अंतरराष्ट्रीय
अमेरिकी सीनेट में सरकार को फंड उपलब्ध कराने के लिए डेमोक्रेट्स का प्रस्ताव खारिज हो गया. मतदान में यह बिल 47 बनाम 53 से पास नहीं हो पाया.
यह प्रस्ताव सरकार को शटडाउन से बचाने की कोशिश थी, लेकिन 100 सदस्यीय सदन में इसे आवश्यक 60 मतों का समर्थन नहीं मिल सका. इसके बाद रिपब्लिकन का फंडिंग बिल भी 55-45 से खारिज हो गया.
इसके बाद व्हाइट हाउस की वेबसाइट पर शटडाउन का काउंटडाउन क्लॉक लगाया गया. पेज पर इसे “डेमोक्रेट शटडाउन” बताते हुए लिखा गया कि “लोग डेमोक्रेट्स से सहमत नहीं हैं.”
क्या है शटडाउन?
अमेरिकी सरकार को चलाने के लिए हर साल बजट पास करना ज़रूरी होता है. अगर सीनेट और हाउस किसी वजह से सहमत नहीं होते और फंडिंग बिल पास नहीं होता, तो सरकारी एजेंसियों को वेतन नहीं मिल पाता.
नतीजतन, "नॉन-एसेंशियल" (ग़ैर-जरूरी) सेवाएं और दफ़्तर बंद हो जाते हैं. इसे ही शटडाउन कहा जाता है.
व्हाइट हाउस ने क्या कहा
व्हाइट हाउस के प्रबंधन एवं बजट कार्यालय ने भी ज्ञापन जारी कर पुष्टि की है कि सरकार मंगलवार मध्यरात्रि से बंद हो जाएगी. इस ज्ञापन पर निदेशक रसेल वॉट के हस्ताक्षर हैं.
इस बीच डेमोक्रेट्स और रिपब्लिकन एक-दूसरे पर शटडाउन की जिम्मेदारी डाल रहे हैं. रिपब्लिकन के पास कांग्रेस का नियंत्रण है, लेकिन सीनेट में खर्च से जुड़े किसी भी बिल को पास करने के लिए 60 वोटों की ज़रूरत होती है, जो उनके पास नहीं हैं.
शटडाउन का असर व्यापक होगा. नेशनल पार्क बंद हो गए हैं और लेबर डिपार्टमेंट के तहत काम करने वाला ब्यूरो ऑफ लेबर स्टैटिस्टिक्स भी बंद रहेगा.
इसका मतलब है कि शुक्रवार को आने वाली मासिक जॉब रिपोर्ट जारी नहीं होगी। हाल के महीनों में भर्तियों में गिरावट के कारण इस रिपोर्ट का बेसब्री से इंतज़ार था.
विशेषज्ञों का कहना है कि रिपोर्ट न आने से अमेरिकी अर्थव्यवस्था की तस्वीर और धुंधली हो जाएगी और पहले से मौजूद अनिश्चितता और बढ़ जाएगी.
हज़ारों फ़ेडरल कर्मचारी प्रभावित होंगे और कई एजेंसियों का कामकाज ठप हो जाएगा, हालांकि सेना, एयर ट्रैफ़िक कंट्रोल और सोशल सिक्योरिटी जैसी आवश्यक सेवाएं जारी रहेंगी. (bbc.com/hindi)


