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-राजेश अग्रवाल
बिलासपुर, 3 अक्टूबर('छत्तीसगढ़')। भारी विवादों के बीच भारतीय जनता पार्टी ने मरवाही विधानसभा उप चुनाव में प्रत्याशी के लिये चार नामों का पैनल केन्द्रीय समिति को भेजा है, जिसमें कांग्रेस से दुबारा भाजपा में प्रवेश करने वाले रामदयाल उइके का नाम भी शामिल है।
नामांकन की तिथि नजदीक आने के साथ ही प्रदेश के दोनों प्रमुख विपक्षी दलों में पार्टी प्रत्याशियों के चयन के लिये कवायद तेज हो गई है। बीते शुक्रवार को भाजपा के मरवाही के लिये चुनाव प्रभारी पूर्व मंत्री अमर अग्रवाल और नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने गौरेला, मरवाही क्षेत्र का दौरा किया था और प्रत्याशियों के बारे में रायशुमारी की थी। बताया जाता है कि बैठक में इस बात पर विवाद खड़ा हो गया कि जिन लोगों ने मरवाही पेन्ड्रा में रहते हुए पार्टी के लिये निष्ठापूर्वक काम किया है उनको टिकट दी जाये या फिर बड़े नेताओं से सीधे सम्पर्क कर अपना नाम फाइनल करने की कोशिश करने वालों को महत्व दिया जाये। जानकारी यह भी मिली है कि भाजपा से प्रत्याशी रह चुकीं समीरा पैकरा व अर्चना पोर्ते ने साफ कहा कि रामदयाल उइके बरसों तक कांग्रेस में रहे अब उनके नाम पर विचार नहीं किया जाना चाहिये। इसी तरह डॉ. गंभीर सिंह हैं तो मरवाही को लेकिन वे रायपुर में हॉस्पिटल चलाते हैं, क्षेत्र की जनता के सुख-दुख से उनको लेना-देना नहीं है। इसलिये उनका भी नाम तय नहीं करना चाहिये।
जानकारी मिली है कि बहुत से समीकरणों को ध्यान में रखते हुए जिनमें व्यक्तिगत पहुंच, लोकप्रियता और संसाधन शामिल है, पार्टी की चयन समिति के समक्ष रामदयाल उइके और डॉ. गंभीर सिंह का नाम भेज दिया गया है। इस सूची में विरोध दर्ज कराने वाली दो महिला नेत्रियों समीरा पैकरा और अर्चना पोर्ते का नाम भी उन्हें संतुष्ट करने के लिये जोड़ दिया गया है। सूत्र यह भी बता रहे हैं कि अंतिम रूप से उइके या डॉ. गंभीर का नाम ही फाइनल किया जायेगा।
स्थानीय स्तर पर चयन समिति ने एक और लोकप्रिय दावेदार राकेश नरहेल के नाम को केन्द्रीय समिति को भेजे गये पैनल में शामिल नहीं किया है।
चुनाव प्रभारी अमर अग्रवाल ने बताया कि कार्यकर्ताओं से रायशुमारी के बाद उनके द्वारा प्रस्तावित नामों को केन्द्रीय समिति के समक्ष भेजा गया है। उन्होंने यह बताने से मना किया कि इस सूची में किनके नाम हैं। उन्होंने कहा कि सबसे उपयुक्त उम्मीदवार ही भाजपा संगठन की ओर से तय किया जायेगा जिससे पार्टी की जीत सुनिश्चित हो सके।


