ताजा खबर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
मुंगेली, 15 दिसंबर। मुंगेली जिले के नेवासपुर गांव में धान फसल की कटाई को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। खेत में मारपीट के दौरान गंभीर रूप से घायल हुए जनक सोनकर की इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने इस मामले में हत्या का अपराध दर्ज कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक आरोपी फरार है।
पुलिस के अनुसार, 11 दिसंबर को प्रफुल्ल सोनकर ने शिकायत दर्ज कराई कि नेवासपुर स्थित उनके खेत की धान फसल को झम्मन सप्रे और उसके परिवार के लोग जबरन काट रहे थे। सूचना मिलने पर वह अपने भाई अजीत सोनकर, निखिल सोनकर, मां पूर्णिमा सोनकर और दादा जनक सोनकर के साथ दोपहर करीब 3.45 बजे खेत पहुंचा।
धान काटने से मना करने पर झम्मन सप्रे, विमल सप्रे, दूजराम सप्रे और द्वारिका सप्रे ने एकजुट होकर गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी देते हुए लाठी, डंडा और लोहे की रॉड से हमला कर दिया। इस मारपीट में जनक सोनकर के सीने, पेट और सिर में गंभीर चोटें आईं।
घायल जनक सोनकर को जिला अस्पताल मुंगेली में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान 11 दिसंबर की मध्यरात्रि उनकी मौत हो गई। घटना के बाद थाना सिटी कोतवाली मुंगेली में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
मृत्यु के बाद मामले में हत्या की धारा 103 (1) बीएनएस जोड़ी गई। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर साक्ष्य एकत्र किए गए और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें रवाना की गईं।
पुलिस ने पूछताछ के बाद झम्मन लाल सप्रे (54), दूजराम सप्रे (55) और द्वारिका सप्रे (18) को हिरासत में लिया। आरोपियों की निशानदेही पर टंगिया, लाठी और लोहे की रॉड गवाहों के सामने जब्त की गई। तीनों आरोपियों को 13 दिसंबर को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। वहीं, फरार आरोपी विमल सप्रे की तलाश जारी है।


