दन्तेवाड़ा
दंतेवाड़ा, 21 फरवरी। मां दंतेश्वरी मंदिर में ऐतिहासिक फागुन मंड़ई का भव्य आयोजन रविवार से शुरू होगा। इस दौरान 5 मार्च तक श्रद्धा, आस्था और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया जाएगा। कलेक्टर देवेश ध्रुव और मंदिर समिति के सदस्यों द्वारा फागुन मंडई कार्यक्रम शनिवार को जारी किया गया।
मंदिर परिसर एवं नगर में 12 दिनों तक चलने वाले इस धार्मिक उत्सव में प्रतिदिन अलग-अलग पालकी कार्यक्रम एवं पारंपरिक अनुष्ठान संपन्न होंगे।
कार्यक्रम की शुरुआत, रविवार से (पंचमी) को प्रथम पालकी के साथ होगी। इस दिन प्रात: 11 बजे कलश स्थापना एवं ताड़पलंगा धोनी तथा रात्रि 8 बजे से धार्मिक आयोजन होंगे। 23 फरवरी, सोमवार (षष्टमी) को द्वितीय पालकी के अंतर्गत रात्रि 9 बजे से खोरखुंदनी कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। 24 फरवरी, मंगलवार (सप्तमी/अष्टमी) को तृतीय पालकी में रात्रि 10 बजे से नाच मांडनी का आयोजन होगा। 25 फरवरी, बुधवार (नवमी) को चतुर्थ पालकी के तहत रात्रि 1 बजे से लम्हामार कार्यक्रम संपन्न होगा। 26 फरवरी, गुरुवार (दशमी) को पंचम पालकी में रात्रि 2 बजे से कोडरीमार आयोजित किया जाएगा।27 फरवरी, शुक्रवार (एकादशी) को षष्टम पालकी में रात्रि 3 बजे से चितलमार कार्यक्रम होगा।
28 फरवरी, शनिवार (द्वादशी) को सप्तम पालकी के अंतर्गत रात्रि 4 बजे से गंवरमार कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। 1 मार्च, रविवार (त्रयोदशी) को अष्टम पालकी में रात्रि 10 बजे से आंवरामार एवं गारी कार्यक्रम होंगे। 2 मार्च, सोमवार (चतुर्दशी) को नवम् पालकी के साथ रात्रि 10 बजे से होलिका दहन किया जाएगा।
3 मार्च, मंगलवार (पूर्णिमा) को प्रात: 10 बजे से रंग-भंग एवं पादूका पूजन का आयोजन होगा। 4 मार्च, बुधवार (प्रतिपदा) को दोपहर 2 बजे से मेला मड़ई प्रारंभ होगा।समापन 5 मार्च, गुरुवार (द्वितीया) को प्रात: 10 बजे से आमंत्रित देवी-देवताओं की विदाई के साथ किया जाएगा।
इस फागुन मड़ई के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं ग्रामीण अंचलों से आए देवी-देवताओं की उपस्थिति से दंतेवाड़ा नगर भक्तिमय वातावरण में सराबोर रहेगा।


