़द्दार तक कहा. इक़रारुल से माफ़ी माँगने के लिए कहा गया. पाकिस्तान में ट्विटर पर #ApologiseToTheCountry ट्रेंड करने लगा.
पाकिस्तानी पीएम इमरान ख़ान की तहरीक़-ए-इंसाफ़ पार्टी के नेता हंस मसरूर बदवी ने इक़रारुल के ट्वीट पर आपत्ति जताते हुए कहा, ''क्या आप भी भारत में शरण चाहते हैं? अगर नहीं तो पाकिस्तान की ख़ूबसूरती दिखाओ.''
लेकिन ऐसा नहीं है कि इक़रारुल का केवल विरोध हुआ. पाकिस्तान की कई बड़ी हस्तियाँ, इनके समर्थन में आईं. इक़ारारुल के समर्थन में #WeSupportIqrar चलने लगा.
पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर शोएब अख़्तर ने इक़रारुल का बचाव करते हुए लिखा, ''किसी को निशाना बनाने से पहले उस संदर्भ को समझना चाहिए कि अगला क्या कहना चाह रहा है. इक़रारुल हसन का अपने पाकिस्तान के प्रति जितना प्यार और समर्पण है, उस पर न तो कोई विवाद है और न ही सवाल खड़ा किया जा सकता है.''
पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर कामरान अकमल भी इक़रारुल हसन के समर्थन में आए. उन्होंने ट्विटर पर लिखा, ''जो व्यक्ति अपने मुल्क में अपने लोगों के लिए अच्छी परिवहन व्यवस्था चाहता है, उसकी एक पोस्ट के आधार पर हम देश के प्रति उसकी निष्ठा और प्रेम को कटघरे में नहीं खड़ा कर सकते.''
पाकिस्तानी सिंगर अली ज़ाफ़र ने भी इक़ारारुल का समर्थन करते हुए ट्वीट किया, ''जिस व्यक्ति ने अपने मुल्क और लोगों के लिए कई बार जान जोखिम में डाला. बिना थके काम किया है. उसकी एक पोस्ट को लेकर शक किया जा रहा है, जिसमें वो शायद अच्छी परिवहन व्यवस्था की बात कर रहा है.''
पाकिस्तानी अभिनेता इमरान अशरफ़ ने भी इक़रारुल हसन का समर्थन करते हुए कहा कि जो अपने मुल्क की बेहतरी की बात कर रहा है उसके प्रति नफ़रत दिखाई जा रही है.
इमरान अशरफ़ ने ट्वीट कर कहा, ''मैं इक़रारुल के बारे में एक बात अच्छी तरह से जानता हूं. जब भी वो कुछ लिखता है तो उसे पूरा 'पाकिस्तान ज़िंदाबाद' से करता है. यहाँ तक कि उसका ऑटोग्राफ़ भी 'पाकिस्तान ज़िंदाबाद' है. मैं इक़रार का समर्थन करता हूँ.'' (bbc)


