ताजा खबर

कस्टम मिलिंग में फिर मिली गड़बड़ी, 11 हजार से ज्यादा बोरे गायब, राइस मिल सील
18-Jan-2026 12:19 PM
कस्टम मिलिंग में फिर मिली गड़बड़ी, 11 हजार से ज्यादा बोरे गायब, राइस मिल सील

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

बिलासपुर, 18 जनवरी। धान खरीदी और कस्टम मिलिंग में अनियमितता को लेकर बिलासपुर जिला प्रशासन ने लगातार पांचवें दिन भी कार्रवाई की है। सिरगिट्टी क्षेत्र में संचालित एक राइस मिल में बड़ी गड़बड़ी सामने आने के बाद उसे सील कर दिया गया है। जांच में हजारों बोरे धान मौके पर नहीं मिले, जिसके बाद मिल मालिक के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है।

सरकारी निर्देशों के तहत खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में सहकारी समितियों से धान उठाव की निगरानी के लिए आईसीसीसी कमांड सेंटर बनाया गया है। इस व्यवस्था में धान परिवहन करने वाले वाहनों को जीपीएस के जरिए ट्रैक किया जा रहा है।

यदि कोई वाहन धान उठाने के बाद लंबे समय तक एक जगह रुका रहता है या तय क्षमता से अधिक धान ले जाता है, तो इसकी जानकारी ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज हो जाती है। ऐसी सूचना मिलते ही जिला प्रशासन कार्रवाई कर रहा है।

प्रशासन को मिली सूचना के आधार पर 16 और 17 जनवरी को लगातार संयुक्त जांच अभियान चलाया गया।
यह जांच अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) बिलासपुर मनीष साहू के नेतृत्व में, तहसीलदार प्रकाश साहू, खाद्य निरीक्षक मंगेश कांत और ललिता शर्मा की टीम द्वारा की गई।

जांच के दौरान सिरगिट्टी क्षेत्र में स्थित अमरनाथ एग्रो प्रोडक्ट राइस मिल का भौतिक सत्यापन किया गया।
रिकॉर्ड के अनुसार मिल द्वारा खरीफ सीजन 2025-26 में कुल 1,46,650 बोरे (58,600 क्विंटल) धान उठाया गया था। लेकिन मौके पर जांच के समय केवल 1,35,207 बोरे (54,082.8 क्विंटल) धान ही पाया गया।
इस तरह 11,443 बोरे (4,577.2 क्विंटल) धान मिल परिसर में नहीं मिला।

प्रशासन के अनुसार मिल मालिक संजीत मित्तल का यह कृत्य छत्तीसगढ़ चावल उपार्जन आदेश 2016 का उल्लंघन है। धान के रिसायक्लिंग या अवैध उपयोग की आशंका को देखते हुए राइस मिल को तत्काल सील कर दिया गया है और संबंधित मिलर  के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।


अन्य पोस्ट