कोण्डागांव
दिल्ली में बस्तर की आवाज होगी बुलंद
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कोण्डागांव, 3 अप्रैल। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार सेवारत शिक्षकों के लिए टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) अनिवार्य किए जाने के विरोध में बस्तर अंचल के शिक्षक अब दिल्ली में आवाज बुलंद करेंगे।
टीईटी के बैनर तले आयोजित एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन में शामिल होने के लिए विकासखंड माकड़ी सहित कोण्डागांव जिले के सैकड़ों शिक्षक गुरुवार सुबह 11 बजे दिल्ली के लिए रवाना हुए।
शिक्षकों का कहना है कि 20-25 वर्षों से सेवा दे रहे अनुभवी शिक्षकों के लिए टीईटी अनिवार्यता अन्यायपूर्ण है, क्योंकि उम्र, पारिवारिक जिम्मेदारियों और पढ़ाई की निरंतरता की कमी के चलते यह परीक्षा देना कठिन है। उन्होंने सरकार से अध्यादेश लाकर राहत देने की मांग की है। इस आंदोलन में शिवराज सिंह ठाकुर, मदन राठौर, रामदेव कौशिक, जयलाल पोयाम, उपेन्द्र कोमा, चन्द्रभान बघेल सहित कई शिक्षक नेतृत्व कर रहे हैं।


