दन्तेवाड़ा
दंतेवाड़ा, 30 दिसंबर। जिला प्रशासन द्वारा समय सीमा बैठक संयुक्त जिला कार्यालय में मंगलवार को आयोजित की गई। इस दौरान कलेक्टर देवेश ध्रुव द्वारा विभागों द्वारा संचालित शासन की योजनाओं, कार्यक्रमों एवं न्यायालयीन प्रकरणों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने न्यायालय द्वारा प्रदत्त निर्देशों की गंभीरता से समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर अनिवार्य पालन सुनिश्चित करने निर्देश दिए। न्यायालयीन मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं हो। कलेक्टर ने आधार पंजीयन के शत-प्रतिशत सेचुरेशन को सर्वोच्च प्राथमिकता बताया।
महिला एवं बाल विकास तथा स्कूल शिक्षा विभाग को मैदानी अमले से योग्य कर्मचारियों को चिन्हित कर तकनीकी प्रशिक्षण उपलब्ध कराने, इंडिया पोस्ट के सहयोग से स्कूली बच्चों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों में पंजीकृत बच्चों का आधार पंजीकरण सुनिश्चित करने, सर्वे डाटा, पोषण ट्रैकर एवं यू-डाइस डाटा के आधार पर छूटे हुए नागरिकों एवं बच्चों को लक्षित कर विशेष शिविर आयोजित करने तथा शिविर से पूर्व जन्म प्रमाण पत्र जारी करने के संबंध में आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिये।
समर्पित नक्सलियों का
बेहतर पुनर्वास
नक्सल पीडि़त एवं आत्मसमर्पित नक्सली परिवारों को शासन की सभी योजनाओं का प्राथमिकता से लाभ दिलाने, नियद नेल्लानार ग्राम योजना के अंतर्गत सभी स्कूलों को मॉडल स्कूल एवं आंगनबाड़ी केंद्रों को सक्षम आंगनबाड़ी के रूप में विकसित करने तथा प्रत्येक पंचायत में सोमवार को ग्रामीण सचिवालय के माध्यम से पंचायत सचिव एवं पटवारी द्वारा हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने पर जोर दिया। राजस्व, महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, शिक्षा, जनपद पंचायत एवं आदिवासी विकास विभाग को प्रतिदिन की उपस्थिति की साप्ताहिक रिपोर्ट प्रस्तुत करने, मैदानी निरीक्षण कर कार्य प्रगति रिपोर्ट उपलब्ध कराने, शिक्षा विभाग से अपार आईडी के अंतर्गत विद्यार्थियों के बायोमेट्रिक अपडेट की प्रगति की जानकारी ली गई। विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए सभी छात्रों को काउंसलिंग एवं मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं से जोडऩे हेतु चिकित्सा विभाग से समन्वय के निर्देश दिए गए।
बैठक में जनगणना - 2027 की तैयारियों के तहत डिजिटल प्रशिक्षण,जर्जर संस्थानों की पहचान एवं आवश्यक प्रारंभिक कार्यवाही, नगरीय निकायों में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी), स्वच्छ सर्वेक्षण एवं नगरीय विकास कार्यों की प्रगति तेज करने, शिक्षा विभाग में पीएमश्री स्कूल, स्कूल जतन योजना, न्योता भोज, छात्रवृत्ति वितरण, विद्यालय नवीनीकरण, आय-जाति-निवास प्रमाण पत्र, अपार आईडी एवं आधार कार्ड से संबंधित कार्यों की नियमित समीक्षा, आदिवासी विकास विभाग द्वारा छात्रावास व्यवस्थाओं एवं एफआरए पट्टा वितरण में तेजी तथा महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों में रिक्त पदों की भर्ती प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने के संबंध में आवश्यक कार्यवाही करने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही श्रम, समाज कल्याण, पीएचई, रोजगार एवं लाइवलीहुड को स्वरोजगार, कौशल विकास, महिला स्व-सहायता समूहों के सशक्तिकरण, आजीविका संवर्धन गतिविधियों तथा स्थानीय संसाधनों पर आधारित रोजगार के अवसरों के विस्तार हेतु समन्वित कार्ययोजना तैयार कर प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ जयंत नाहटा प्रमुख रूप से मौजूद थे।


